चेस चैंपियन की स्कोरशीट से कांगड़ा की चाय तक, उज्बेकिस्तान और किर्गिस्तान के नेताओं को PM मोदी ने दिए ये खास तोहफे
राष्ट्रपति सदिर जापारोव को लद्दाखी 'त्सुग-दुल' कंबल और बिबेक देबरॉय द्वारा अंग्रेजी में अनूदित 10 खंडों वाली महाभारत भेंट की गई. लद्दाखी कंबल स्थानीय ऊन से तैयार किया जाता है और इसमें रंगीन ज्यामितीय और फूलों वाली आकृतियां होती हैं.
Written By: Akarsh Shukla|Updated: Sep 1, 2026 23:18
Edited By : Akarsh Shukla|Updated: Sep 1, 2026 23:18
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चौथी बार उज्बेकिस्तान के दौरे पर गए भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विदेशी नेताओं को कई उपहार दिए, जिसमें भारत की झलक दिखाई दी. हाल ही में पीएमओ की तरफ से उन उपहारों की तस्वीर साझा की गई, जिन्हें पीएम मोदी द्वारा उज्बेकिस्तान और किर्गिस्तान के राष्ट्र प्रमुखों को दिया गया. इन उपहारों में आगरा की संगमरमर की नक्काशी, बनारसी रेशम, कांगड़ा की चाय, चंदन की वीणा, डोकरा कला और लद्दाखी कंबल के साथ साहित्य और खेल से जुड़ी खास चीजें शामिल हैं.
उज्बेकिस्तान के प्रधानमंत्री को क्या मिला?
उज्बेकिस्तान के प्रधानमंत्री अब्दुल्ला अरिपोव को आगरा की पारंपरिक संगमरमर इनले कला से तैयार सजावटी प्लेट दी गई. सफेद संगमरमर पर नीले, हरे और लाल रंग के पत्थरों से फूल-पत्तियों की बारीक नक्काशी की गई है. यह कला पीढ़ियों से चली आ रही भारतीय कारीगरी को दर्शाती है. फूलों की आकृतियां सुंदरता, नई शुरुआत और प्रकृति के साथ सामंजस्य का प्रतीक मानी जाती हैं.
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Gift given by PM to Prime Minister of Uzbekistan Abdulla Aripov | Marble Inlay Decorative Plate: The Marble Inlay Plate showcases India’s traditional stone-inlay craftsmanship, featuring intricate floral and foliate motifs in blue, green and red set into polished white marble.… pic.twitter.com/o6NDmwsny7
उज्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शावकत मिर्जियोयेव की पत्नी जिरोअत मिर्जियोयेवा को संगमरमर की इनले वाली एक खास संदूकची और बनारसी सिल्क स्टोल भेंट किया गया. इसमें आगरा की मार्बल इनले कला और वाराणसी की प्रसिद्ध रेशम बुनाई को एक साथ जोड़ा गया है. वहीं, राष्ट्रपति की बेटी को बारीक नक्काशी वाली फाइन सिल्वर ब्रोच दी गई, जिसमें फूलों के गुलदस्ते और हरे कैबोशॉन के साथ चमकदार पत्थरों का इस्तेमाल किया गया है.
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Gift given by PM to Daughter of President of Uzbekistan | Fine Silver Brooch: The Fine Silver Brooch showcases the precision and artistry of Indian jewellery craftsmanship, featuring a floral bouquet in an ornamental basket with intricate openwork, latticework and finely detailed… pic.twitter.com/m0y50W7orB
राष्ट्रपति मिर्जियोयेव को दिए गए उपहारों में 2025 FIDE वर्ल्ड कप फाइनल में उज्बेकिस्तान के ग्रैंडमास्टर जावोखिर सिंदारोव की मूल हस्तलिखित स्कोरशीट भी शामिल रही. गोवा में खेले गए फाइनल में सिंदारोव ने चीन के वेई यी को हराकर खिताब जीता था. यह स्कोरशीट उस ऐतिहासिक मुकाबले में चली चालों की यादगार है और इसे लेदरेट कवर में सुरक्षित किया गया है. इसके अलावा राष्ट्रपति को हिमाचल प्रदेश की कांगड़ा घाटी की दो प्रीमियम चाय कांगड़ा फर्स्ट फ्लश ब्लैक टी और कांगड़ा ग्रीन टी लकड़ी के नक्काशीदार बॉक्स में दी गईं. कांगड़ा चाय अपने हल्के स्वाद, फूलों जैसी खुशबू और विशिष्ट सुगंध के लिए जानी जाती है.
Gift given by PM to Spouse of President of Uzbekistan Ziroat Mirziyoyeva | Marble Inlay Casket with Banarasi Silk Stole: The Marble Inlay Casket with Banarasi Silk Stole brings together two distinguished Indian craft traditions—Agra’s fine marble inlay and Varanasi’s renowned… pic.twitter.com/xJi3S7k4uB
इसके अलावा पीएम मोदी ने राष्ट्रपति मिर्जियोयेव को चंदन से बनी शत तंत्री वीणा भी भेंट की। इसे संतूर के नाम से जाना जाता है और इसका संबंध जम्मू-कश्मीर की संगीत परंपरा से है. इसका आकार उज्बेकिस्तान के पारंपरिक वाद्य ‘चांग’ से मिलता-जुलता है, जो दोनों देशों की संगीत परंपराओं के बीच सांस्कृतिक समानता को दर्शाता है.
Gift given by PM Modi to President of Uzbekistan Shavkat Mirziyoyev | Original Handwritten Scoresheet of Mr. Javokhir Sindarov: The original handwritten scoresheet of Grandmaster Javokhir Sindarov from the 2025 FIDE World Cup final in Goa is a unique memento of his historic… pic.twitter.com/E1IKaqRUsp
किर्गिस्तान के नेताओं को भी भारतीय विरासत के तोहफे
किर्गिस्तान के प्रधानमंत्री अदिलबेक कासिमालियेव को डोकरा कला से बनी पारंपरिक संगीतकारों की जोड़ी भेंट की गई. यह कला प्राचीन ‘लॉस्ट-वैक्स कास्टिंग’ तकनीक से तैयार की जाती है. वहीं, राष्ट्रपति सदिर जापारोव को लद्दाखी ‘त्सुग-दुल’ कंबल और बिबेक देबरॉय द्वारा अंग्रेजी में अनूदित 10 खंडों वाली महाभारत भेंट की गई. लद्दाखी कंबल स्थानीय ऊन से तैयार किया जाता है और इसमें रंगीन ज्यामितीय और फूलों वाली आकृतियां होती हैं. महाभारत भारतीय साहित्य और दर्शन की महत्वपूर्ण विरासत है.