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भीषण ‘भूकंप-तूफान’ का खतरा मंडराया! धरती की ओर बढ़ रहे 3 Asteroid, जानें कब टकराव की संभावना?

Earth Asteroid Collision NASA Alert: धरती पर एक बार फिर 3 एस्ट्रॉयड खतरा बनकर मंडरा रहे हैं। नासा ने इन्हें लेकर अलर्ट जारी कर दिया है। तीनों विशालकाय हैं और काफी स्पीड से धरती की ओर बढ़ रहे हैं। रास्ता भटकने पर धरती से इनका टकराव हो सकता है।

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Earth Asteroid Collision

3 Asteroids Earth Collision Prediction: अमेरिका की स्पेस एजेंसी नासा ने एस्ट्रॉयड को लेकर एक बार फिर अलर्ट जारी किया है। ताजा चेतावनी के मुताबिक, इस हफ्ते 3 एस्ट्रॉयड धरती की तरफ बढ़ सकते हैं। तीनों बेहद विशालकाय हैं काफी स्पीड से धरती के आस-पास मंडरा रहे हैं। अगर इनकी धरती से टक्कर हुई तो जलजला आ सकता है।

समुद्र में तूफानी लहरें और धरती की प्लेटों के हिलने से भूकंप आने का खतरा मंडरा सकता है। बिजली ठप होने से ब्लैकआउट और कम्यूनिकेशन सिस्टम ठप होने पर डिजिटल शटडाउन का खतरा भी है। इसलिए नासा की जेट प्रोपल्शन लेबोरेटरी (JPL) लगातार इन तीनों एस्ट्रॉयड पर नजर बनाए हुए है, ताकि किसी भी तरह के खतरे से धरती वासियों को समय रहते अलर्ट किया जा सके।

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यह 3 एस्ट्रॉयड बढ़ रहे हैं धरती की ओर

नासा की जेट प्रोपल्शन लेबोरेटरी (JPL) के अलर्ट के अनुसार, तीनों एस्ट्रॉयड के नाम 2024 TP17, 2002 NV16 और 2024 TR6 हैं। एस्ट्रोयड 2024 TP17 एक इमारत के जितना बड़ा करीब 270 फीट चौड़ा है। यह 45 लाख किलोमीटर दूर है। 2002 NV16 एस्ट्रॉयड का आकार किसी स्टेडियम जितना बड़ा करीब 900 फीट चौड़ा है। यह धरती से 45 लाख किलोमीटर दूर है।

एस्ट्रॉयड 2024 TR6 करीब 240 फीट चौड़ा है और धरती से 56 किलोमीटर दूर है। 2002 NV16 एस्ट्रॉयड 24 अक्टूबर दिन गुरुवार को रात करीब सवा 9 बजे धरती के पास गुजरेगा। यह 17542 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से धरती की ओर बढ़ा रहा है। यह धरती से 4520000 किलोमीटर दूर है। यह दूरी पृथ्वी और चंद्रमा के बीच की दूरी 384400 किलोमीटर से 11 गुना ज्यादा है।

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आज तक मिल चुके 13 लाख एस्ट्रॉयड

हालांकि अंतरिक्ष में यह स्पीड सामान्य है और एस्ट्रॉयड के धरती से टकराने की संभावना भी न के बराबर है, लेकिन सौर तूफान उठने पर या रास्ता भटकने पर यह सामान्य रफ्तार भी धरती के लिए बड़ा खतरा बन सकती है। इसलिए नासा और दुनियाभर की स्पेस एजेंसियां​लगातार दूरबीनों और ट्रैकिंग सिस्टम इनकी निगरानी करती रहती हैं।

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नासा की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, अब तक 13 लाख से अधिक एस्ट्रॉयड मिल चुके हैं। इनमें से कई एस्ट्रॉयड का साइज किक्रेट ग्राउंड जितना बड़ा। ज्यादातर एस्ट्रॉयड लोहे और निकल धातुओं से बने होते हैं। बृहस्पति और मंगल ग्रह की कक्षा के बीच एस्ट्रॉयड बेल्ट है, जिससे निकलकर एस्ट्रॉयड रास्ता भटक जाते हैं। जब कोई एस्ट्रोयड धरती के 80 लाख किलोमीटर के दायरे में आता है, तब नासा अलर्ट जारी करती है।

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लेखक के बारे में

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.
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