Ram Mandir inauguration date time: अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि पर बने मंदिर का उद्घाटन 22 जनवरी को किया जाएगा। इसी दिन रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा की जाएगी। ऐसे में यह सवाल मन में आता है कि 22 जनवरी की तारीख ही क्यों मंदिर के उद्घाटन के लिए चुनी गई, कोई और तारीख क्यों नहीं चुनी गई? आइए, इन सभी सवालों के जवाब जानते हैं…
15 जनवरी से शुरू हो जाएंगे अनुष्ठान
मकर संक्रांति के एक दिन बाद 15 जनवरी से रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा के लिए अनुष्ठान शुरू हो जाएंगे। प्राण-प्रतिष्ठा के लिए 22 जनवरी एक शुभ तिथि है, क्योंकि इस दिन मृगशिरा नक्षत्र, अमृत सिद्धि योग और सर्वार्थ सिद्ध योग का अनोखा संयोग बन रहा है।
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कब होगी रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा?
रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा समारोह 22 जनवरी को दोपहर 12 बजकर 20 मिनट पर होगा। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी मौजूद रहेंगे। इसके साथ ही, देश के कोने-कोने बुलाए गए साधु-संत, महामंडलेश्वर और कार सेवकों के परिजन भी समारोह की शोभा बढ़ाएंगे।
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष ने टाइम्स ऑफ इंडिया से बातचीत के दौरान बताया कि पंचाग के अनुसार 22 जनवरी को दोपहर तीन बजकर 52 मिनट से मृगशिरा नक्षत्र शुरू होगा, जो 23 जनवरी को शाम चार बजकर 58 मिनट पर खत्म होगा। इसी अवधि के दौरान अमृत सिद्धि योग और सर्वार्थ सिद्धि योग भी बन रहा है, जोकि बहुत शुभ है। इसीलिए रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा इस दिन किया जाएगा।
ट्रस्ट के मुताबिक, प्राण-प्रतिष्ठा समारोह से पहले रामलला एक विशेष रथ पर सवार होकर पूरे अयोध्या की परिक्रमा करेंगे। इस समारोह का आयोजन काशी के विद्वानों की देखरेख में होगा।
15 अगस्त से 22 जनवरी की तुलना
ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने 22 जनवरी की तुलना 15 अगस्त से करते हुए कहा कि 15 अगस्त 1947 के जितना ही 22 जनवरी 2024 भी महत्वपूर्ण है। महासचिव ने कहा कि मंदिर निर्माण को लेकर अयोध्या के लोगों में संतुष्टि की भावना है। उन्होंने कहा कि 1983 के बाद से पूरे देश के लोग राम मंदिर से जुड़ने लगे। यह मंदिर पूरे देश के सम्मान का विषय है।