किस रंग का बलगम शरीर के लिए खतरनाक? माधुरी दीक्षित के डॉक्टर पति ने बताए बचाव के तरीके

Green Mucus: बलगम के अलग-अलग रंग तरह-तरह की बीमारियों की ओर इशारा करते हैं। क्या आप जानतें हैं हरे रंग के बलगम का क्या मतलब है, क्या यह एक खतरनाक हेल्थ कंडिशन है? जानिए डॉक्टर श्रीराम नेने से।

फोटो क्रेडिट- फ्रीपिक - 2024-11-06T081924.848

Green Mucus: बलगम शरीर के अंदर का वो गंदा पार्ट है जो इंफेक्शन के कारण बनता है। हरे रंग का म्यूकस या बलगम इस बात का संकेत है कि आपका शरीर किसी गंभीर इंफेक्शन से संक्रमित है। यह रंग अक्सर बैक्टीरिया के कारण आता है, क्योंकि हमारा शरीर बीमारियों से लड़ने के लिए सफेद खून यानी व्हाइट ब्लड सेल्स को भेजता है, जिनका रंग बैक्टीरिया से मिलकर बदल जाता है। डॉक्टर श्रीराम नेने, जो माधुरी दीक्षित के पति हैं, अपने यूट्यूब चैनल पर अक्सर हेल्थ टिप्स शेयर करते रहते हैं। उन्होंने हाल ही में एक वीडियो शेयर करते हुए बताया कि यह हरे रंग का बलगम कितना घातक है और कैसे इससे बचाव कर सकते हैं।

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क्या है ग्रीन म्यूकस

ग्रीन म्यूकस गंभीर इंफेक्शन को दर्शाता है। ऐसा बलगम शरीर में तब बनता है जब शरीर का इम्यून सिस्टम पूरी तरह वीक हो गया हो या रेसपिरेटरी इंफेक्शन हुआ हो। इसके अलावा, टीबी के मरीजों को भी हरे रंग का बलगम निकलता है। शरीर में हरे रंग का म्यूकस बनने की एक प्रक्रिया होती है। जैसे- व्हाइट ब्लड सेल्स बैक्टीरिया और वायरस के संपर्क में आते ही इसका रंग बदलता है। शरीर में किसी प्रोटीन और एंजाइम के रिएक्शन के चलते भी हरा बलगम बनता है।

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कैसे बनता है हरा बलगम

इसके कई कारण हो सकते हैं, जैसे

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1. कोल्ड या फ्लू होने से।
2. बैक्टीरियल इंफेक्शन के कारण।
3. पॉल्यूशन और धूल-मिट्टी से भी हरे रंग का बलगम बनता है।
4. ज्यादा स्मोकिंग करने से भी ग्रीन म्यूकस बनता है।

कितना खतरनाक?

ग्रीन म्यूकस साइनस के इंफेक्शन में भी बनता है। यह गंभीर संकेत है लेकिन कई बार खुद ही यह ठीक भी हो जाता है। यदि 10 दिन से ज्यादा खांसी के साथ-साथ हरा बलगम और बुखार होता है, तो आपको तुरंत डॉक्टर से जांच करवानी चाहिए।

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ग्रीन म्यूकस से बचाव के तरीके

स्पाइसी खाना खाएं, जिसमें अदरक-लहसुन का इस्तेमाल हो।
हाइड्रेशन का ख्याल रखें, पानी के साथ सूप व जूस पिएं।
घर के अंदर एयर प्यूरिफायर लगवाएं ताकि हवा साफ रहे।

डॉक्टर के पास कब जाएं?

हालांकि, कई बार ग्रीन रंग का बलगम खुद ही सही हो जाता है, लेकिन 10 दिन से ज्यादा होने पर आपको मेडिकल हेल्प लेनी चाहिए। साथ ही, बलगम में खून आना भी गंभीर संकेत है।

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Disclaimer: ऊपर दी गई जानकारी पर अमल करने से पहले विशेषज्ञों से राय अवश्य लें। News24 की ओर से जानकारी का दावा नहीं किया जा रहा है।

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लेखक के बारे में

Namrata Mohanty

Namrata Mohanty

नम्रता मोहंती (Namrata Mohanty) न्यूज24 में एक सक्रिय कंटेंट राइटर है. मैंने अपनी पत्रकारिता की शुरुआत जी न्यूज और एबीपी जैसे संस्थानों से इंटर्नशिप करते हुए की थी. आज मैं न्यूज24 के डिजीटल डेस्क पर कार्यरत हूं. मैंने यहां अपने कार्यकाल की शुरुआत अगस्त 2024 से की थी. बीते 1 साल में मैंने कई बीट्स पर काम किया है. हेल्थ बीट से शुरुआत करते हुए आज मैं यूटिलिटी और देश-विदेश की खबरों पर भी काम कर रही हूं. हेल्थ बीट से जुड़ी खबरों में मेरा विशेष ध्यान आयुर्वेद, घरेलू उपचार, लाइफस्टाइल हेल्थ टिप्स और आधुनिक चिकित्सा पर आधारित प्रामाणिक और विशेषज्ञ-प्रामाणित जानकारी लोगों तक साझा करना रहा है. रोजमर्रा की देश और दुनिया से जुड़ी खबरों पर भी सक्रिय रूप से काम कर रही हूं. यूटिलिटी में सब्सिडी, पेंशन और योजनाओं के बारे में बताना मेरी विशेषता है. पत्रकार और कंटेंट राइटर बनकर अपने शब्दों से लोगों को सही और सटीक जानकारी बताना है. मेरी स्कूल शिक्षा दिल्ली के जानकी देवी कन्या विद्याल्य से हुई है. इसके बाद मैंने पत्रकारिता की पढ़ाई नोएडा के ISOMES मीडिया कॉलेज से की थी. आप मुझसे इन प्लेटफॉर्म्स पर जुड़ सकते हैं. @namrata0105_m Namrata Mohanty  @namratamohanty105 Namrata Mohanty
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