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घर में चप्पल पहनकर चलने से खराब हो सकते हैं घुटने? ऑर्थोपेडिक सर्जन ने किया चौंकाने वाला खुलासा

Slippers And Knee Pain: क्या आप जानते हैं घर में चप्पल पहनकर घूमना भी आपके घुटनों के लिए नुकसानदायक हो सकता है? जानिए घुटनों को डैमेज से बचाने के लिए क्या सलाह दे रहे हैं ऑर्थोपेडिक सर्जन.

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Knee Pain Causes: घर में सही चप्पल ना पहनना घुटनों के दर्द का कारण बन सकता है. चप्पल फर्श और पैरों के बीच आने वाली लेयर है. अगर चप्पल ठीक ना हो तो सीधा घुटनों पर असर पड़ता है. इसी बारे में बताते हुए ऑर्थोपेडिक सर्जन डॉ. मीर जवाद ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल से पोस्ट शेयर किया है. डॉक्टर ने बताया है कि घर के अंदर चप्पल (Chappal) पहनकर घूमना किस तरह आपके घुटनों को प्रभावित करता है. साथ ही, डॉक्टर से जानिए किस तरह की चप्पल पहननी चाहिए.

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चप्पल के कारण घुटनों में दर्द

ऑर्थोपेडिक सर्जन ने बताया कि घर में चप्पल पहनकर घूमने से घुटने अंदर से खराब हो सकते हैं. ज्यादातर भारतीय घरों में हार्ड मार्बल के टाइल्स होते हैं. अगर आप दिनभर इस फर्श पर फ्लैट चप्पल पहनकर चलते हैं तो घुटने सामान्य से कई ज्यादा इंपैक्ट एब्जॉर्ब करते हैं. यह नोटिस में नहीं आता क्योंकि यह धीरे-धीरे होता है, लेकिन हफ्तों और सालों तक ऐसा होते रहे तो घुटनों पर लोड बढ़ता चला जाता है.

घुटने के अंदर कार्टिलेज होता है जो हड्डियों के बीच एक कुशन की तरह काम करता है. सर्जन बताते हैं कि जब यह कुशन खराब होने लगता है तो रोजमर्रा के काम जैसे चढ़ना, उतरना या कुर्सी से उठना मुश्किल होने लगता है. इन कामों को करते हुए घुटनों में दर्द होने लगता है. इससे घुटने धीरे-धीरे खराब होने लगते हैं.

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कैसी चप्पल पहनें

डॉक्टर ने बताया कि अगर आप घर पर चप्पल पहनना चाहते हैं तो ऐसी चप्पल चुनें जो कम से कम 5 मिलीमीटर मोटी हो. चप्पल का थिक कुशन होना चाहिए. चप्पल में आर्च सपोर्ट होना चाहिए जिससे आपका पैर जमीन पर सपाट ना पड़े. अपनी चप्पल को हर 6 महीने में बदलें. एक अच्छी चप्पल पर अभी पैसे खर्च कर दिए जाएं तो आगे चलकर घुटनों की सर्जरी नहीं करवानी पड़ेगी.

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घुटनों के दर्द के और क्या कारण हो सकते हैं

  • किसी तरह की अंदरूनी चोट लगने पर घुटनों में दर्द हो सकता है.
  • घुटनों के कार्टिलेज के फटने पर घुटनों में दर्द हो सकता है.
  • घुटनों में सूजन के कारण दर्द होता है.
  • गठिया या गाउट के कारण जोड़ों में दर्द (Joint Pain) महसूस हो सकता है.
  • मोटापा भी घुटनों के दर्द की एक बड़ी वजह है.
  • मांसपेशियों में कमजोरी और लचीलेपन की कमी से घुटनों में दर्द हो सकता है.
  • अगर घुटनों पर ज्यादा जोर डाला जाए तो दर्द होता है.

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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.

First published on: Jul 22, 2026 04:18 PM

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About the Author

Seema Thakur

सीमा ठाकुर पत्रकारिता से पिछले 7 सालों से जुड़ी हैं. न्यूज24 में सीमा बतौर चीफ सब एडिटर काम कर रही हैं. सीमा हेल्थ और लाइफस्टाइल बीट पर लिखती हैं और कॉन्टेन्ट क्रिएशन के साथ ही टीम लीड की भूमिका भी निभा रही हैं. न्यूज24 में सीमा ने अपनी बीट से हटकर इलेक्शंस की स्टोरीज पर भी काम किया है. हेल्थ और लाफस्टाइल से जुड़ी स्टडीज, लेटेस्ट न्यूज और एक्सपर्ट्स/डॉक्टर्स से बातचीत पर आधारित लेख लिखने में सीमा की मजबूत पकड़ है. सीमा हेल्थ खबरों और लेटेस्ट अपडेट के लिए AIIMS, ICMR, WHO,  स्वास्थ्य मंत्रालय जैसे संस्थानों के विशेषज्ञों और डॉक्टरों के संपर्क में रहती है. अनुभव सीमा ने पत्रकारिता की शुरुआत दिल्ली प्रेस ग्रुप से की थी जहां वे सरिता, मुक्ता और गृहशोभा मैग्जीन में वुमेन ओरिएंटेड, सोशल, लाइफस्टाइल, हेल्थ और बॉलीवुड के अलावा पॉलिटकल आर्टिकल्स लिखती थीं. सीमा को प्रूफरीडिंग और एडिटिंग का भी खासा अनुभव है. प्रिंट में काम करने के दौरान सीमा की हिंदी भाषा में अच्छी पकड़ है. दिल्ली प्रेस के बाद सीमा डायमंड पब्लिशिंग हाउस से जुड़ी थीं जहां उन्होंने मैग्जीन और वेबसाइट दोनों के लिए काम किया. डायमंड पब्लिशिंग हाउस के बाद सीमा ने NDTV के साथ डिजिटल मीडिया में अपना करियर शुरू किया. NDTV में सीमा ने राइटर के साथ ही वीडियो प्रोड्यूसर, एंकर और पॉडकास्टर के तौर पर भी काम किया. लाइफस्टाइल वीडियोज और बॉलीवुड गोल्ड सीरीज को प्रोड्यूस और एंकर करने के साथ ही वे बॉलीवुड पॉडकास्ट किया करती थीं. वीडियो प्रोडक्शन में सीमा का इंटरेस्ट और पकड़ यहीं से आई है. शिक्षा सीमा ने दिल्ली विश्वविद्यालय के दीन दयाल उपाध्याय कॉलेज से बी.ए किया है. इसके बाद जामिया मिलिया इस्लामिया से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. जामिया की पीजी डिप्लोमा इन जर्नलिज्म डिपार्टमेंट की मैग्जीन में सीमा स्टूडेंट एडिटर और अपने बैच की कॉन्टेंट हेड रह चुकी हैं. अनुभव - 7 साल शिक्षा - जामिया मिलिया इस्लामिया से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा पिछला अनुभव - NDTV, दिल्ली प्रेस, डायमंड पब्लिशिंग हाउस

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