खेल जगत में पसरा मातम, दिग्गज ओलंपियन शूटर रणधीर सिंह का निधन, एशियन गेम्स में दिलाया था भारत को पहला गोल्ड
Randhir Singh Passes Away: अनुभवी खेल प्रशासक, 5 बार के ओलंपियन और एशियन गेम्स में भारत के लिए शूटिंग में पहला गोल्ड मेडल जीतने वाले राजा रणधीर सिंह का निधन हो गया है. उनके निधन से खेल जगत में शोक की लहर दौड़ गई है.
Raja Randhir Singh Passes Away: भारतीय दिग्गज शूटर और 5 बार के ओलंपियन रहे राजा रणधीर सिंह का निधन हो गया है. उन्होंने 79 साल की उम्र में नई दिल्ली में अंतिम सांस ली. रणधीर सिंह को उनके शानदार योगदान के लिए अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया था. खेल प्रशासन में भी उनकी अहम भूमिका रही और उन्होंने भारतीय व एशियाई खेल संगठनों में कई बड़े पद संभाले. वह 1987 से 2012 तक इंडियन ओलंपिक एसोसिएशन (IOA) के सेक्रेटरी जनरल रहे, जबकि 2001 से 2014 के बीच इंटरनेशनल ओलंपिक कमेटी (IOC) के सदस्य भी रहे थे.
एशियन गेम्स में रचा था इतिहास
पंजाब के पटियाला के शाही परिवार से ताल्लुक रखने वाले राजा रणधीर सिंह ने अपने करियर में कई बड़ी उपलब्धियां हासिल कीं. रणधीर सिंह 1978 के एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीतने वाले पहले भारतीय शूटर बने थे, जब उन्होंने ट्रैप इवेंट में शीर्ष स्थान हासिल किया था. रणधीर सिंह का नाम भारत के दिग्गज निशानेबाजों में गिना जाता है. उन्होंने पांच ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व किया और 1978 बैंकॉक एशियन गेम्स में ट्रैप स्पर्धा में ऐतिहासिक गोल्ड मेडल जीतकर देश को गौरवान्वित किया था.
रणधीर सिंह ने अपने खेल करियर के दौरान ही खेल प्रशासन में भी कदम रखा. 1994 एशियन गेम्स में वह ऐसे पहले व्यक्ति बने, जिन्होंने एक साथ खिलाड़ी और खेल संगठन के पदाधिकारी के रूप में भाग लिया था. वह 2010 कॉमवेल्ट गेम्स में उपाध्यक्ष भी रहे. सितंबर 2024 में नई दिल्ली में आयोजित ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया (OCA) की 44वीं जनरल असेंबली में वह OCA के अध्यक्ष चुने जाने वाले पहले भारतीय बने थे.
उन्हें 2028 तक चार साल के कार्यकाल के लिए यह जिम्मेदारी सौंपी गई थी, लेकिन खराब स्वास्थ्य के चलते इसी साल की शुरुआत में उन्हें पद छोड़ना पड़ा. उनके परिवार में पत्नी विनीता सिंह और 3 बेटियां महिमा, सुनैना और राजेश्वरी शामिल हैं. राजेश्वरी कुमारी भी एक शूटर हैं और एशियन गेम्स में मेडल जीत चुकी हैं.
रणधीर सिंह के निधन से खेल जगत में शोक की लहर दौड़ गई है. बताया जा रहा है कि वह पिछले कुछ दिनों से अस्पताल में भर्ती थे और बाद में उन्होंने अपने घर पर अंतिम सांस ली. नेशनल राइफल एसोसिएशन ऑफ इंडिया (NRAI) के सचिव राजीव भाटिया ने दुख जताते हुए कहा कि "राजा रणधीर सिंह ने शूटिंग खेल और ओलंपिक आंदोलन को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में अमूल्य योगदान दिया." उनके अलावा, कई दिग्गज खिलाड़ी और खेल संस्थानों ने उन्हें श्रंद्धाजलि दी है.
