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'सहनशीलता कम हो गई, मन बहुत सोचने लगा, क्या करें...', प्रेमानंद महाराज ने दिया मुक्ति का मंत्र

एक बार एक भक्त ने प्रेमानंद महाराज जी से बहुत ही भावुक होकर प्रश्न किया मुझमें अब सहनशक्ति नहीं बची महाराज, मैं बहुत जल्दी टूट जाती हूं। क्या करूं? इस प्रश्न को सुनकर आइए जानते हैं प्रेमानंद महाराज ने क्या उत्तर दिया।

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Premanand Maharaj Viral Video:कई बार ऐसा होता है कि अपने जीवन के बुरे अनुभवों से व्यक्ति बहुत परेशान हो जाता है। इस कारण उसकी सहनशक्ति कम हो जाती है। मनुष्य के जीवन में समस्या और चुनौतियां हर दिशा से घेर लेती हैं। ऐसे में व्यक्ति का धैर्य डगमगाने लगता है और सहनशक्ति कम हो जाती है। ऐसे समय में इंसान अध्यात्म की ओर आकर्षित होने और अपने सवालों का हल खोजने लगता है। कुछ इसी तरह की व्यथा लेकर एक भक्त प्रेमानंद महाराज के सामने गई। उसने सवाल किया “महाराज जी मुझमें अब सहनशक्ति नहीं रही, क्या करूं? तो इस प्रश्न को सुनकर प्रेमानंद महाराज ने बहुत ही सहजता और शांति से उत्तर दिया। आइए जानते हैं उन्होंने क्या कहा…

प्रेमानंद महाराज कहते हैं कि हर व्यक्ति को नाम जप जरूर करना चाहिए। “राधा नाम के जप से सब अच्छा हो जाएगा। महाराज ने भक्त से कहा दवा खाएं और परहेज करते रहे तभी दवा असर करती है। गंदा आचरण, गंदी बात, गंदा चिंतन और गंदा व्यवहार ये सब छोड़ दो और बस नाम जप करते रहो। देखो, कैसे इसका प्रभाव आता है। बड़ी से बड़ी समस्याओं को शांत स्वभाव से मुस्कुराते हुए सह जाना ही एक अध्यात्मिक व्यक्ति की सामर्थ्य होती है। महाराज कहते हैं शरीर स्वस्थ है लेकिन चिंतन हो रहा है दुख, आलस और संसार का तो फिर सुख में भी परेशान हो। यह ओवरथिंकिंग और भविष्य का चिंतन क्यों?

बस कोशिश करो राधा-राधा जपने की, क्योंकि होगा वही जो राम जी को भाएगा। तो चिंता क्यों करना? महाराज आगे कहते हैं यह शरीर पाप और पुण्य का ही परिणाम है इसलिए सुख-दुख भोगना ही पड़ेगा। लेकिन नाम जप में शक्ति है वही आत्मा को स्थिर करता है।

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इस वार्ता में प्रेमानंद महाराज ने यह बताया कि सहनशक्ति केवल मन की नहीं आत्मा की संपत्ति है और जब हम भगवान से जुड़ते हैं तब वह सहनशक्ति अपने आप हमारे भीतर लौटने लगती है। भगवान का स्मरण, संतों की संगति और मन की शांति यही सहनशक्ति को धीरे-धीरे पुनः जागृत करते हैं।

ये भी पढ़ें- सत्संग सुनने से कैसे चोर को मिली नई जिंदगी, जानें प्रेमानंद महाराथ से प्रेरक कथा

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है।News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है

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