शादी से विरासत पर नए कानून, 29 तरह के पेड़ काटने पर 1 लाख का जुर्माना; राजस्थान कैबिनेट में बड़े फैसले

राजस्थान में समान नागरिक संहिता यानी UCC को लेकर बड़ा कदम उठाते हुए ‘द राजस्थान यूनिफॉर्म सिविल कोड बिल-2026’ के ड्राफ्ट को राज्य कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है. (श्रीवत्सन की रिपोर्ट)

bhajan lal sharma

द राजस्थान यूनिफॉर्म सिविल कोड बिल-2026.

विज्ञापन

राजस्थान में समान नागरिक संहिता यानी UCC को लेकर बड़ा कदम उठाया गया है. राज्य मंत्रिमंडल ने ‘द राजस्थान यूनिफॉर्म सिविल कोड बिल-2026’ के ड्राफ्ट को मंजूरी दे दी है, जिसके बाद ये ड्राफ्ट अब विधानसभा के आगामी सत्र में पेश किया जाएगा. जानकारी के अनुसार, शादी की रस्में हर धर्म के लोग अपनी-अपनी तरीके से कर सकते हैं, लेकिन रजिस्ट्रेशन का नियम एक होगा. वहीं, जिन कपल्स को लिव-इन में रहना होगा, उन्हें इसकी सूचना देनी होगी. इतना ही नहीं. ड्राफ्ट में ये भी शामिल किया गया है कि, अगर किसी व्यक्ति कि बिना वसीयत मौत हुई तो संपत्ति किसे मिलेगी, उसका भी कानून तय होगा. हालांकि प्रस्तावित कानून अनुसूचित जनजातियों पर लागू नहीं होगा.

यह भी पढ़ें: राजस्थान में 5 दिन में सामने आई दो सामूहिक नकलबाजी के मामले, दोनों परीक्षा हुई रद्द

विज्ञापन

धर्मगुरुओं और कानून विशेषज्ञों से चर्चा के बाद तैयार हुआ ड्राफ्ट

द राजस्थान यूनिफॉर्म सिविल कोड बिल-2026 ड्राफ्ट को तैयार करते समय, सुप्रीम कोर्ट की सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता वाली विशेषज्ञ समिति ने जनप्रतिनिधियों, अलग-अलग धर्मगुरुओं और कानून विशेषज्ञों से इसे लेकर चर्चा की है. तमाम चर्चा के बाद अब सरकार इसे विधानसभा में लाने की तैयारी में है. बता दें कि राजस्थान सरकार इस कानून के जरिए एक से ज्यादा विवाह पर रोक तो लगाएगी ही, लेकिन पुनर्विवाह करने की अनुमति लोगों को होगी. UCC में प्रस्तावित प्रावधानों में सभी धर्मों और समुदायों को अपनी परंपराओं के मुताबिक विवाह करने की आजादी रहेगी, लेकिन कानून में शादी होगी तो उसका रजिस्ट्रेशन कराना भी जरूरी होगा.

शादी के इतने दिन के भीतर कराना होगा रजिस्ट्रेशन

रिपोर्ट के अनुसार, शादी होने के 60 दिन के भीतर नवविवाहित जोड़ों को इसकी रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य होगा और अगर रजिस्ट्रेशन नहीं कराया गया तो 10 हजार रुपये तक जुर्माना देना होगा. इतना ही नहीं, अगर कोई इस सरकार द्वारा भेजे गए नोटिस को नजरअंदाज करता है, तो 25 हजार रुपये तक जुर्माने का प्रावधान है. यही नहीं प्रस्तावित UCC में लिव-इन संबंध की शुरुआत और उसके खत्म होने की लिखित सूचना और पंजीकरण का प्रावधान भी शामिल है. यानी अब किसके साथ कितने वक्त लिविंग में रहे, कब शुरू हुआ और कब दोनों अलग हो गए, यह तमाम जानकारी सरकार के पास रहेगी. इस बात पर ध्यान दें कि लिविंग में रिश्ता निजी हो सकता है, लेकिन उससे जुड़े कानूनी अधिकारों और जिम्मेदारियों को लेकर व्यवस्था पूरी तरह स्पष्ट होगी.

