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‘कांग्रेस को वीर सावरकर और बीजेपी को नेहरू की रट छोड़ देनी चाहिए’, उद्धव ठाकरे का बड़ा बयान

Uddhav Thackeray: शिवसेना नेता ने 'वन नेशन, वन इलेक्शन' विधेयक पर कहा कि केंद्र सरकार ये बिल लोगों का ध्यान देश के अन्य महत्वपूर्ण मुद़्दों से भटकाने के लिए लाई है।

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Uddhav Thackeray: शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे मंगलवार को कहा कि कांग्रेस को वीर सावरकर और बीजेपी को पंड़ित नेहरू की रट अब नहीं लगानी चाहिए। उन्होंने नागपुर में मीडिया में दिए एक बयान में कहा कि इन महापुरुषों ने जो किया वह किया अब आगे भविष्य पर बात करनी चाहिए। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि वीर सावरकर को बीजेपी कब भारत रत्न देगी?

शिवसेना नेता ने आगे दावा करते हुए कहा कि महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस ने भी वीर सावरकर को भारत रत्न देने के लिए पत्र लिखे थे, लेकिन उसका क्या हुआ? क्यों अभी तक सावरकर को ये सम्मान नहीं दिया गया? क्यों इसमें देरी हो रही है?

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‘वन नेशन, वन इलेक्शन’ लागू होने से पहले देश में चुनाव प्रक्रिया निष्पक्ष हो

शिवसेना नेता ने ‘वन नेशन, वन इलेक्शन’ विधेयक पर कहा कि केंद्र सरकार ये बिल लोगों का ध्यान देश के मुख्य मुद़्दों से भटकाने के लिए लाई है। उन्होंने कहा कि इस बिल को लागू करने से पहले सरकार देश में चुनाव प्रक्रिया को निष्पक्ष बनाने का काम करे।

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बिना शर्त महिलाओं को मिले पेंशन के 2100 रुपये 

Uddhav Thackeray ने महाराष्ट्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि राज्य की महिलाओं को लाडली बहन योजना के तहत तुरंत प्रभाव से 2100 रुपये देने चाहिए, बिना किसी नियम और शर्त के महिलाओं को बढ़े हुए पैसे दिए जाएं। बता दें महायुति सरकार ने चुनाव जीतने से पहले महिला पेंशन बढ़ाकर 2100 रुपये देने का वादा किया था।

उद्धव ठाकरे ने महाराष्ट्र सरकार पर साधा निशाना 

उद्धव ठाकरे ने आगे महाराष्ट्र सरकार पर कहा कि यह सरकार ईवीएम सरकार है। ईवीएम सरकार को उनके पहले सत्र पर शुभकामनाएं। उनका कहना था कि ऐसी क्या बात है कि महायुति में चुनाव जीत के बाद जश्न दिखा नहीं? सरकार का कैबिनेट विस्तार हुआ लेकिन मीडिया में विधायकों की नाराज़गी की खबरें ज़्यादा थीं। परंपरा रही है कि सीएम मंत्रियों का सदन में परिचय कराते हैं। सीएम उन विधायकों का परिचय कैसे कराएंगे जिन पर ईड़ी जैसी एजेंसियां जांच कर रही हैं।

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First published on: Dec 17, 2024 03:36 PM

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About the Author

Amit Kasana

अमित कसाना: पत्रकारिता की दुनिया में एक सिद्धहस्त कहानीकार अमित कसाना सिर्फ खबरें नहीं लिखते बल्कि उन्हें बारीकी से संवारते हैं ताकि पाठकों तक सटीक, ताजा और प्रभावी जानकारी पहुंचे. News 24 में न्यूज एडिटर के रूप में उनकी भूमिका समाचारों को प्रस्तुत करने से कहीं अधिक है, वह उन्हें संदर्भ और दृष्टिकोण के साथ गढ़ते हैं. 2008 में 'दैनिक जागरण' से अपनी यात्रा शुरू करने वाले अमित ने 'दैनिक भास्कर' और 'हिंदुस्तान' जैसे प्रतिष्ठित प्रकाशनों में भी अपनी पहचान बनाई. 17 वर्षों के लंबे अनुभव के साथ उन्होंने पत्रकारिता के हर पहलू को बारीकी से समझा, चाहे वह प्रिंट, टेलीविजन या डिजिटल मीडिया हो. राजनीति, अपराध, खेल, मनोरंजन, कानून, ऑटोमोबाइल, लाइफस्टाइल और अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग में उनकी गहरी पकड़ है. ब्रेकिंग न्यूज की रोमांचक दुनिया, खोजी पत्रकारिता की गहराई और तथ्यपूर्ण रिपोर्टिंग का संयोजन अमित की कार्यशैली की पहचान है. News 24 में उनका लक्ष्य स्पष्ट है समाचारों को त्वरितता और सटीकता के साथ प्रस्तुत करना ताकि पाठकों को भरोसेमंद और सार्थक जानकारी मिल सके.

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