US Iran War Live Updates: इजरायल ने आज लेबनान पर एक साथ कई इलाकों में भारी बमबारी की है. बेरूत, बेकाआ और जनूब में इजरायली हवाई हमलों ने तबाही मचा दी. मात्र 10 मिनट में इजरायल ने दक्षिणी लेबनान में 100 से अधिक ठिकानों पर बम गिराए. स्कूलों में शरण लेने वाले नागरिकों और स्वास्थ्य केंद्रों को भी नुकसान पहुंचा. लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इन हमलों में दर्जनों लोग मारे गए और सैकड़ों घायल हुए.
ईरान-इजरायल और अमेरिका का युद्ध अब अपने छठे हफ्ते में पहुंच गया है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने चेतावनी दी कि ‘पूरे देश को मंगलवार की एक ही रात में कब्जे में लिया जा सकता है.’ यह टिप्पणी होर्मुज स्ट्रेट को फिर से खोलने की उनकी समय सीमा से पहले आई है.
इसके अलावा, सऊदी अरब की वायु रक्षा प्रणालियों ने देश के पूर्वी हिस्से की ओर दागी गई सात बैलिस्टिक मिसाइलों को बीच में ही रोककर नष्ट कर दिया; उसके रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता ने मंगलवार को यह जानकारी दी.
इसके अलावा इजरायल डिफेंस फोर्सेज (IDF) ने मंगलवार को एक सार्वजनिक चेतावनी जारी की, जिसमें पूरे ईरान के लोगों से ट्रेनों और रेलवे इंफ्रास्क्चर का इस्तेमाल न करने की अपील की गई. IDF ने कहा कि ऐसा करने से उनकी जान को खतरा हो सकता है.
ट्रंप ने दी नई टाइमलाइन
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के लिए स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने की एक नई समय-सीमा तय की है. सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में उन्होंने चेतावनी दी कि मंगलवार को रात 8:00 बजे (ईस्टर्न टाइम) तक का ही समय है.
उन्होंने धमकी दी कि अगर तेहरान ने स्ट्रेट को फिर से नहीं खोला, तो वह ईरान के पावर प्लांट और अहम बुनियादी ढांचों पर बमबारी करेंगे. इसके जवाब में, ईरानी अधिकारियों ने कहा कि जब तक देश को युद्ध से हुए नुकसान का मुआवजा नहीं मिल जाता, तब तक स्ट्रेट बंद ही रहेगा.
ताजा अपडेट्स के लिए देखते रहें News24 लाइव.
क्यों अहम है स्ट्रेट ऑफ होर्मुज?
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज एक बेहद अहम समुद्री रास्ता है. यह ओमान और ईरान के बीच है, जो कि फारस की खाड़ी को ओमान की खाड़ी और अरब सागर से जोड़ता है. अमेरिकी ऊर्जा सूचना प्रशासन इसे “दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण तेल ट्रांजिट चोकपॉइंट” यानी तेल का सबसे अहम संकरा रास्ता बताता है.
होर्मुज स्ट्रेट से गुजरता है दुनिया के लिए तेल
इस रास्ते का सबसे संकरा हिस्सा सिर्फ 33 किलोमीटर चौड़ा है और जहाजों के लिए आने-जाने का रास्ता में सिर्फ दो मील तक चौड़ा है, जिस कारण अगर यहां समुद्री ट्रैफिक या जरा सी भी गड़बड़ी होती है, तो पूरी दुनिया के लिए सिरदर्द बन सकता है. सऊदी अरब, यूएई, कुवैत और इराक जैसे ओपेक देशों के तेल कुओं से भारी मात्रा में निकला कच्चा तेल इसी रास्ते से दुनिया के बड़े हिस्से में सप्लाई किया जाता है.
वोर्टेक्स नाम की ऊर्जा और शिपिंग मार्केट रिसर्च कंपनी के मुताबिक, हर दिन करीब दो करोड़ बैरल कच्चा तेल और ईंधन इस समुद्री रास्ते से होकर गुजरता है. कतर, जो दुनिया के सबसे बड़े लिक्विफैड नेचुरल गैस (एलएनजी) उत्पादकों में से एक है. वह भी अपने गैस निर्यात के लिए इस रास्ते पर बहुत ज्यादा निर्भर है.
