कभी सोचा है! जब LPG में नहीं होती कोई गंध तो गैस लीक होने पर आती है किसकी दुर्गंध?
मध्य पूर्व में बढ़ते हुए तनाव के बीच एलपीजी सप्लाई को लेकर चिंताओं ने पूरे भारत में हलचल पैदा कर दी है. हालांकि इस संकट के बीच सरकार ने साफ किया है कि गैस, पेट्रोल या फिर डीजल की कोई भी कमी नहीं है लेकिन इसके बावजूद भी लोगों ने घर पर गैस सुरक्षा को लेकर ध्यान देना शुरू कर दिया है. आप जानते होंगे कि एलपीजी में कोई गंध नहीं होती है लेकिन इसके बाद भी जब भी कोई सिलेंडर लीक होता है तो उसमें एक अजीब सी गंध आती है, तो कभी आपने सोचा है कि जब एलपीजी की खुद की कोई गंध ही नहीं होती है तो फिर उसमें अजीब सी वो गंध क्यों आती है?

लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस में क्या होता है?
2 / 7आपको बता दें कि लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस प्रोपेन और ब्यूटेन का एक मिश्रण होती है. इसकी अपनी कोई प्राकृतिक गंध नहीं होती है. इसका मतलब है कि अपने शुद्ध रूप में गैस लीक होने पर लोगों को गैस लीक होने का बिल्कुल भी पता नहीं चलेगा.
गैस लीक होने पर क्यों आती है दुर्गंध?
3 / 7वहीं, जब गैस लीक होती है तो आपको जो दुर्गंध आती है वह एथिल मरकैप्टन नाम के रसायन की वजह से होती है. इस पदार्थ को जान बूझकर एलपीजी में मिलाया जाता है ताकि गैस लीक होने पर इसका तुरंत पता चल सके.
एथिल मरकैप्टन क्या होती है?
4 / 7एथिल मरकैप्टन का मिश्रण एक शुरुआती चेतावनी प्रणाली के रूप में काम करता है. वहीं, अब क्योंकि एलपीजी की अपनी कोई गंध नहीं होती है तो इस कारण यह रसायन इस बात को पक्का करता है कि जब भी गैस लीक हो तो लोगों को इसका पता आसानी से चल सके.
एथिल मरकैप्टन की गंध होती है बेहद तेज
5 / 7आपको बता दें कि एथिल मरकैप्टन की गंध काफी तेज और तीखी होती है. यह अजीब गंध कोई संयोग नहीं है. इसे जानबूझ कर इस तरह से बनाया गया है ताकि लोगों का इसपर तुरंत ध्यान जाए.
इस रसायन में होता है सल्फर
6 / 7इस रसायन में सल्फर होता है. यह इसकी तेज गंध के लिए जिम्मेदार होता है. सल्फर यौगिक अपनी तीखी और अजीब तरह की गंध के लिए जाना जाता है.
आसानी से गैस लीक का चल जाता है पता
7 / 7इस रसायन की सबसे महत्वपूर्ण विशेषताओं में से एक है इसका आसानी से पता चल जाना. इंसानी नाक इस महक के प्रति संवेदनशील होती है. यानी कि हवा में इसकी काफी कम मात्रा होने के बावजूद भी इसका आसानी से पता लगाया जा सकता है.



















