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Kedarnath Yatra: अद्भुत और दिव्य हैं केदारनाथ के कुंड, 3 हो चुके गायब, जानें हरेक की खासियत

Kedarnath Yatra: 22 अप्रैल को कपाट खुलते ही केदारनाथ में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़। यहां ज्योतिर्लिंग के साथ 5 दिव्य कुंड भी हैं, जिनमें 2 दिखते हैं और 3 लापता माने जाते हैं। आइए जानते हैं, केदारनाथ के अद्भुत और दिव्य कुंड के बारे में?

Kedarnath Yatra: चार धाम यात्रा शुरू हो चुकी है। 22 अप्रैल को केदारनाथ के कपाट खुलते ही आस्था की बाढ़ आ गई। हजारों भक्त कठिन रास्तों को पार कर बाबा के दर्शन को पहुंच रहे हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यहां सिर्फ ज्योतिर्लिंग ही नहीं, बल्कि कई पवित्र कुंड भी हैं, जिनका अपना अनूठा महत्व है? ये अद्भुत और दिव्य कुंड संख्या में 5 हैं, जिसमें से दो कुंड दिखते हैं और 3 गायब हैं। आइए विस्तार से जानते हैं इनके बारे में।

उदक कुंड: जहां लौटता है शिवलिंग का चढ़ा जल

मंदिर से महज सौ मीटर की दूरी पर उदक कुंड स्थित है। मान्यता रोमांचक है – इस कुंड में वही जल आता है, जो भक्त शिवलिंग पर चढ़ाते हैं। यानी बाबा का प्रसाद लौटकर यहां आता है। भक्त यहां फिर से पूजा करते हैं और इस जल को अपने साथ ले जाते हैं। कहा जाता है कि अंतिम समय में इस जल का सेवन मोक्ष का रास्ता खोलता है।

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अमृत कुंड: बीमारियों की दवा छुपी है यहां

अमृत कुंड को रोग निवारण का चमत्कारी स्रोत माना जाता है। स्थानीय लोग बताते हैं कि इसके जल का छिड़काव करने से शारीरिक कष्ट घटते हैं। यात्रा के दौरान थके भक्त यहां बैठकर ध्यान और प्रार्थना करते हैं। ठंडी बर्फ के बीच यह कुंड मानसिक शांति का अनोखा केंद्र बन जाता है। कई श्रद्धालु यहां घंटों बिताते हैं।

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लुप्त हो चुके हैं तीन कुंड

केदारनाथ में तीन कुंड अब दिखाई नहीं देते, लेकिन उनकी कहानियां सुनने लायक हैं। हवन कुंड पहले मंदिर के सामने था, लेकिन प्राकृतिक आपदा में मिट गया। रेतस कुंड कामदेव और रति की प्रेम कथा से जुड़ा है। कहा जाता है, मंत्र पढ़ने पर इसमें बुलबुले उठते थे। हंस कुंड में पितरों का तर्पण और अस्थियां विसर्जित की जाती थीं।

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यात्रियों के लिए जरूरी सलाह

ऊंचाई वाले इस क्षेत्र में मौसम पलक झपकते बदलता है। गर्म कपड़े, दवाएं और ऑक्सीजन की बोतल साथ रखना बेहद जरूरी है। सुबह जल्दी दर्शन करने से भीड़ कम रहती है और समय भी बचता है। प्रशासन ने इस बार रास्तों की मरम्मत और मेडिकल सुविधाओं के खास इंतजाम किए हैं। हेलिकॉप्टर सेवा भी पूरी तरह चालू है।

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.

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First published on: Apr 22, 2026 06:19 PM

