‘दिल्ली पुलिस ने हमें देशद्रोही कहा…’, जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने वाले छात्रों से मिले राहुल गांधी
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने रविवार को उन प्रदर्शनकारियों के साहस और मज़बूती की तारीफ की. उन्होंने कहा कि युवाओं की आवाज़ को दबाया नहीं जा सकता
Written By: Varsha Sikri|Updated: Aug 16, 2026 20:48
Edited By : Varsha Sikri|Updated: Aug 16, 2026 20:48
Share :
Credit: Social Media
---विज्ञापन---
20 जुलाई को दिल्ली के जंतर-मंतर पर जो हुआ, उसे पूरी दुनिया ने देखा. कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने रविवार को उन प्रदर्शनकारियों के साहस और मज़बूती की तारीफ की. उन्होंने कहा कि युवाओं की आवाज़ को दबाया नहीं जा सकता. कांग्रेस सांसद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर वीडियो शेयर किया, जिसमें वो उन छात्रों से मुलाकात करते हुए नज़र आए, जिनपर दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर पर लाठीचार्ज किया था.
भारत के युवाओं ने मोदी जी के हिंसक शासन के सामने जिस साहस और मजबूती से खड़े होकर जवाबदेही की मांग की, वह काबिल-ए-तारीफ है।
उन्होंने शांति, मोहब्बत और हंसी-मज़ाक के साथ अपनी आवाज़ बुलंद की।
मुझे हर एक युवा पर गर्व है – खासकर उन लड़कियों पर, जिन्हें BJP के गुंडों की बदसलूकी,… pic.twitter.com/JOVCj4WCkd
राहुल गांधी ने लिखा- ”भारत के युवाओं ने जिस हिम्मत और मज़बूती के साथ PM मोदी की हिंसक सरकार के खिलाफ आवाज़ उठाई और जवाबदेही की मांग की, वो तारीफ के काबिल है. उन्होंने शांति, प्यार और मज़ाक-मज़ाक में अपनी बात रखी.” उन्होंने आगे कहा- ”मुझे हर युवा पर गर्व है, खासकर उन लड़कियों पर जिन्होंने BJP के गुंडों की बदतमीजी, गाली-गलौज और हिंसा का सामना किया, जिन्हें प्रधानमंत्री से माफी मांगने के लिए भी मजबूर किया गया. लेकिन अब उनकी आवाज़ को दबाया नहीं जा सकता.”
छात्रों ने क्या कहा?
सोशल मीडिया पर शेयर की गई वीडियो में राहुल गांधी करीब 6 छात्रों से पुलिस की कार्रवाई के बारे में बात करते हुए नज़र आए. एक छात्र ने उनसे कहा, ”पुलिस वाले बार-बार कह रहे थे कि तुम सब देशद्रोही हो.” छात्र ने आगे कहा, ”पुलिस वाले मेरे घुटने पर मारते रहे, उन्होंने कम से कम सात बार मारा.” मैंने उनसे कहा कि वो मेरी पीठ पर मारें, लेकिन उन्होंने मेरी बात नहीं सुनी.” एक और छात्रा ने बताया कि हंगामे के दौरान उस पर एक छर्रा चलाया गया, जिससे उसका कान जख्मी हो गया. उसने कहा, ”मेरे कान का निचला हिस्सा कटकर लटक गया था. बहुत ज़्यादा खून बह रहा था. मेरी दो घंटे तक सर्जरी चली, लेकिन सिर्फ 15 मिनट बाद ही मुझे छुट्टी दे दी गई. मुझे आराम की ज़रूरत थी, लेकिन उन्होंने मुझे जाने के लिए कह दिया.”