---विज्ञापन---

कुर्दिस्तान के राष्ट्रपति बरजानी के घर ड्रोन अटैक, इराक पर लगे हमले के आरोप, PM बोले- कायरतापूर्ण हरकत

Iraq Drone Attack Kurd President: कुर्दिस्तान के राष्ट्रपति के घर पर ड्रोन से हमला हुआ है और हमल किसी और ने नहीं, बल्कि इराक ने किया है। कुर्दिस्तान सरकार ने ही हमले की पुष्टि की है और हमले की निंदा करते हुए इराक को जवाब देने का संकल्प लिया है।

Iraq Drone Attack: मिडिल ईस्ट की जंग में ईरान के खिलाफ कुर्द मैदान में उतर सकते हैं। ऐसी अटकलें काफी समय से लगाई जा रही हैं। इस बीच खबर आई है कि इराक ने दुहोक में कुर्दिस्तान के राष्ट्रपति नेचिरवन बरजानी के घर पर ड्रोन से हमला किया है। कुर्दिस्तान की सरकार ने हमले की पुष्टि की है। कुर्दिस्तान क्षेत्र के प्रधानमंत्री मसूर बरजानी के द्वारा बयान जारी करके हमले की जानकारी दी गई। फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रों ने भी हमले की निंदा की है।

‘ताबूतों में वापस जाएंगे अमेरिकी सैनिक’, ईरान की अमेरिका को दोटूक चेतावनी

---विज्ञापन---

आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठी

कुर्दितस्तान के प्रधानमंत्री ने भी हमले को कायरतापूर्ण हरकत बताया। हमले के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ तत्काल कड़ी कार्रवाई करने की मांग की। उन्होंने बयान जारी किय कि दुहोक में कुर्दिस्तान के राष्ट्रपति बरजानी के सरकारी आवास पर हुए कायरतापूर्ण ड्रोन अटैक की निंदा करता हूं। संघीय सरकार से अपील है कि वह अपराधियों को न्याय के कटघरे में लाएं और इराक के आतंकी संगठनों के लड़ाकों के द्वारा किए जा रहे आतंकी हमलों पर अंकुश लगाया जाए।

अंतरराष्ट्रीय समुदाय से मामले में दखल का आग्रह

कुर्द प्रधानमंंत्री ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से कुर्दिस्तान के नागरिकों की रक्षा करने और उनके हितों की सुरक्षा करने में समर्थन देने का आग्रह किया। कुदिस्तन आतंकवादियों का सामना करने में सक्षम है और कुर्दिस्तान के लोगों की की रक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। हमले के बाद फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने कुर्दिस्तान सरकार से बातचीत करके एकजुटता व्यक्त की। उन्होंने अपनी एक्स पोस्ट में बरजानी से फोन पर बात करने के बारे में बताया और हमले की निंदा की।

---विज्ञापन---

फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों ने हमले पर चिंता जताई

राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने एक देश के राष्ट्रपति पर हमले को अस्वीकार्य बताया और चेतावनी दी कि इराक के आतंकी संगठन पांव पसारने लगे हैं, जिन्हें समेटना जरूरी हो गया है। हाल ही में हुए एक हमले में 6 कर्मचारियों की मौत हुई थी। इराक में फिर से स्थिरता की जरूरत है। इसके लिए प्रयास किए जाने चाहिए। इराक को मिडिल ईस्ट में मची उथल-पुथल में घसीटे जाने से रोकने के लिए हरसंभव प्रयास करने चाहिए। फ्रांस इराक का मित्र हमेशा से रहा है, रहा था और बना रहेगा।

पाकिस्तान में गरीबी से हाहाकार, गांवों-शहरों में 25 करोड़ लोग झेल रहे भूखमरी और कंगाली, पढ़ें SPDC रिपोर्ट

---विज्ञापन---

28 फरवरी से मिडिल ईस्ट में छिड़ी हुई है जंंग

मैक्रों ने कहा कि राष्ट्रपति के घर पर हमले का घटनाक्रम पश्चिम एशिया में जारी जंग के बीच हुआ है। जंग 28 फरवरी को ईरान पर अमेरिका और इजरायल के संयुक्त सैन्य हमलों के बाद शुरू हई थी, जिसमें ईरान के 86 वर्षीय सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हो गई थी। इसके जवाब में ईरान ने कई खाड़ी देशों में इजरायल और अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया, जिससे जलमार्ग बाधित हुआ। अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाजारों तथा वैश्विक आर्थिक स्थिरता प्रभावित हुई।

First published on: Mar 29, 2026 06:23 AM

End of Article

About the Author

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के IMC&MT इंस्टीट्यूट से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन एवं Mphil कोर्स किया है। पिछले 12 साल से डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में अपनी पहचान बना रही हैं। वर्तमान में BAG Convergence Limited के News 24 Hindi डिजिटल विंग से बतौर चीफ सब एडिटर जुड़ी हैं। यहां खुशबू नेशनल, इंटरनेशनल, लाइव ब्रेकिंग, पॉलिटिक्स, क्राइम, एक्सप्लेनर आदि कवर करती हैं। इससे पहले खुशबू Amar Ujala और Dainik Bhaskar मीडिया हाउस के डिजिटल विंग में काम कर चुकी हैं।

Read More
संबंधित खबरें

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.
Sponsored Links by Taboola