दुनिया का इकलौता देश जिसकी नहीं है कोई करेंसी, फिर भी है यूरोप की सबसे अमीर कंट्री
दुनियाभर में कुल 195 देश हैं. इसे 193 संयुक्त राष्ट्र के सदस्य देश जबकि 2 देश गैर सदस्य पर्यवेक्षक देश हैं. यह सभी देश 6 महाद्वीपों में फैले हुए हैं और हर एक देश की अपनी करेंसी या मुद्रा है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि दुनिया का इकलौता वो कौन सा देश है जिसकी अपनी खुद की कोई करेंसी या मुद्र नहीं है, लेकिन फिर भी वो देश यूरोप के सबसे अमीर देशों में से एक है. जीके में माहिर लोग भी इस देश का नाम नहीं जानते हैं और अगर आप भी नहीं जानते हैं तो आज हम आपको बताएंगे.

कौन सा वो देश जिसकी नहीं है खुद की करेंसी?
2 / 6हर देश की अपनी एक करेंसी होती है, जो उनकी संप्रभुता, आर्थिक स्थिरता और नियंत्रण को दर्शाती है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि दुनिया का वो देश जिसकी अपनी कोई करेंसी नहीं है. आपको बता दें कि हम लिकटेंस्टीन के बारे में बात कर रहे हैं. जी हां, यूरोप एक बहुत छोटा लेकिन बेहद समृद्ध और सुंदर देश है लिकटेंस्टीन. यह देश स्विट्जरलैंड और ऑस्ट्रिया के बीच में स्थित है. आकार में बहुत छोटा होने के बावजूद इस देश को दुनिया के सबसे विकसित और खुशहाल देशों में गिना जाता है.
इस देश नहीं है अपनी कोई करेंसी
3 / 6इस देश के पास अपनी कोई करेंसी नहीं है. यहां स्विट्जरलैंड की मुद्रा 'स्विस फ्रैंक' का इस्तेमाल किया जाता है. कहा जाता है कि यहां की करेंसी न होने के बाद भी इस देश की अर्थव्यवस्था इतनी स्थिर है कि इसे यूरोप के सबसे अमीर देशों में गिना जाता है.
कितना है लिकटेंस्टीन का क्षेत्रफल?
4 / 6इसका कुल क्षेत्रफल लगभग 160 वर्ग किलोमीटर है. इसलिए यह यूरोप के सबसे छोटे देशों में शामिल है. इसकी राजधानी वाजूद है, जबकि सबसे बड़ा शहर इसकी शान कहा जाता है.
यहां रहते हैं बहुत कम लोग
5 / 6लिकटेंस्टीन की आबादी भी बहुत कम है. यहां लगभग 40 हजार के आस-पास लोग ही रहते हैं. इस देश की आधिकारिक भाषा जर्मन है. यहां के लोग काफी ज्यादा पढ़े लिखे, अनुशासित और आधुनिक सोच वाले माने जाते हैं.
कैसी है यहां की अर्थव्यवस्था
6 / 6यहां की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से वित्तीय सेवाओं, बैंकिंग, उद्योग, मशीन निर्माण, दवा निर्माण और पर्यटन पर आधारित है. इसके अलावा यहां पर कई छोटी और बड़ी कंपनियां भी हैं.



















