PM Kisan 21st Installment 2025: सरकार जम्मू-कश्मीर के बाढ़ और भूस्खलन प्रभावित किसानों के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पीएम किसान) योजना की 21वीं किस्त पहले ही जारी कर चुकी है. अब उन राज्यों के किसानों को अपनी किस्त का इंतजार है, जहां किस्त के पैसे जारी नहीं किए गए हैं.
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के बीच प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना (Pradhan Mantri Kisan Samman Nidhi Yojana) की 21वीं किस्त को लेकर उम्मीद की जा रही है कि किसानों के खातों में जल्द ही जमा हो जाएगी.
बता दें कि इस योजना के जरिए, केंद्र सरकार किसानों को उनकी खेती और रोजमर्रा की जरूरतों में मदद के लिए सालाना 6,000 रुपये की आर्थिक मदद देती है. अब तक 20 किस्तें जारी की जा चुकी हैं और लाखों किसान 21वीं किस्त का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं, जो नवंबर 2025 की शुरुआत में मिलने की उम्मीद है.
किसानों के लिए ई-केवाईसी जरूरी
हर किसान के लिए ईकेवाईसी जरूरी है. ई-केवाईसी के अभाव में किसान 2000 रुपये की किस्त से वंचित हो सकते हैं. इसलिए समय रहते ई-केवाईसी जरूर करा लें. ई-केवाईसी (इलेक्ट्रॉनिक नो योर कस्टमर) सभी पीएम किसान लाभार्थियों के लिए अनिवार्य है. इसके बिना, किसान का नाम लाभार्थी सूची से हटाया जा सकता है.
आप तीन आसान तरीकों से ई-केवाईसी पूरा कर सकते हैं:
ओटीपी-आधारित ई-केवाईसी: यदि आपका आधार आपके मोबाइल नंबर से जुड़ा है, तो पीएम किसान की वेबसाइट पर जाएं और ओटीपी का उपयोग करके वेरिफाई करें.
बायोमेट्रिक ई-केवाईसी: फिंगरप्रिंट प्रमाणीकरण के लिए अपने नज़दीकी कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) पर जाएं.
चेहरे से प्रमाणीकरण: वरिष्ठ नागरिकों और शारीरिक रूप से अक्षम किसानों के लिए अब सीएससी पर एक विशेष सुविधा उपलब्ध है, जो चेहरे की पहचान के जरिए ई-केवाईसी की अनुमति देती है.
योजना की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, पीएम किसान पंजीकृत किसानों के लिए ई-केवाईसी अनिवार्य है.
पीएम किसान के लाभ कैसे देखें?
https://pmkisan.gov.in/ पर जाएं.
दाईं ओर दिए गए “अपनी स्थिति जानें” पर क्लिक करें.
अपना पंजीकरण नंबर दर्ज करें, कैप्चा कोड दर्ज करें और “डेटा प्राप्त करें” चुनें.
अब आपकी किस्त की स्थिति स्क्रीन पर दिखाई देगी.
वेबसाइट पर “लाभार्थी सूची” टैब पर क्लिक करें.
अपना राज्य, जिला, ब्लॉक और गांव चुनें.
“रिपोर्ट प्राप्त करें” पर क्लिक करें.
इससे आपके गांव के सभी लाभार्थियों की सूची खुल जाएगी.
जरूरत पड़ने पर किसान हेल्पलाइन नंबर 155261 या 011-24300606 पर संपर्क कर सकते हैं.