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Shyamnandan

साल 2006 में 'सिविल सर्विसेज क्रॉनिकल' मैगजीन से बतौर सब-एडीटर जर्नलिज्म की दुनिया में एंट्री करने वाले श्यामनंदन को लगभग 20 वर्षों का कार्यानुभव है। बनारस हिन्दू यूनिवर्सिटी (BHU) के स्टूडेंट रहे ये हमेशा से एक्सपेरिमेंटल रहे हैं। डिजिटल दुनिया में इनकी पैठ साल 2009 में मोबाइल वैस (Mobile VAS) कंटेंट से हुई। हिंदुस्तान टाइम्स (HT Media), इंडिकस एनालिटिक्स की लाइव मोबाइल (LiveMobile), इंस्टामेज जैसी कंपनियों में मोबाइल प्लेटफॉर्म के लिए काम करते-समझते और जल्द ही कई पायदान लांघते हुए प्रोडक्ट मैनेजर बने। मोबाइल प्लेटफॉर्म की समझ ने इनके एनडीटीवी (NDTV) में जाने का रास्ता आसान बनाया। इनके खाते में एनडीटीवी (NDTV) की 'आस्था' और 'जॉब अलर्ट्स' पेज लॉन्च करने का श्रेय दर्ज है। यहीं से इनकी वास्तविक ऑनलाइन जर्नलिज्म शुरू हुई। इंटरनेशनल रिलेशंस, जियो-पॉलिटिक्स, एनवायरनमेंट, साइंस टेक, एजुकेशन, हेल्थ, लाइफस्टाइल, फैशन और व्यंजन-रेसपी पर काफी लिखने के बाद ये 'धर्म और ज्योतिष' कंटेंट में रम गए। इस विषय को और गहराई से समझने और प्रस्तुत करने लिए इन्होंने भारतीय विद्या भवन (BVB), नई दिल्ली से एस्ट्रोलॉजी का कोर्स कंप्लीट किया। वर्तमान में News24 में धर्म और ज्योतिष सेक्शन के लिए अपनी सेवाएं दे रहे श्यामनंदन, बंसल न्यूज (भोपाल) के 'वेबसाईट हेड' भी रह चुके हैं। इनकी एक बड़ी खासियत है, रणनीति और योजना के साथ आगे बढ़ना। इनको YouTube और Facebook के लिए कंटेंट क्रिएशन और कंटेंट प्रमोशन के साथ-साथ SEO, SMO और SMM की अच्छी समझ है। जहां तक हॉबी की बात है, इनको पटकथा (Screenplay) और गजल लिखने, फिल्म देखने, खाना बनाने और पेंटिंग में विशेष रूचि है। संपर्क करें: 📧 Email: shyam.nandan@bagconvergence.in 🔗 LinkedIn: https://www.linkedin.com/in/shyamnandan-kumar/ 🐦 Twitter/X: @Shyamnandan_K

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साल 2006 में 'सिविल सर्विसेज क्रॉनिकल' मैगजीन से बतौर सब-एडीटर जर्नलिज्म की दुनिया में एंट्री करने वाले श्यामनंदन को लगभग 20 वर्षों का कार्यानुभव है। बनारस हिन्दू यूनिवर्सिटी (BHU) के स्टूडेंट रहे ये हमेशा से एक्सपेरिमेंटल रहे हैं। डिजिटल दुनिया में इनकी पैठ साल 2009 में मोबाइल वैस (Mobile VAS) कंटेंट से हुई। हिंदुस्तान टाइम्स (HT Media), इंडिकस एनालिटिक्स की लाइव मोबाइल (LiveMobile), इंस्टामेज जैसी कंपनियों में मोबाइल प्लेटफॉर्म के लिए काम करते-समझते और जल्द ही कई पायदान लांघते हुए प्रोडक्ट मैनेजर बने। मोबाइल प्लेटफॉर्म की समझ ने इनके एनडीटीवी (NDTV) में जाने का रास्ता आसान बनाया। इनके खाते में एनडीटीवी (NDTV) की 'आस्था' और 'जॉब अलर्ट्स' पेज लॉन्च करने का श्रेय दर्ज है। यहीं से इनकी वास्तविक ऑनलाइन जर्नलिज्म शुरू हुई। इंटरनेशनल रिलेशंस, जियो-पॉलिटिक्स, एनवायरनमेंट, साइंस टेक, एजुकेशन, हेल्थ, लाइफस्टाइल, फैशन और व्यंजन-रेसपी पर काफी लिखने के बाद ये 'धर्म और ज्योतिष' कंटेंट में रम गए। इस विषय को और गहराई से समझने और प्रस्तुत करने लिए इन्होंने भारतीय विद्या भवन (BVB), नई दिल्ली से एस्ट्रोलॉजी का कोर्स कंप्लीट किया। वर्तमान में News24 में धर्म और ज्योतिष सेक्शन के लिए अपनी सेवाएं दे रहे श्यामनंदन, बंसल न्यूज (भोपाल) के 'वेबसाईट हेड' भी रह चुके हैं। इनकी एक बड़ी खासियत है, रणनीति और योजना के साथ आगे बढ़ना। इनको YouTube और Facebook के लिए कंटेंट क्रिएशन और कंटेंट प्रमोशन के साथ-साथ SEO, SMO और SMM की अच्छी समझ है। जहां तक हॉबी की बात है, इनको पटकथा (Screenplay) और गजल लिखने, फिल्म देखने, खाना बनाने और पेंटिंग में विशेष रूचि है। संपर्क करें: 📧 Email: shyam.nandan@bagconvergence.in 🔗 LinkedIn: https://www.linkedin.com/in/shyamnandan-kumar/ 🐦 Twitter/X: @Shyamnandan_K

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