बिना प्रमाण पत्र के नहीं बदलेंगे वैवाहिक रिकॉर्ड

सरकारी, अर्द्धसरकारी, सार्वजनिक उपक्रम, कंपनी या स्थानीय निकाय के कर्मचारी के सेवा रिकॉर्ड में वैवाहिक स्थिति में बदलाव तभी किया जाएगा, जब कर्मचारी अधिकृत विवाह प्रमाण पत्र पेश करेगा, ऐसे में अगर रजिस्ट्रार जानबूझकर रजिस्ट्रेशन में किसी तरह देरी करता है या प्रक्रिया की अनदेखी करता है तो उस पर भी 25 हजार रुपये तक जुर्माने का देना होगा. इसके अलावा, अगर किसी व्यक्ति की मौत बिना वसीयत के होती है तो उसकी संपत्ति किसे मिलेगी, इसके लिए प्राथमिकता क्रम भी तय किया गया है, जिसमे पौत्र को भी संपत्ति का हिस्सा मिल सकेगा. पहले पिता के सामने बेटे की मौत होने पर पौत्र को संपत्ति का अधिकार नहीं था, लेकिन अगर कोई कानूनी उत्तराधिकारी ही नहीं मिला, तो संपत्ति देनदारियों के साथ सरकार के पास जाएगी.

विज्ञापन

पेड़ का काटने पर भी प्रतिबंध

प्रस्तावित कानून में राजस्थान सरकार की कैबिनेट ने खेजड़ी और रोहिडा सहित 29 किस्म के पेड़ों को काटने पर भी प्रतिबंध लगा दिया है. हालांकि, किसी विशेष परिस्थितियों में अगर पेड़ काटे जाएंगे, तो काटने वाले को हर पेड़ की जगह 10 फीसदी ज्यादा दूसरे पेड़ लगाने होंगे और उनकी देखभाल भी करनी होगी. यह प्रक्रिया ठीक से चले, इसके लिए ट्राई राजस्थान प्रोटेक्शन एक्ट लाया जाएगा जिसमें इन पेड़ों की अवैध कटाई पर 1 लाख तक का जुर्माना और 1 साल तक की कैद का प्रावधान किया गया है.

विज्ञापन

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Azhar Naim

Azhar Naim

अज़हर नईम एक डिजिटल पत्रकार हैं. अज़हर नईम News24 Bag Convergence में सब-एडिटर के रूप में कार्यरत हैं. यहां वह मुख्य रूप से लाइफस्टाइल, हेल्थ और वायरल सेक्शन से जुड़ी खबरें लिखते हैं. उन्होंने साल 2024 में श्री वेंकटेश्वर यूनिवर्सिटी से बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (BJMC) की डिग्री हासिल की. पत्रकारिता की पढ़ाई के दौरान उन्होंने इंडिया न्यूज और खबरफास्ट जैसे मीडिया संस्थानों के साथ काम किया, जहां उन्हें डिजिटल न्यूज रिपोर्टिंग और कंटेंट लेखन का अनुभव मिला. इसके बाद उन्होंने एक साल से ज्यादा समय तक (2024-2026) इंडिया डॉट कॉम (Zee Media) में ट्रेनी के तौर पर काम किया और हेल्थ, लाइफस्टाइल, वायरल, ट्रेंडिंग, न्यूज और टेक्नोलॉजी समेत कई बीट्स पर डिजिटल कंटेंट तैयार किया. अपने अब तक के अनुभव में अज़हर डिजिटल मीडिया के बदलते ट्रेंड्स को समझने, SEO-फ्रेंडली कंटेंट तैयार करने और पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए उपयोगी व आकर्षक स्टोरीज लिख रहे हैं. अज़हर नईम का पत्रकारिता में अनुभव कुल अनुभव: 2 साल से ज्यादा योग्यता, डिग्री / अन्य उपलब्धियां: उन्होंने श्री वेंकटेश्वर यूनिवर्सिटी से बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (BJMC) की डिग्री हासिल की. पिछला अनुभव: अज़हर ने न्यूज 24 से पहले इंडिया न्यूज़, खबरफास्ट और इंडिया डॉट कॉम (Zee Media) में अपनी पत्रकारिता की समझ और अनुभव को और मजबूत किया. अपने प्रोफेशनल सफर में उन्होंने दिल्ली ब्लास्ट, जम्मू-कश्मीर ब्लास्ट, ईरान-अमेरिका युद्ध, रूस-यूक्रेन युद्ध और कई विधानसभा चुनावों के अलावा लाइफस्टाइल और हेल्थ जैसे विविध विषयों पर कंटेंट तैयार किया है. विशेषज्ञता और फोकस अज़हर नईम को लाइफस्टाइल और हेल्थ का खासा अनुभव है, वह इन खबरों को आसान भाषा में समझाने में माहिर हैं और इन्हीं से जुड़ी स्टोरी पर लगातार काम कर रहे हैं. इसके अलावा उन्हें टिप्स और ट्रिक्स, स्किन केयर, हेयर केयर, किचन-गार्डनिंग और फैशन से जुड़ी खबरों में भी महारत हासिल है.
... और पढ़ें

/ताज़ा खबरें

विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