Raja Randhir Singh Passes Away: भारतीय दिग्गज शूटर और 5 बार के ओलंपियन रहे राजा रणधीर सिंह का निधन हो गया है. उन्होंने 79 साल की उम्र में नई दिल्ली में अंतिम सांस ली. रणधीर सिंह को उनके शानदार योगदान के लिए अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया था. खेल प्रशासन में भी उनकी अहम भूमिका रही और उन्होंने भारतीय व एशियाई खेल संगठनों में कई बड़े पद संभाले. वह 1987 से 2012 तक इंडियन ओलंपिक एसोसिएशन (IOA) के सेक्रेटरी जनरल रहे, जबकि 2001 से 2014 के बीच इंटरनेशनल ओलंपिक कमेटी (IOC) के सदस्य भी रहे थे.
एशियन गेम्स में रचा था इतिहास
पंजाब के पटियाला के शाही परिवार से ताल्लुक रखने वाले राजा रणधीर सिंह ने अपने करियर में कई बड़ी उपलब्धियां हासिल कीं. रणधीर सिंह 1978 के एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीतने वाले पहले भारतीय शूटर बने थे, जब उन्होंने ट्रैप इवेंट में शीर्ष स्थान हासिल किया था. रणधीर सिंह का नाम भारत के दिग्गज निशानेबाजों में गिना जाता है. उन्होंने पांच ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व किया और 1978 बैंकॉक एशियन गेम्स में ट्रैप स्पर्धा में ऐतिहासिक गोल्ड मेडल जीतकर देश को गौरवान्वित किया था.
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STORY | Veteran sports administrator Randhir Singh dies
Veteran sports administrator and India's first shooting gold-medallist in Asian Games, Randhir Singh, died on Wednesday after battling age-related ailments.
रणधीर सिंह ने अपने खेल करियर के दौरान ही खेल प्रशासन में भी कदम रखा. 1994 एशियन गेम्स में वह ऐसे पहले व्यक्ति बने, जिन्होंने एक साथ खिलाड़ी और खेल संगठन के पदाधिकारी के रूप में भाग लिया था. वह 2010 कॉमवेल्ट गेम्स में उपाध्यक्ष भी रहे. सितंबर 2024 में नई दिल्ली में आयोजित ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया (OCA) की 44वीं जनरल असेंबली में वह OCA के अध्यक्ष चुने जाने वाले पहले भारतीय बने थे.
उन्हें 2028 तक चार साल के कार्यकाल के लिए यह जिम्मेदारी सौंपी गई थी, लेकिन खराब स्वास्थ्य के चलते इसी साल की शुरुआत में उन्हें पद छोड़ना पड़ा. उनके परिवार में पत्नी विनीता सिंह और 3 बेटियां महिमा, सुनैना और राजेश्वरी शामिल हैं. राजेश्वरी कुमारी भी एक शूटर हैं और एशियन गेम्स में मेडल जीत चुकी हैं.
रणधीर सिंह के निधन से खेल जगत में शोक की लहर दौड़ गई है. बताया जा रहा है कि वह पिछले कुछ दिनों से अस्पताल में भर्ती थे और बाद में उन्होंने अपने घर पर अंतिम सांस ली. नेशनल राइफल एसोसिएशन ऑफ इंडिया (NRAI) के सचिव राजीव भाटिया ने दुख जताते हुए कहा कि “राजा रणधीर सिंह ने शूटिंग खेल और ओलंपिक आंदोलन को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में अमूल्य योगदान दिया.” उनके अलावा, कई दिग्गज खिलाड़ी और खेल संस्थानों ने उन्हें श्रंद्धाजलि दी है.
The Olympic Council of Asia is deeply saddened by the passing of Raja Randhir Singh, Honorary Life President of the OCA, Honorary Member of the International Olympic Committee, and former President of the Olympic Council of Asia. pic.twitter.com/KFnweIga7T
— Olympic Council of Asia (@AsianGamesOCA) May 27, 2026
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About the Author
Sanjeet
संजीत कुमार News24 में सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU), वाराणसी से जर्नलिज्म में परास्नातक की पढ़ाई पूरी की. मूलत: ज्ञान और मोक्ष की भूमि, गया (बिहार) के रहने वाले हैं और पिछले 4 साल से डिजिटल मीडिया में काम कर रहे हैं. क्रिकेट खेलना और देखना काफी पसंद है. क्रिकेट, हाॅकी और फुटबॉल जैसे खेलों में रुचि रखते हैं.