‘झुकती है दुनिया झुकाने वाला चाहिए…’, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे से झूम उठे ‘कॉकरोच’, आया CJP का पहला रिएक्शन
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद कॉकरोच जनता पार्टी समेत प्रदर्शन कर रहे तमाम लोगों में खुशी की लहर है. सभी प्रदर्शनकारियों ने मिलकर जंतर-मंतर के मंच पर ही जश्न मनाया. धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद अभिजीत दीपके ने जनता को संबोधित किया.
Written By: Varsha Sikri|Updated: Jul 25, 2026 16:16
Edited By : Varsha Sikri|Updated: Jul 25, 2026 16:16
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Credit: News24
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शनिवार को केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दिया, जिसके बाद कॉकरोच जनता पार्टी समेत प्रदर्शन कर रहे तमाम लोगों में खुशी की लहर है. सभी प्रदर्शनकारियों ने मिलकर जंतर-मंतर के मंच पर ही जश्न मनाया. दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरने पर बैठे CJP चीफ अभिजीत दीपके को लोगों ने अपने कंधे पर उठा लिया. दीपके के हाथ में संविधान के रचयिता बाबा भीमराव अंबेडकर की तस्वीर थी. धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद अभिजीत दीपके ने जनता को संबोधित किया. उन्होंने कहा- ''धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा इस बात का सबूत है कि अगर आप लोग डरते नहीं हैं, अगर आप इस सरकार के सामने झुकते नहीं हैं, तो हम किसी का भी इस्तीफा ले सकते हैं.''
अभिजीत दीपके ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर खुशी ज़ाहिर की. लेकिन उन्होंने ये भी साफ किया कि कॉकरोच जनता पार्टी की 2 मांगें अभी बाकी हैं. दीपके ने कहा- "डरने की कोई ज़रूरत नहीं है. यह लोकतंत्र है. उन्होंने इस्तीफा दे दिया है, लेकिन हमारी दो और मांगें हैं. जिन बच्चों ने नीट पेपर लीक की वजह से आत्महत्या की, उनके परिवारों को एक करोड़ रुपये का मुआवज़ा मिलना चाहिए. दूसरी बात, 20 जुलाई को जिन पुलिस वालों ने गुंडागर्दी की, उन पुलिस अफसरों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए. याद रखिए, कॉकरोच से पंगा मत लीजिए." दीपके ने आगे कहा- "धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की वजह से मुझे हीरो मत बनाओ. एक आदमी को हीरो बनाने की वजह से देश बर्बाद हो गया है."
कॉकरोच जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रांका ने कहा- "अगर आप हमारी तीन मांगें लिखकर मान लें तो हम घर चले जाएंगे. हमने पूरे देश में शांति से कैंडल मार्च निकालने की परमिशन मांगी है. सभी को शाम 6:00 बजे पूरे देश में कैंडल मार्च निकालना चाहिए." धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक ने भी खुशी ज़ाहिर की. उन्होंने मेदांता अस्पताल से अपनी तस्वीर शेयर करते हुए पोस्ट किया- "ये लोकतंत्र की जीत है, सड़कों से सीधे लोकतंत्र की जीत है. ये शांति, सब्र और लगन की जीत है."
शनिवार को केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दिया, जिसके बाद कॉकरोच जनता पार्टी समेत प्रदर्शन कर रहे तमाम लोगों में खुशी की लहर है. सभी प्रदर्शनकारियों ने मिलकर जंतर-मंतर के मंच पर ही जश्न मनाया. दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरने पर बैठे CJP चीफ अभिजीत दीपके को लोगों ने अपने कंधे पर उठा लिया. दीपके के हाथ में संविधान के रचयिता बाबा भीमराव अंबेडकर की तस्वीर थी. धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद अभिजीत दीपके ने जनता को संबोधित किया. उन्होंने कहा- ”धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा इस बात का सबूत है कि अगर आप लोग डरते नहीं हैं, अगर आप इस सरकार के सामने झुकते नहीं हैं, तो हम किसी का भी इस्तीफा ले सकते हैं.”
अभिजीत दीपके ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर खुशी ज़ाहिर की. लेकिन उन्होंने ये भी साफ किया कि कॉकरोच जनता पार्टी की 2 मांगें अभी बाकी हैं. दीपके ने कहा- “डरने की कोई ज़रूरत नहीं है. यह लोकतंत्र है. उन्होंने इस्तीफा दे दिया है, लेकिन हमारी दो और मांगें हैं. जिन बच्चों ने नीट पेपर लीक की वजह से आत्महत्या की, उनके परिवारों को एक करोड़ रुपये का मुआवज़ा मिलना चाहिए. दूसरी बात, 20 जुलाई को जिन पुलिस वालों ने गुंडागर्दी की, उन पुलिस अफसरों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए. याद रखिए, कॉकरोच से पंगा मत लीजिए.” दीपके ने आगे कहा- “धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की वजह से मुझे हीरो मत बनाओ. एक आदमी को हीरो बनाने की वजह से देश बर्बाद हो गया है.”
#WATCH दिल्ली: केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अध्यक्ष अभिजीत दिपके ने कहा, "डरने की कोई ज़रूरत नहीं है। यह लोकतंत्र है। उन्होंने इस्तीफा दे दिया है, लेकिन हमारी दो और मांगें हैं…धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया है लेकिन… pic.twitter.com/Z9uPmJGZdi
कॉकरोच जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रांका ने कहा- “अगर आप हमारी तीन मांगें लिखकर मान लें तो हम घर चले जाएंगे. हमने पूरे देश में शांति से कैंडल मार्च निकालने की परमिशन मांगी है. सभी को शाम 6:00 बजे पूरे देश में कैंडल मार्च निकालना चाहिए.” धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक ने भी खुशी ज़ाहिर की. उन्होंने मेदांता अस्पताल से अपनी तस्वीर शेयर करते हुए पोस्ट किया- “ये लोकतंत्र की जीत है, सड़कों से सीधे लोकतंत्र की जीत है. ये शांति, सब्र और लगन की जीत है.”
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IT'S A VICTORY OF DEMOCRACY direct democracy… straight from the streets. It's a victory of peace, patience & persévérance. Congratulations CJP, Gen Z of the nation and thank you all citizens for shedding fear and the fear of fear and rising up from every corner of the nation.… pic.twitter.com/rSLOfvba2R