Iran Gift to Donald Trump: मिडिल ईस्ट में 28 फरवरी से छिड़ी जंग के बीच ईरान ने ट्रंप केा बड़ा तोहफा दिया है, जिसके बारे में खुद ट्रंप ने खुलासा किया। व्हाइट हाउस में कैबिनेट मीटिंग में राष्ट्रपति ट्रंप ने स्पीच देते हुए उन्होंने दावा किया है कि ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट से तेल के 10 ट्रैंकर निकाल दिए हैं। पहले 8 टैंकर निकालने की परमिशन मिली थी, लेकिन अब 10 ट्रैंकर क्रॉस होंगे, जिसमें 8 टैंकरों पर पाकिस्तान के झंडे लगे हैं। यह वही तोहफा है, जिसका जिक्र एक दिन पहले कर रहा था।
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ऑयल टैंकरों की क्रॉसिंग को गुडविल तोहफा बताया
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने बताया कि ईरान की ओर से गुडविल गिफ्ट दिया गया है। इसका मतलब यह है कि ईरान भी युद्ध को खत्म करना चाहता है। ईरान समझौता वार्ता को लेकर गंभीर है और इस बार टेबल पर बैठकर कोई समझौता करना चाहता है। हालांकि ऑयल टैंकरों की डिटेल नहीं दे सकता, लेकिन बताना चाहूंगा कि होर्मुज स्ट्रेट से अब 8 नहीं बल्कि 10 टैंकर निकलेंगे, जिनमें से 8 टैंकरों पर पाकिस्तानी झंडे लगे हैं। इसके साथ ही ईरान की ओर से समझौता करने का संकेत मिल गया है।
क्या पाकिस्तान ने दोनों मामलों में भूमिका निभाई है?
विशेषज्ञों का कहना है कि राष्ट्रपति ट्रंप ने पाकिस्तान की मदद की है। पाकिस्तान में पेट्रोल-डीजला का संकट गहराया है। इसे देखते हुए ही उन्होंने ईरान को पाकिस्तान के ऑयल टैंकर होर्मुज से निकालने को मनाया। ईरान से शांति वार्ता और होर्मुज से ऑयल टैंकरों की क्रॉसिंग इत्तेफाकन तो नहीं, क्या इसमें पाकिस्तान ने कोई भूमिका निभाई है? इसे लेकर व्हाइट हाउस की ओर से कुछ नहीं बताया गया, लेकिन इसमें कोई दोराय नहीं कि ईरान-अमेरिका का वार्ता कई देशे मिलकर करा रहे हैं।
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युद्ध का समापन पूरी दुनिया के लिए फायदेमंद रहेगा
अमेरिकी विशेषज्ञों का कहना है कि अगर युद्ध रुक जाए तो अमेरिका-ईरान दोनों का फायदा है। पूरी दुनिया का फायदा है, क्योंकि तेल-गैस हर देश की जरूरत है। अमेरिका की भी जरूरत है और ईरान की अर्थव्यवस्था के लिए भी जरूरी है। मिडिल ईस्ट की भलाई के लिए दोनों पक्षों का आपसी विश्वास और सहयोग जरूरी है। अमेरिका और ईरान के बीच लंबे समय से चल रहे विवाद खत्म करने में मध्य पूर्व के देश ही मददगार साबित हो सकते हैं, इसमें पाकिस्तान भी शामिल हो तो आश्चर्य नहीं।
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क्या पाकिस्तान ने दोनों मामलों में भूमिका निभाई है?
विशेषज्ञों का कहना है कि राष्ट्रपति ट्रंप ने पाकिस्तान की मदद की है। पाकिस्तान में पेट्रोल-डीजला का संकट गहराया है। इसे देखते हुए ही उन्होंने ईरान को पाकिस्तान के ऑयल टैंकर होर्मुज से निकालने को मनाया। ईरान से शांति वार्ता और होर्मुज से ऑयल टैंकरों की क्रॉसिंग इत्तेफाकन तो नहीं, क्या इसमें पाकिस्तान ने कोई भूमिका निभाई है? इसे लेकर व्हाइट हाउस की ओर से कुछ नहीं बताया गया, लेकिन इसमें कोई दोराय नहीं कि ईरान-अमेरिका का वार्ता कई देशे मिलकर करा रहे हैं।
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