UTI Sympyoms In Men: देश में गर्मी का प्रकोप बना हुआ है. इस भीषण गर्मी का असर सिर्फ त्वचा और पाचन तंत्र पर ही नहीं बल्कि किडनी और यूरिनरी सिस्टम पर भी पड़ता है. डॉक्टरों का कहना है कि गर्मियों के दौरान पुरुषों में यूरिन इंफेक्शन यानी यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन UTI) के मामलों में बढ़ोतरी देखी जाती है जिसका सबसे बड़ा कारण डिहाइड्रेशन और खराब हाइड्रेशन की आदतें हैं. आमतौर पर UTI को महिलाओं में अधिक होने वाली समस्या माना जाता है लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार पुरुष भी इससे अछूते नहीं हैं. विशेषकर 40 वर्ष से अधिक आयु के पुरुष, डायबिटीज के मरीज, किडनी स्टोन से पीड़ित लोग और जिनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर है, उनमें इसका खतरा अधिक रहता है. सर्वोदय हॉस्पिटल, फरीदाबाद के वरिष्ठ सलाहकार एवं विभागाध्यक्ष और यूरोलॉजिस्ट डॉ अंकुर भटनागर ने बताया पुरुषओं में यूरिन इंफेक्शन के लक्षण किस तरह पहचाने जा सकते हैं.
यह भी पढ़ें - पुरुषों में किडनी की पथरी होने पर दिखते हैं ये लक्षण, यूरोलॉजिस्ट ने कहा कभी ना करें इग्नोर
क्यों होता है यूरिन इंफेक्शन
यूरोलॉजिस्ट के मुताबिक, गर्मी के मौसम में शरीर से अत्यधिक पसीना निकलता है जिससे पानी की कमी होने लगती है. जब व्यक्ति पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं पीता तो पेशाब की मात्रा कम हो जाती है. इससे मूत्र मार्ग में मौजूद बैक्टीरिया आसानी से बाहर नहीं निकल पाते और संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है. उन्होंने कहा, गर्मियों में डिहाइड्रेशन के कारण यूरिन अधिक गाढ़ा हो जाता है और बैक्टीरिया को पनपने के लिए अनुकूल वातावरण मिल जाता है. जो लोग पूरे दिन बाहर रहते हैं ज्यादा पसीना बहाते हैं या पानी कम पीते हैं उनमें यूरिन इंफेक्शन का जोखिम काफी बढ़ जाता है.
डॉक्टरों के अनुसार, कई पुरुषों में लंबे समय तक पेशाब रोककर रखने की आदत होती है जो संक्रमण का एक बड़ा कारण बन सकती है. इसके अलावा गर्मियों में लगातार पसीना आने, तंग कपड़े पहनने और व्यक्तिगत स्वच्छता में कमी से भी बैक्टीरिया तेजी से बढ़ सकते है.
कुछ स्वास्थ्य स्थितियां भी यूटीआई के खतरे को बढ़ा देती हैं. प्रोस्टेट ग्रंथि का बढ़ना, किडनी स्टोन, मधुमेह और बार-बार होने वाला डिहाइड्रेशन पुरुषों में संक्रमण की आशंका को कई गुना बढ़ा सकता है.
यूरिन इंफेक्शन के क्या लक्षण हैं
पुरुषों में यूरिन इंफेक्शन के लक्षणों में पेशाब करते समय जलन, बार-बार पेशाब आने की इच्छा, पेशाब का कम मात्रा में आना, बदबूदार या धुंधला पेशाब, निचले पेट या कमर में दर्द और कुछ मामलों में बुखार शामिल हो सकते हैं. यदि संक्रमण किडनी तक पहुंच जाए तो स्थिति गंभीर हो सकती है और तत्काल उपचार की आवश्यकता पड़ सकती है.
डॉक्टर ने बताया, "कई पुरुष शुरुआती लक्षणों को सामान्य समस्या समझकर नजरअंदाज कर देते हैं. लेकिन यदि पेशाब में जलन, बार-बार यूरिन आने की समस्या या बुखार हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए. समय पर इलाज न मिलने पर संक्रमण गंभीर रूप ले सकता है. डॉक्टरों का मानना है कि कुछ आसान उपाय अपनाकर यूटीआई के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है. इसके लिए दिनभर में पर्याप्त मात्रा में पानी पीना, अत्यधिक कैफीन और शर्करा युक्त पेय पदार्थों से बचना, लंबे समय तक पेशाब न रोकना और व्यक्तिगत स्वच्छता का ध्यान रखना जरूरी है। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि गर्मियों में एक वयस्क व्यक्ति को अपनी शारीरिक गतिविधि और मौसम के अनुसार पर्याप्त पानी पीना चाहिए. इसके अलावा बाहर से आने के बाद शरीर को ठंडा रखना, साफ और सूती कपड़े पहनना तथा किसी भी प्रकार के यूरिन संबंधी लक्षणों को नजरअंदाज न करना जरूरी है.
यह भी पढ़ें - शरीर की नसों में गंदा कोलेस्ट्रॉल जमने के क्या लक्षण होते हैं? भूलकर भी इग्नोर ना करें ये Bad Cholesterol Symptoms
अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.
