राजस्थान के नागौर जिले के रेन कस्बे में स्वतंत्रता दिवस की तिरंगा रैली अभ्यास के वक्त भड़के दो बेकाबू सांडों ने स्कूली विद्यार्थियों को अपनी चपेट में लिया है। जिसके चलते कुल 15 बच्चों के घायल होने की सूचना मिली है। इस घटना के बाद मौके पर मौजूद पुलिस और ग्रामीणों ने घायलों को प्राइमरी हेल्थ सेंटर पहुंचाया। जहां 4 गंभीर घायलों को मेड़ता डिस्टिक सब डिस्टिक हॉस्पिटल पहुंचाया गया। इस घटना की जानकारी मिलने पर मेड़ता उपखंड अधिकारी पूनम चोयल मेड़ता पहुंची और घायलों के बारे में जानकारी ली।
कब हुई ये घटना ?
क्लास 6 से 12वीं के बच्चे तिरंगा लेकर जा रहे थे, तभी उनकी तरफ 2 बेकाबू सांड भागकर आ गए। बेकाबू सांडों दौड़ते हुए रैली में शामिल बच्चों को अपनी चपेट में ले लिया। इस बीच बच्चे घबरा कर एक तरफ हो गए। इस बीच अफरा-तफरी में एक दूसरे के ऊपर गिर गए। इस घटना में कई बच्चे घायल भी हो गए। कुछ की ज्यादा गंभीर हालत हो गई। फिलहाल, सभी घायलों को इलाज के लिए तुरंत अस्पताल भेजा गया।
कई बच्चों के हाथ-पैर में फ्रैक्चर
इस हादसे में कई छात्रों के हाथ- पैर में फ्रैक्चर तक हो गया। कुछ बच्चों को हल्की चोटें आई है। ऐसे में कई लोगों का कहना है कि ऐसे किसी भी पशु को आवारा छोडना खतरे से खाली नहीं होता है। किसी भी समय कोई भी घटना हो सकती है। इस घटना से प्रशासन पर सवाल उठते हैं कि बच्चों की सेफ्टी कैसे रखें। अगर ऐसे ही कोई पशु कहीं भी घूमकर किसी को भी नुकसान पहुंचा सकता है। स्कूल के साथ-साथ प्रशासन को रैली या कोई कार्यक्रम करवाते समय हर बात का ध्यान रखना चाहिए।