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हेल्थ

महिलाओं की आंतें क्यों होती हैं ज्यादा सेंसिटिव? रिसर्च में बताया इस हार्मोन की वजह से बढ़ती है समस्या

Gut Sensitivity In Women: इस रिसर्च में बताया गया है कि खाने की कुछ चीजें जैसे लहसुन, सेब, गेहूं और डेयरी प्रोडक्ट्स महिलाओं की आंतों को नुकसान पहुंचाने का काम कर रहे हैं. खासतौर से उन महिलाओं को जिनका एस्ट्रोजन हार्मोन का स्तर ज्यादा है.

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Edited By : Shadma Muskan Updated: Jan 14, 2026 15:02
Hormonal Influence On Gut
महिलाओं की गट हेल्थ को लेकर किया गया है रिसर्च- Image Credit- Shutterstock

Hormonal Influence On Gut: अक्सर महिलाओं के पेट में दर्द, गैस बनने और ब्लीडिंग ज्यादा आने जैसी समस्याएं होती हैं. इन बीमारियों का स्तर पुरुषों की तुलना में ज्यादा होता है और महिलाओं में होने की वजह समझ नहीं आती है. लेकिन, आपको बता दें कि इसको लेकर एक रिसर्च की गई थी, जिसमें खुलासा किया गया है कि पुरुषों की तुलना में महिलाओं को आंतें ज्यादा सेंसिटिव होती हैं. इसके पीछे कोई बीमारी नहीं बल्कि शरीर में हार्मोन एस्ट्रोजन का ज्यादा होना है. आइए इस लेख में जानते हैं कि महिलाओं की आंतें पुरुषों की तुलना में अधिक नाजुक क्यों होती हैं.

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महिलाओं की गट हेल्थ को लेकर किया गया है रिसर्च 

यह रिसर्च महिलाओं की गट हेल्थ को लेकर है. इसमें खुलासा किया गया है कि महिलाओं की गट की नसें ज्यादा सेंसिटिव होती हैं. इसकी वजह से उन्हें दर्द, पेट में गैस बनना और बहुत सारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है.

इस हार्मोन की वजह से बढ़ती है समस्या

रिसर्च के मुताबिक गट में होने वाली परेशानी एस्ट्रोजन की मात्रा ज्यादा होने की वजह से बढ़ती है. कहा जाता है कि यह हार्मोन बड़ी आंत में जाकर PYY के स्तर को बढ़ा देता है. इससे सेरोटोनिन का स्तर भी बढ़ जाता है और नसों पर प्रभाव पड़ता है. हालांकि, यह शोध चूहे पर की गई थी. 

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डाइट और आंतों के सेंसिटिव होने के बीच में संबंध 

रिसर्च के मुताबिक कुछ चीजें ऐसी हैं जो आंतों की हेल्थ को प्रभावित कर रही हैं. इसमें कार्बोहाइड्रेट प्रोडक्ट्स, लहसुन, सेब, गेहूं और डेयरी प्रोडक्ट आदि शामिल हैं. रिसर्च के मुताबिक यह उन महिलाओं को प्रभावित करते हैं जिनका एस्ट्रोजन ज्यादा होता है. 

IBS और हार्मोनल कनेक्शन

इस रिसर्च में यह भी बताया गया है कि कैसे हार्मोनल गतिविधि, पाचन प्रक्रियाओं और नसों के रिस्पॉन्स एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं. ऐसे में अगर इस एस्ट्रोजन को सही वक्त पर रोका जा सके तो पाचन से संबंधित होने वाली परेशानियों को रोका जा सकता है.

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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.

First published on: Jan 14, 2026 03:02 PM

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