UTI Sympyoms In Men: देश में गर्मी का प्रकोप बना हुआ है. इस भीषण गर्मी का असर सिर्फ त्वचा और पाचन तंत्र पर ही नहीं बल्कि किडनी और यूरिनरी सिस्टम पर भी पड़ता है. डॉक्टरों का कहना है कि गर्मियों के दौरान पुरुषों में यूरिन इंफेक्शन यानी यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन UTI) के मामलों में बढ़ोतरी देखी जाती है जिसका सबसे बड़ा कारण डिहाइड्रेशन और खराब हाइड्रेशन की आदतें हैं. आमतौर पर UTI को महिलाओं में अधिक होने वाली समस्या माना जाता है लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार पुरुष भी इससे अछूते नहीं हैं. विशेषकर 40 वर्ष से अधिक आयु के पुरुष, डायबिटीज के मरीज, किडनी स्टोन से पीड़ित लोग और जिनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर है, उनमें इसका खतरा अधिक रहता है. सर्वोदय हॉस्पिटल, फरीदाबाद के वरिष्ठ सलाहकार एवं विभागाध्यक्ष और यूरोलॉजिस्ट डॉ अंकुर भटनागर ने बताया पुरुषओं में यूरिन इंफेक्शन के लक्षण किस तरह पहचाने जा सकते हैं.
यह भी पढ़ें – पुरुषों में किडनी की पथरी होने पर दिखते हैं ये लक्षण, यूरोलॉजिस्ट ने कहा कभी ना करें इग्नोर
क्यों होता है यूरिन इंफेक्शन
यूरोलॉजिस्ट के मुताबिक, गर्मी के मौसम में शरीर से अत्यधिक पसीना निकलता है जिससे पानी की कमी होने लगती है. जब व्यक्ति पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं पीता तो पेशाब की मात्रा कम हो जाती है. इससे मूत्र मार्ग में मौजूद बैक्टीरिया आसानी से बाहर नहीं निकल पाते और संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है. उन्होंने कहा, गर्मियों में डिहाइड्रेशन के कारण यूरिन अधिक गाढ़ा हो जाता है और बैक्टीरिया को पनपने के लिए अनुकूल वातावरण मिल जाता है. जो लोग पूरे दिन बाहर रहते हैं ज्यादा पसीना बहाते हैं या पानी कम पीते हैं उनमें यूरिन इंफेक्शन का जोखिम काफी बढ़ जाता है.
डॉक्टरों के अनुसार, कई पुरुषों में लंबे समय तक पेशाब रोककर रखने की आदत होती है जो संक्रमण का एक बड़ा कारण बन सकती है. इसके अलावा गर्मियों में लगातार पसीना आने, तंग कपड़े पहनने और व्यक्तिगत स्वच्छता में कमी से भी बैक्टीरिया तेजी से बढ़ सकते है.
कुछ स्वास्थ्य स्थितियां भी यूटीआई के खतरे को बढ़ा देती हैं. प्रोस्टेट ग्रंथि का बढ़ना, किडनी स्टोन, मधुमेह और बार-बार होने वाला डिहाइड्रेशन पुरुषों में संक्रमण की आशंका को कई गुना बढ़ा सकता है.
यूरिन इंफेक्शन के क्या लक्षण हैं
पुरुषों में यूरिन इंफेक्शन के लक्षणों में पेशाब करते समय जलन, बार-बार पेशाब आने की इच्छा, पेशाब का कम मात्रा में आना, बदबूदार या धुंधला पेशाब, निचले पेट या कमर में दर्द और कुछ मामलों में बुखार शामिल हो सकते हैं. यदि संक्रमण किडनी तक पहुंच जाए तो स्थिति गंभीर हो सकती है और तत्काल उपचार की आवश्यकता पड़ सकती है.
डॉक्टर ने बताया, “कई पुरुष शुरुआती लक्षणों को सामान्य समस्या समझकर नजरअंदाज कर देते हैं. लेकिन यदि पेशाब में जलन, बार-बार यूरिन आने की समस्या या बुखार हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए. समय पर इलाज न मिलने पर संक्रमण गंभीर रूप ले सकता है. डॉक्टरों का मानना है कि कुछ आसान उपाय अपनाकर यूटीआई के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है. इसके लिए दिनभर में पर्याप्त मात्रा में पानी पीना, अत्यधिक कैफीन और शर्करा युक्त पेय पदार्थों से बचना, लंबे समय तक पेशाब न रोकना और व्यक्तिगत स्वच्छता का ध्यान रखना जरूरी है। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि गर्मियों में एक वयस्क व्यक्ति को अपनी शारीरिक गतिविधि और मौसम के अनुसार पर्याप्त पानी पीना चाहिए. इसके अलावा बाहर से आने के बाद शरीर को ठंडा रखना, साफ और सूती कपड़े पहनना तथा किसी भी प्रकार के यूरिन संबंधी लक्षणों को नजरअंदाज न करना जरूरी है.
यह भी पढ़ें – शरीर की नसों में गंदा कोलेस्ट्रॉल जमने के क्या लक्षण होते हैं? भूलकर भी इग्नोर ना करें ये Bad Cholesterol Symptoms
अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.