Varuthini Ekadashi Upay 2026: वरुथिनी एकादशी को साल में आने वाली सभी एकादशियों में सर्वोच्च माना गया है, जिस दिन विशेषतौर पर भगवान विष्णु के वराह अवतार की पूजा की जाती है. मान्यता है कि इस दिन व्रत और पूजा-पाठ करने से हजारों वर्षों की तपस्या के समान फल मिलता है. साथ ही पाप नष्ट होते हैं. द्रिक पंचांग के अनुसार, हर साल वैशाख माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी को वरुथिनी एकादशी का व्रत रखा जाता है. इस बार 13 अप्रैल 2026, वार सोमवार को वरुथिनी एकादशी मनाई जाएगी.
अगर किसी कारण से आप वरुथिनी एकादशी का व्रत नहीं रख पाएं तो ऐसे में कुछ उपाय कर सकते हैं. यहां पर आप वरुथिनी एकादशी के दिन जगत के पालनहार भगवान विष्णु को खुश करने के उपायों के बारे में जानेंगे.
वरुथिनी एकादशी के उपाय
- वरुथिनी एकादशी के दिन प्रात: काल में भगवान विष्णु की पूजा करें और उनकी मूर्ति का गन्ने के रस से अभिषेक करें. इस दौरान 108 बार विष्णु जी के नाम का जाप करें. साथ ही शाम में अन्न का दान करें. ऐसा करने से आपको धन की प्राप्ति हो सकती है.
- धार्मिक मान्यता के अनुसार, तुलसी पूजा से भगवान विष्णु खुश होते हैं. खासकर, वरुथिनी एकादशी पर देवी तुलसी की पूजा करने और तुलसी चालीसा का पाठ करने से पाप नष्ट होते हैं. साथ ही घर-परिवार में सुख-समृद्धि और धन का आगमन होता है.
- जीवन में सुख-समृद्धि बनी रहे, इसके लिए वरुथिनी एकादशी पर विष्णु जी के साथ धन की देवी मां लक्ष्मी की पूजा करें. साथ ही सुबह-शाम 108 बार ‘ॐ श्रीं ह्रीं क्लीं श्री सिद्ध लक्ष्म्यै नमः’ मंत्र का जाप करें. ऐसा करने से आपके कष्ट जरूर कम होंगे.
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वरुथिनी एकादशी व्रत के नियम
- स्नान करने के बाद ही विष्णु जी की पूजा करें.
- चावल न खाएं और न ही घर में बनाएं.
- नकारात्मक चीजों से अपने आप को बचाकर रखें.
- बाल, नाखून, दाढ़ी और मूंछ न काटें.
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.










