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BMC में ‘देवेंद्र-रविंद्र’ की जोड़ी का कमाल… ऐसे पूरा हुआ मुंबई में BJP का मेयर बनाने का सपना, जानें- कैसे ढहाया उद्धव ठाकरे का ‘किला’

मुंबई के 227 वार्डों में से भाजपा ने 89, शिवसेना (यूबीटी) ने 65, शिवशेना (शिंदे) ने 29, कांग्रेस ने 24, मनसे ने 6, एनसीपी (अजित पवार) ने 3 और एनसीपी (शरद पवार) ने 1 में जीत हासिल की है. (राहुल पांडे की रिपोर्ट)

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महाराष्ट्र में नगर पालिका और नगर पंचायत चुनाव के बाद हुए BMC सहित 29 महानगर पालिका चुनाव में भारतीय जनता पार्टी का जादू चला है. देवेंद्र और रविंद्र की जोड़ी बीएमसी चुनाव में भी हिट साबित हुई है. सबसे अहम है बृहन्मुंबई महानगरपालिका के चुनाव में भाजपा का चला जादू. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र चौहान की सटीक रणनीति की बदौलत मुंबई में भाजपा का मेयर बनाने का सपना पूरा हुआ.

वोटर्स की नब्ज की समझ

महानगरपालिका चुनावों के नतीजों से यह साफ हो गया कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने जो ‘विकसित महाराष्ट्र’ के विचार को वोटर्स के सामने रखा, उसे पूरा समर्थन मिला. इसी के साथ अर्बन वोटर्स की नब्ज को बखूबी समझने वाले भाजपा प्रदेशाध्यक्ष रविंद्र चव्हाण का विचारधारा के साथ खड़े रहने के आह्वान को भी वोटर्स ने पॉजिटिव रेस्पोंस दिया. इसके नतीजे बीएमसी चुनाव में दिखे. पिछले वर्ष जनवरी में रविंद्र चव्हाण ने जब भाजपा प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाली थी, तब उन्होंने राज्य में डेढ़ करोड़ प्राथमिक सदस्यों का लक्ष्य पूरा किया था.

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रणनीति और टिकट बंटवारा

भाजपा अक्सर नीतियां बनाकर जमीन पर लागू करने में विश्वास रखती है. पार्टी के लिए चुनावी रणनीति, प्रचार-प्रसार और टिकट बंटवारा, सभाओं की योजना के साथ-साथ विपक्ष की ताकत और कमजोरियों को परखने की क्षमता भाजपा के लिए देवेंद्र फडणवीस और रविंद्र चव्हाण के पास साफ दिखाई देती है. राजनीतिक पंडितों की माने तो सरकार और भाजपा महाराष्ट्र प्रदेश संगठन के बीच बेहतर समन्वय भी जीत के पीछे बड़ी वजह है. जिसे भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ने बखूबी ने निभाया है.

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र चव्हाण की पहचान जमीन से जुड़े कार्यकर्ताओं के रूप में होती है. चुनाव के दौरान विपक्ष ने चव्हाण के पहनावे पर भी सवाल खड़े किए. उनके बयानों और पहनावे को लेकर हुई व्यक्तिगत आलोचनाओं से रविंद्र चव्हाण बिल्कुल भी विचलित नहीं हुए. उलटे उन्होंने विपक्ष को जनता को गैरजरूरी मुद्दों में उलझाकर रखने वाला बताया और जीत का रास्ता और आसान कर दिया. विपक्ष द्वारा की गई व्यक्तिगत टिप्पणी की जनता की नजर में कोई खास कीमत नहीं है, यह भी इन चुनावों से साफ हो गया.

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सियासी अनुभव का फायदा

अपने 25 वर्षों के राजनीतिक सफर में रविंद्र चव्हाण हर आलोचना के बाद और एक कदम आगे बढ़ते ही दिखाई दिए हैं. लगातार संघर्ष करते हुए सफलता हासिल करने वाले रविंद्र चव्हाण जैसे नेता को महाराष्ट्र की जनता ने अभी पूरी तरह से देखा या समझा नहीं है और न ही राजनीतिक विश्लेषकों ने उनका गहराई से अध्ययन किया है. भाजपा की जीत के साथ यह स्पष्ट हो गया कि रविंद्र चव्हाण, महाराष्ट्र की राजनीति में एक परिपक्व और अनुभवी नेता के रूप में उभरे हैं.

शहरों में मजबूत पकड़

देवेंद्र फडणवीस, रविंद्र चव्हाण की ताकतों से भली-भांति परिचित हैं. पार्टी के लिए 24 घंटे समर्पित अध्यक्ष के रूप में उनका महत्व फडणवीस अच्छी तरह जानते हैं. शहरी महाराष्ट्र की राजनीति का चव्हाण का अनुभव और उनकी हमेशा ‘चुनाव के लिए तैयार’ वाली कार्यशैली को भी देवेंद्र फडणवीस पहचानते हैं. इसके अलावा, ढाई वर्षों तक सार्वजनिक बांधकाम मंत्री के रूप में काम करते हुए रविंद्र चव्हाण ने पूरे महाराष्ट्र का दौरा किया और विभाग के जरिए विकास कार्य करते हुए जिन कार्यकर्ताओं और लोगों को पहचाना और जोड़ा, वे आज भाजपा के लिए बेहद उपयोगी साबित हुए हैं.

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First published on: Jan 17, 2026 10:25 AM

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About the Author

Arif Khan

आरिफ खान मंसूरी न्यूज 24 में बतौर डिप्टी न्यूज एडिटर कार्यरत हैं. आरिफ को डिजिटल पत्रकारिता में 15 वर्ष से ज्यादा अनुभव हैं. उन्होंने 2014, 2019 और 2024 के लगातार तीन लोकसभा चुनाव के अलावा पिछले 15 सालों में देशभर में हुए विधानसभा चुनावों की भी व्यापक कवरेज की है. न्यूज 24 से पहले उन्होंने देश के कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की थी, यहां देश, दुनिया और पॉलिटिक्स की खबरों पर काम किया. आरिफ ने इसके बाद इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप की हिंदी वेबसाइट जनसत्ता के साथ अपनी पारी शुरू की. इसके बाद उन्होंने हिंदुस्तान टाइम्स की हिंदी न्यूज वेबसाइट लाइवहिंदुस्तान ज्वाइन कर लिया. लाइवहिंदुस्तान.कॉम के बाद वह एनडीटीवी ग्रुप के साथ जुड़ गए. एनडीटीवी में करीब छह साल तक काम करने के बाद न्यूज24 के साथ जुड़ गए. न्यूज24 में भी होमपेज की जिम्मेदारी संभालते हैं. शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से कला संकाय में स्नातक और मास्टर ऑफ जर्नलिज्म की डिग्री हासिल की है. आरिफ देश, विदेश और राजनीति से जुड़ी खबरों के अलावा एक्सप्लेनर लिखने में भी माहिर हैं.

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