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गणपति बप्पा की सजावट में इस बार ट्राई करें गांव वाला देसी लुक, मिट्टी के दीये और फूलों से ऐसे सजाएं दरबार

Ganesh Chaturthi Decoration Ideas: इस गणेश चतुर्थी बप्पा के दरबार को अगर कुछ अलग और सादगी भरे अंदाज में सजाना चाहते हैं, तो इस बार गांव की पारंपरिक सजावट से इंस्पिरेशन ले सकते हैं.

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Ganesh Chaturthi 2026: गणेश चतुर्थी पर लोग गणेश जी की स्थापना के लिए विशेष रूप से बैकड्रॉप लगाकर उसे सजाते हैं. बैकड्रॉप को सजाने के लिए लोग ज्यादातर चमकदार लाइट्स और बहुत सारी आर्टिफिशियल चीजों का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन अगर आप बप्पा का दरबार सादगी से भरा हुआ और थोड़े देसी लुक में सजाना चाहते हैं तो गांव की पारंपरिक सजावट से इसकी इंस्पिरेशन ली जा सकती है. इस थीम की खासियत यह है कि बस कुछ चीजों का इस्तेमाल करके ही अलग लुक बनाया जा सकता है. आइए जानते हैं कि कैसे आप घर पर ही देसी लुक में गणेश चतुर्थी की सजावट (Ganesh Chaturthi Decoration) कर सकते हैं.

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सबसे पहले चुनें देसी थीम का बेस रंग

देसी थीम बनाने के लिए सबसे जरूरी है एक बेस कलर चुनना. इसके लिए आप बैकग्राउंड के लिए चमकीले रंगों से पीछे हटकर इनकी जगह मिट्टी जैसे भूरा, ऑफ-व्हाइट, हल्का पीला, नारंगी या हरा रंग चुन सकते हैं. बैकग्राउंड को बनाने के लिए आप अपने घर में पहले से ही पड़ी साड़ी, चादर या दुपट्टे का इस्तेमाल करके बैकड्रॉप की तरह इस्तेमाल कर सकते हैं. एक साथ बहुत सारे रंग इस्तेमाल करने की जगह बस 2 से 3 रंगों का ही यूज करें.

मिट्टी के दीयों से बनाएं गांव के आंगन जैसा एहसास

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दीयों का इस्तेमाल सिर्फ आरती तक ही सीमित न रखें बल्कि उन्हें मूर्ति के दोनों तरफ, नीचे और बैकड्रॉप के आसपास लगाकर सजा दीजिए. बाजार में काफी अलग-अलग तरह के मिट्टी के दीये आते हैं, आप भी चाहें तो अलग आकार के दीयों का इस्तेमाल करके सजावट को और बेहतर बना सकते हैं.

फूलों से बनाएं देसी फ्रेम

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गेंदे के फूल और पत्तियों को सिर्फ माला बनाने के लिए ही यूज न करें बल्कि उन्हें बैकड्रॉप के किनारों पर एक आर्च के आकार में या फ्रेम के आकार में लगाइए. आप चाहें तो फूलों की पंखुड़ियों का इस्तेमाल करके चौकी का बॉर्डर बना सकते हैं.

पुराने कपड़े से बनाएं देसी बैकड्रॉप

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अगर आप चाहें तो पुराने कपड़े का इस्तेमाल करके भी आप बैकड्रॉप बना सकते हैं. इसके लिए आप पुरानी सूती साड़ी, दुपट्टे या किसी भी कपड़े को पर्दे की तरह बैकड्रॉप पर लगा सकते हैं. अगर कपड़े में हल्का प्रिंट हो या फिर बॉर्डर हो तो ये और भी अच्छा लुक देगा.

बप्पा के आसपास रखें ये छोटे देसी एलिमेंट

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सजावट को और भी देसी टच देने के लिए आप बप्पा के आसपास छोटे घड़े, कुल्हड़, टोकरी, लकड़ी की छोटी चौकी या बांस की टोकरियां भी रख सकते हैं. ध्यान रहे कि आप सारी चीजों को एकसाथ न रख दें, इससे बहुत फैला हुआ लुक आ सकता है. इसकी बजाय आप 2 से 3 चीजों का इस्तेमाल कर सकते हैं.

लाइटिंग में रखें गांव वाली सादगी

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सजावट की लाइटिंग में भी गांव वाला एक सादगी भरा टच रखने की कोशिश करिए. आप इसके लिए तेज सफेद लाइट की जगह हल्की, वार्म रोशनी वाली लाइटिंग से सजावट में चार चांद लगा सकते हैं. लुक को और अच्छा लुक देने के लिए आप पूरी जगह को रोशन करने के बजाय मूर्ति, बैकड्रॉप और दीयों के आसपास सॉफ्ट लाइटिंग रख सकते हैं. बहुत ज्यादा चमकीली एलईडी या रंग बदलने वाली लाइट से बचने की कोशिश करें.

