Ram Katha : श्रीराम ने शत्रुघ्न को क्यों बनाया मथुरा का राजा, जानें पूरी कहानी

Ram Katha Shri Ram Shatrughan lavanasura Interesting Story : श्रीराम ने अपने जीवन में कई धर्मयुद्ध किए, परंतु किसी भी राज्य पर बलपूर्वक अपना अधिकार नहीं किया। उन्होंने केवल मथुरा राज्य को अपने संरक्षण में लेकर अपने भाई काे वहां का राजा नियुक्त किया।

Ram Katha

राम कथा

Ram Katha Shri Ram Shatrughan lavanasura Interesting Story : राम सिया राम… की कड़ी में हम प्रतिदिन कोई ना कोई रोचक किस्सा और कहानी रामचरित मानस के अनुसार आप लोगों के साथ शेयर कर रहे हैं। वहीं आज आपको बताने जा रहे हैं कि श्रीराम ने लंका का राजा रावण के भाई विभीषण को बनाया और किष्किंधा का राजा बालि के छोटे भाई सुग्रीव का बनाया था, लेकिन मथुरा का राजा अपने छोटे भाई शत्रुघ्न को क्यों बनाया…

विज्ञापन

पौराणिक काल में भगवान श्रीराम ने अयोध्या में 11 हजार वर्षो तक शासन किया और इस दौरान उन्होंने कई धर्मयुद्ध किए। तथा कई राजवंशों को समाप्त कर दिया। मान्यता है कि एक बार श्रीराम ने किष्किंधा के राजा महाबलि बालि का वध अपने मित्र और बालि के भाई सुग्रीव के कहने पर कर दिया था और सुग्रीव को वहां का राजा बना दिया।

विज्ञापन

वहीं दूसरी ओर परम शक्तिशाली लंकापति रावण समेत उसके कुल समूल विनाश करने के पश्चात उसके भाई विभीषण को लंका का राजा बना दिया था। परंतु वहीं धर्मशास्त्रों की मानें तो भगवान श्रीराम ने अपने छोटे भाई शत्रुघ्न को मथुरा के राजा लवणासुर का संहार करने के लिए भेजा था और मथुरा को अपने अधिकार में लेकर शत्रुघ्न को ही वहां का राजा घोषित कर दिया था। इसके बाद शत्रुघ्न ने मथुरा पर लंबे समय तक शासन किया।

विज्ञापन

Ram Katha

मान्यता है कि भगवान श्रीराम ने जिस भी राजा का वध किया वहां उस राजा के परिवार के ही किसी व्यक्ति को वहां के राजकाज का भार इसीलिए सौंपा था कि वह व्यक्ति वहां की परिस्थिति और समस्याओं से भलीभांति अवगत था और वह अपने राज्य की जनमानस की भावनाओं को समझता था। इसीलिए श्रीराम ने सुग्रीव को किष्किंधा और रावण के भाई विभीषण को लंका का राजा बनाया था। मान्यता है कि मथुरा का राजा लवणासुर लंकापति रावण का भांजा था और बहुत ही शक्तिशाली राजा था।

विज्ञापन

कहा जाता है कि उसके पास शिव का महाप्रलयंकारी त्रिशूल था। जो भी राजा युद्ध की इच्छा से उसके सामने आता था वह त्रिशूल से उसका अंत कर देता था। इसीलिए कई राजा लवणासुर के हाथों मारे गए और कोई उसका कुछ नहीं बिगाड़ सका। लवणासुर अपने राज्य में ऋषियों को धर्मकर्म के कार्य नहीं करने देता था। उसने वहां सभी प्रकार के धार्मिक अनुष्ठानों पर रोक लगा रखी थी। जिससे वहां ऋषि-मुनियों को परेशानियों का सामना करना पड़ता था।

विज्ञापन

Ram Katha

एक बार चवन ऋषि के कहने पर भगवान श्रीराम ने विशेष निर्देश के साथ मथुरा पर आक्रमण के लिए अपने भाई शत्रुघ्न को भेजा। इसके बाद शत्रुघ्न ने लवणासुर से भारी संग्राम किया और अंत में लवणासुर शत्रुघ्न के हाथों मारा गया। कहा जाता है कि लवणासुर के वध के पश्चात उसके वंश में शासन का भार संभालने के लिए कोई व्यक्ति शेष नहीं बचा था। इसीलिए भगवान श्रीराम ने वहां की प्रजा के हितों को ध्यान में रखते हुए शत्रुघ्न को वहां का राजा बना दिया।

विज्ञापन

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धर्मग्रंथों पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है।News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी उपाय को करने से पहले संबंधित विषय के एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें।

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

/ताज़ा खबरें

विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