अगर आप रोज सुबह अपनी बाइक या कार की टंकी फुल कराने से पहले पेट्रोल-डीजल के रेट चेक करते हैं, तो 1 अक्टूबर 2026 की सुबह आपके लिए एक मिली-जुली खबर लेकर आई है. केंद्र सरकार ने 1 अक्टूबर से शुरू होने वाले नए पखवाड़े के लिए डीजल और एटीएफ (ATF) के निर्यात (Export) पर विंडफॉल टैक्स (Windfall Tax) में बड़ी कटौती कर दी है.
लेकिन क्या सरकार के इस फैसले से पेट्रोल पंप पर आपको पेट्रोल और डीजल सस्ता मिलेगा? आइए, आज की रेट लिस्ट और क्रूड ऑयल का पूरा गणित समझते हैं.
क्या सस्ता हुआ पेट्रोल-डीजल?
इसका जवाब है नहीं. सरकारी तेल कंपनियों HPCL, IOCL और BPCL के जारी नए रेट्स के मुताबिक, घरेलू पेट्रोल-डीजल की कीमतों में न तो कोई कटौती हुई है और न ही बढ़ोतरी. यानी पेट्रोल पंप पर पेट्रोल-डीजल के दाम कल जितने ही स्थिर हैं.
देश के प्रमुख शहरों में आज के रेट:
नई दिल्ली: पेट्रोल 102.12 रुपये प्रति लीटर | डीजल 95.20 रुपये प्रति लीटर
अंडमान-निकोबार के पोर्ट ब्लेयर में पेट्रोल 88.66 रुपये और डीजल 84.56 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है.
देश में सबसे महंगा पेट्रोल आंध्र प्रदेश के चित्तूर में बिक रहा है. यहां पेट्रोल 118.34 रुपये और डीजल 106.06 रुपये प्रति लीटर पर पहुंच चुका है.
आपके शहर में आज पेट्रोल डीजल का भाव
नोएडा / ग्रेटर नोएडा : 102.12 | 95.56
लखनऊ : 102.68 | 96.10
गुरुग्राम : 102.97 | 95.64
चेन्नई : 107.76 | 99.55
मुंबई : 111.21 | 97.83
बेंगलुरु : 111.68 | 99.56
जयपुर : 113.19 | 98.25
पटना : 113.37 | 99.36
कोलकाता : 113.51 | 99.82
हैदराबाद : 116.15 | 104.23
टैक्स तो घटा, फिर आम जनता को राहत क्यों नहीं?
वित्त मंत्रालय के जारी नई अधिसूचना के अनुसार, सरकार ने निर्यात पर लगने वाले विशेष अतिरिक्त उत्पाद शुल्क (SAED) और सेस में कटौती की है. यानी डीजल निर्यात पर टैक्स को 20 रुपये से घटाकर 16 रुपये प्रति लीटर कर दिया गया है. वहीं ATF (हवाई ईंधन) निर्यात पर टैक्स 15 रुपये से घटाकर 10.5 रुपये प्रति लीटर कर दिया गया है यानी 4.5 की कटौती की गई है. पेट्रोल निर्यात पर टैक्स में कोई बदलाव नहीं हुआ है. इसे बिना किसी बदलाव के 0.50 रुपये प्रति लीटर ही रखा गया है.
फिर आपकी जेब पर असर क्यों नहीं पड़ा?
यह टैक्स आम जनता के लिए नहीं, बल्कि उन भारतीय रिफाइनरीज और कंपनियों जैसे कि रिलायंस, एस्सार आदि पर लागू होता है जो भारत में बना डीजल-एटीएफ विदेशों में बेचकर भारी मुनाफा कमाती हैं. सरकार ने साफ किया है कि घरेलू खपत के लिए बेचे जाने वाले ईंधन पर कोई शुल्क नहीं घटाया गया है. इसलिए पेट्रोल पंप पर रेट जस के तस बने रहेंगे.
विंडफॉल टैक्स होता क्या है?
जब पश्चिम एशिया या ग्लोबल मार्केट में युद्ध और तनाव के कारण कच्चे तेल के दाम अचानक बढ़ते हैं, तो निर्यातक कंपनियां विदेशी बाजारों में महंगा ईंधन बेचकर बेहिसाब मुनाफा (Windfall Profit) कमाती हैं. इसी मुनाफे में से हिस्सा लेने और देश के अंदर ईंधन की कमी न होने देने के लिए सरकार यह टैक्स लगाती है.
$100 डॉलर के नीचे आया कच्चा तेल
ग्लोबल मार्केट से आज सुबह थोड़ी राहत भरी खबर आई है. अंतरराष्ट्रीय बाजार में क्रूड ऑयल (कच्चा तेल) 100 डॉलर प्रति बैरल के स्तर से नीचे आ गया है. ब्रेंट क्रूड (Brent Crude) आज सुबह करीब $0.37 फिसलकर $97.66 प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा है. वहीं WTI क्रूड (अमेरिकी कच्चा तेल) 49 सेंट गिरकर $89.93 प्रति बैरल के स्तर पर पहुंच गया है.
1 अक्टूबर को आपकी कार या बाइक के फ्यूल बिल में कोई बदलाव नहीं हुआ है. सरकार ने रिफाइनरीज के लिए एक्सपोर्ट टैक्स घटाकर उन्हें थोड़ी राहत दी है, लेकिन आम जनता के लिए पेट्रोल-डीजल के रेट स्थिर हैं. हां, अगर आप बाहर खाना खाने या ढाबे पर जाने के शौकीन हैं, तो कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर 71.50 रुपये तक महंगा होने से बाहर का खाना थोड़ा महंगा हो सकता है.