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First published on: Sep 10, 2026 06:27 PM

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About the Author

Seema Thakur

सीमा ठाकुर पत्रकारिता से पिछले 7 सालों से जुड़ी हैं. न्यूज24 में सीमा बतौर चीफ सब एडिटर काम कर रही हैं. सीमा हेल्थ और लाइफस्टाइल बीट पर लिखती हैं और कॉन्टेन्ट क्रिएशन के साथ ही टीम लीड की भूमिका भी निभा रही हैं. न्यूज24 में सीमा ने अपनी बीट से हटकर इलेक्शंस की स्टोरीज पर भी काम किया है. हेल्थ और लाफस्टाइल से जुड़ी स्टडीज, लेटेस्ट न्यूज और एक्सपर्ट्स/डॉक्टर्स से बातचीत पर आधारित लेख लिखने में सीमा की मजबूत पकड़ है. सीमा को अपनी परफॉर्मेंस और सबसे ज्यादा नंबर जनरेटिंग स्टोरी के लिए वेल डन कार्ड्स मिल चुके हैं. अनुभव सीमा ने पत्रकारिता की शुरुआत दिल्ली प्रेस ग्रुप से की थी जहां वे सरिता, मुक्ता और गृहशोभा मैग्जीन में वुमेन ओरिएंटेड, सोशल, लाइफस्टाइल, हेल्थ और बॉलीवुड के अलावा पॉलिटकल आर्टिकल्स लिखती थीं. सीमा को प्रूफरीडिंग और एडिटिंग का भी खासा अनुभव है. प्रिंट में काम करने के दौरान सीमा की हिंदी भाषा में अच्छी पकड़ है. अपनी फिक्शन स्टोरी के लिए सीमा को 2 बार बेस्ट स्टोरी इन फिक्शन का अवॉर्ड मिला है. दिल्ली प्रेस के बाद सीमा डायमंड पब्लिशिंग हाउस से जुड़ी थीं जहां उन्होंने मैग्जीन और वेबसाइट दोनों के लिए काम किया. डायमंड पब्लिशिंग हाउस के बाद सीमा ने NDTV के साथ डिजिटल मीडिया में अपना करियर शुरू किया. NDTV में सीमा ने राइटर के साथ ही वीडियो प्रोड्यूसर, एंकर और पॉडकास्टर के तौर पर भी काम किया. लाइफस्टाइल वीडियोज और बॉलीवुड गोल्ड सीरीज को प्रोड्यूस और एंकर करने के साथ ही वे बॉलीवुड पॉडकास्ट किया करती थीं. वीडियो प्रोडक्शन में सीमा का इंटरेस्ट और पकड़ यहीं से आई है. इसी चलते सीमा को NDTV से रिवॉर्ड एंड रेकेग्निशन (एम्पलॉई ऑफ द मंथ) मिला है. शिक्षा सीमा ने दिल्ली विश्वविद्यालय के दीन दयाल उपाध्याय कॉलेज से बी.ए किया है. इसके बाद जामिया मिलिया इस्लामिया से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. अपने कॉलेज के दिनों में सीमा कई सोसाइटीज से जुड़ी रही हैं और लिटररी सोसाइटी में प्रेसिडेंट की भूमिका निभा चुकी हैं. जामिया की पीजी डिप्लोमा इन जर्नलिज्म डिपार्टमेंट की मैग्जीन में सीमा स्टूडेंट एडिटर और अपने बैच की कॉन्टेंट हेड रह चुकी हैं. सीमा वर्क और पर्सनल लाइफ बैलेंस पर विश्वास करती हैं. जब वे काम नहीं कर रही होती हैं तो किताबें पढ़ना पसंद करती हैं या गाने सुन रही होती हैं. अपने बुकशेल्फ को फ्लॉन्ट करना और अपनी प्लेलिस्ट के लिए तारीफ सुनना सीमा को अच्छा लगता है. सीमा ट्रेवलिंग, फैमिली मूवी टाइम, अच्छी किताबें पढ़ना, कथक करना (जोकि वे सीख रही हैं) और अपने दोस्तों से घंटों लंबी बातें करना टॉप टियर एक्सपीरियंस मानती हैं. अनुभव - 7 साल शिक्षा - जामिया मिलिया इस्लामिया से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा पिछला अनुभव - NDTV, दिल्ली प्रेस, डायमंड पब्लिशिंग हाउस

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