Kids Constipation: बड़ों की ही तरह बच्चों में भी कब्ज की दिक्कत देखी जाती है. कब्ज का मतलब है बच्चे को मलत्याग करने में दिक्कत आना. छोटे बच्चों को पानी और फाइबर की कमी से कब्ज हो सकती है. अगर बच्चे को मल नहीं आ रहा है या फिर बच्चे का मल सॉफ्ट नहीं है तो इसका मतलब है कि उसे कब्ज की दिक्कत हो गई है. इसी बारे में बताते हुए आयुर्वेदिक एक्सपर्ट गौरव शर्मा ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट से वीडियो शेयर करके बताया है कि बच्चे को कब्ज से किस तरह राहत दिलाई जा सकती है.
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कब्ज से राहत के लिए नाभि में डालें यह तेल
आयुर्वेदिक एक्सपर्ट की सलाह है कि बच्चा अगर कब्ज से परेशान हो तो उसकी नाभि में कैस्टर ऑयल यानी अरंडी के तेल की 2 से 3 बूंदे डाल दें. जल्द ही बच्चे की कब्ज ठीक हो जाएगी.
बच्चे को कब्ज क्यों हो जाती है
बच्चे को शरीर में पानी की कमी से, ज्यादा दूध पीने से, मल को रोकने से, शारीरिक गतिविधि की कमी से या फिर किसी दवा के साइड इफेक्ट से कब्ज हो सकती है.
बच्चों में कब्ज के लक्षण
- बच्चों को कब्ज हो जाए तो हफ्ते में 3 बार से कम मलत्याग होता है.
- बहुत सख्त या सूखा मल आ सकता है.
- मलत्याग करते हुए दर्द हो सकता है या बच्चा रोने लगता है.
- देर तक जोर लगाने पर भी मलत्याग नहीं होता है.
- खाना खाने के बाद भी मलत्याग करने में दिक्कत आती है.
ज्यादा दूध पिलाने से परहेज
बच्चे को जरूरत से ज्यादा दूध पिलाने से परहेज करें. ज्यादा दूध भी कब्ज की वजह बन सकता है. बच्चे को उसकी भूख के हिसाब से ही दूध दें.
अगर बच्चा बड़ा है तो क्या करें
अगर बच्चा थोड़ा बड़ा है तो उसकी पानी पीने की मात्रा बढ़ा दें. इसके अलावा, बच्चे के खानपान में फाइबर से भरपूर फूड्स को शामिल करें.
ध्यान रखें यह बात
एक्सपर्ट की सलाह है कि घरेलू नुस्खों का इस्तेमाल करते समय सावधानी बरतना जरूरी होता है. अगर बच्चे को कब्ज के साथ ही पेट में दर्द होता है, उल्टी होती है या बच्चा बहुत ज्यादा परेशान रहता है तो डॉक्टर की सलाह जरूर लें.
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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.
Kids Constipation: बड़ों की ही तरह बच्चों में भी कब्ज की दिक्कत देखी जाती है. कब्ज का मतलब है बच्चे को मलत्याग करने में दिक्कत आना. छोटे बच्चों को पानी और फाइबर की कमी से कब्ज हो सकती है. अगर बच्चे को मल नहीं आ रहा है या फिर बच्चे का मल सॉफ्ट नहीं है तो इसका मतलब है कि उसे कब्ज की दिक्कत हो गई है. इसी बारे में बताते हुए आयुर्वेदिक एक्सपर्ट गौरव शर्मा ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट से वीडियो शेयर करके बताया है कि बच्चे को कब्ज से किस तरह राहत दिलाई जा सकती है.
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कब्ज से राहत के लिए नाभि में डालें यह तेल
आयुर्वेदिक एक्सपर्ट की सलाह है कि बच्चा अगर कब्ज से परेशान हो तो उसकी नाभि में कैस्टर ऑयल यानी अरंडी के तेल की 2 से 3 बूंदे डाल दें. जल्द ही बच्चे की कब्ज ठीक हो जाएगी.
बच्चे को कब्ज क्यों हो जाती है
बच्चे को शरीर में पानी की कमी से, ज्यादा दूध पीने से, मल को रोकने से, शारीरिक गतिविधि की कमी से या फिर किसी दवा के साइड इफेक्ट से कब्ज हो सकती है.
बच्चों में कब्ज के लक्षण
- बच्चों को कब्ज हो जाए तो हफ्ते में 3 बार से कम मलत्याग होता है.
- बहुत सख्त या सूखा मल आ सकता है.
- मलत्याग करते हुए दर्द हो सकता है या बच्चा रोने लगता है.
- देर तक जोर लगाने पर भी मलत्याग नहीं होता है.
- खाना खाने के बाद भी मलत्याग करने में दिक्कत आती है.
ज्यादा दूध पिलाने से परहेज
बच्चे को जरूरत से ज्यादा दूध पिलाने से परहेज करें. ज्यादा दूध भी कब्ज की वजह बन सकता है. बच्चे को उसकी भूख के हिसाब से ही दूध दें.
अगर बच्चा बड़ा है तो क्या करें
अगर बच्चा थोड़ा बड़ा है तो उसकी पानी पीने की मात्रा बढ़ा दें. इसके अलावा, बच्चे के खानपान में फाइबर से भरपूर फूड्स को शामिल करें.
ध्यान रखें यह बात
एक्सपर्ट की सलाह है कि घरेलू नुस्खों का इस्तेमाल करते समय सावधानी बरतना जरूरी होता है. अगर बच्चे को कब्ज के साथ ही पेट में दर्द होता है, उल्टी होती है या बच्चा बहुत ज्यादा परेशान रहता है तो डॉक्टर की सलाह जरूर लें.
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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.