अन्ना सेबेस्टियन की मौत के मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग सख्त, उठाया ये बड़ा कदम

National Human Rights Commission: आयोग ने इस बार पर भी जोर दिया कि युवा नौकरी में अव्यवहारिक लक्ष्यों और समय सीमाओं का पीछा करते हैं, जिससे उनके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।

Anna Sebastian Perayil

Anna Sebastian Death: अन्ना सेबेस्टियन पेरायिल के वर्कप्लेस पर कथित तौर पर ज्यादा काम और तनाव के चलते मौत के मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने बड़ा कदम उठाया है। आयोग ने शनिवार को अर्न्स्ट एंड यंग की कर्मचारी अन्ना की मौत पर स्वत: संज्ञान लिया है।

विज्ञापन

युवाओं में वर्क लाइफ के चलते मानसिक तनाव

शनिवार को एक बयान में मानवाधिकार आयोग ने कहा कि अगर ये रिपोर्ट सही है अन्ना की अधिक काम के चलते मौत हुई है तो ये यंगस्टर्स के सामने आने वाली चुनौतियों का एक गंभीर मामला है। उन्होंने कहा कि आजकल का युवा अपने वर्क लाइफ के चलते मानसिक तनाव, चिंता और नींद की कमी से पीड़ित हैं।

विज्ञापन

नौकरी में अव्यवहारिक लक्ष्य दिए जा रहे

आयोग ने इस बार पर भी जोर दिया कि युवा नौकरी में अव्यवहारिक लक्ष्यों और समय सीमाओं का पीछा करते हैं, जिससे उनके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। आयोग ने कहा कि ये युवाओं के मानवाधिकारों का गंभीर उल्लंघन है।

विज्ञापन

आयोग ने बताई किसकी है जिम्मेदारी?

अयोग ने कहा कि कंपनी, मालिक समेत हर नियोक्ता का यह पहला कर्तव्य है कि वह अपने कर्मचारियों को काम का सुरक्षित, संरक्षित और सकारात्मक वातावरण प्रदान करे। मालिक को ये सुनिश्चित करना चाहिए कि उनकी कंपनी या उनके साथ काम करने वाले सभी लोगों के साथ सम्मान और निष्पक्षता से व्यवहार किया जा रहा हो। बता दें इससे पहले केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्री मनसुख मंडाविया ने इस पूरे मामले में जांच के बाद कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Amit Kasana

Amit Kasana

अमित कसाना: पत्रकारिता की दुनिया में एक सिद्धहस्त कहानीकार अमित कसाना सिर्फ खबरें नहीं लिखते बल्कि उन्हें बारीकी से संवारते हैं ताकि पाठकों तक सटीक, ताजा और प्रभावी जानकारी पहुंचे. News 24 में न्यूज एडिटर के रूप में उनकी भूमिका समाचारों को प्रस्तुत करने से कहीं अधिक है, वह उन्हें संदर्भ और दृष्टिकोण के साथ गढ़ते हैं. 2008 में 'दैनिक जागरण' से अपनी यात्रा शुरू करने वाले अमित ने 'दैनिक भास्कर' और 'हिंदुस्तान' जैसे प्रतिष्ठित प्रकाशनों में भी अपनी पहचान बनाई. 17 वर्षों के लंबे अनुभव के साथ उन्होंने पत्रकारिता के हर पहलू को बारीकी से समझा, चाहे वह प्रिंट, टेलीविजन या डिजिटल मीडिया हो. राजनीति, अपराध, खेल, मनोरंजन, कानून, ऑटोमोबाइल, लाइफस्टाइल और अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग में उनकी गहरी पकड़ है. ब्रेकिंग न्यूज की रोमांचक दुनिया, खोजी पत्रकारिता की गहराई और तथ्यपूर्ण रिपोर्टिंग का संयोजन अमित की कार्यशैली की पहचान है. News 24 में उनका लक्ष्य स्पष्ट है समाचारों को त्वरितता और सटीकता के साथ प्रस्तुत करना ताकि पाठकों को भरोसेमंद और सार्थक जानकारी मिल सके.
... और पढ़ें
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