US Iran War Live Updates: लंदन, UK: सीज़फ़ायर की घोषणा पर, पेंटागन की पूर्व मध्य-पूर्व सलाहकार और Averos Strategies की CEO, जैस्मिन अल-जमाल कहती हैं, "...यह सचमुच एक बहुत ही महत्वपूर्ण कदम है, और इसका हम तहे दिल से स्वागत करते हैं। मेरा मतलब है, आप जानते ही हैं कि इस युद्ध का, जो अब एक महीने से ज़्यादा समय से चल रहा है, मध्य-पूर्व, ईरान, लेबनान और खाड़ी देशों में रहने वाले लोगों पर बहुत गहरा असर पड़ा है। आपने लोगों को हताहत होते, विस्थापित होते, मारे जाते और घायल होते देखा है। इसलिए ज़ाहिर है, इस क्षेत्र में रहने वाले लोगों के लिए यह एक बहुत बड़ी राहत है। और मैं सबसे पहले यह बताना चाहूँगी कि रणनीतिक नज़रिए से, मैं इस खबर को थोड़ा संतुलित करते हुए यह कहना चाहूँगी कि यह एक अस्थायी सीज़फ़ायर है और अमेरिका, इज़रायल और ईरान के बीच जो मूल मुद्दे हैं, उन पर अभी तक कोई बात नहीं हुई है... किसी भी बातचीत की शुरुआत में ऐसा होना बिल्कुल सामान्य बात है, खासकर तब, जब दोनों पक्षों को यह लगता हो कि वे इस स्थिति से विजयी होकर निकल रहे हैं।"
#watch | London, UK: On ceasefire announcement, former Pentagon Middle East advisor and CEO of Averos Strategies, Jasmine El‑Gamal says, "... This is a really important step, and it's a really welcome step. I mean, this has, you know, this war, over a month now, has had a huge… pic.twitter.com/PhUgEWxXZf
— ANI (@ANI) April 8, 2026
लेबनान में हिजबुल्लाह के खिलाफ इजरायल का अभियान जारी है। इजरायली नेतृत्व के निर्देशों के अनुसार IDF ने ईरान के खिलाफ अभियान में गोलीबारी रोक दी है और सुरक्षा के लिए अलर्ट पर है। हम किसी भी उल्लंघन का जवाब देने को तैयार हैं। साथ ही लेबनान में आतंकी संगठन हिजबुल्लाह के खिलाफ लड़ाई और जमीनी अभियान जारी रखे हुए हैं।
होर्मुज स्ट्रेट पर ईरान ही नहीं बल्कि अमेरिका भी लाभ कमाने की फिराक में है। ट्रंप की सोशल मीडिया पोस्ट से जाहिर है कि बड़ा पैसा कमाया जाएगा। एक धमकी वाली लाइन भी लिखी गई है कि हम सुनिश्चित करेंगे कि सब कुछ सही तरीके से चले। ट्रंप का ये कहना साफ करता है कि होर्मुज अब पहला जैसा नहीं रहेगा, बल्कि होर्मुज में अब अमेरिका भी भूमिका निभाएगा।
होर्मुज स्ट्रेट की स्थिति को लेकर अमेरिका में विवाद बढ़ गया है। राष्ट्रपति ट्रंप के डेमोक्रेट विरोधी सीनेटर क्रिस मर्फी ने CNN को दिए बयान में ट्रंप के द्वारा ईरान को बढ़त देने का आरोप लगाया है। ट्रंप के सियासी विरोधियों ने युद्धविराम समझौते को ईरान के पक्ष में बताया है, क्योंकि होर्मुज स्ट्रेट पर ईरान का जारी नियंत्रण दुनिया के लिए विनाशकारी साबित हो सकता है।
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने सीजफायर का ऐलान किया। इसके बाद ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई ने सेना को हमले की कार्रवाई रोकने का आदेश दिया।
ट्रंप के पोस्ट के बाद ईरान के सुप्रीम नेशनल काउंसिल ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि दुश्मन ने ईरानी के खिलाफ अपनी अन्यायपूर्ण, अवैध और आपराधिक जंग में ऐतिहासिक और करारी हार झेली है। अमेरिका को ईरान के 10-सूत्री प्रस्ताव को मानने पर मजबूर होना पड़ा।
ईरान ने पाकिस्तान की मध्यस्थता में 10 अप्रैल 2026 को इस्लामाबाद में होने वाली महत्वपूर्ण बैठक में भाग लेने की पुष्टि कर दी है. बैठक में ईरान, पाकिस्तान, अमेरिका, चीन और सऊदी अरब के उच्चस्तरीय प्रतिनिधि शामिल होंगे. बैठक का मुख्य एजेंडा 2 हफ्ते के सीजफायर को लागू करना, होर्मुज जलडमरूमध्य खोलना और स्थायी शांति की दिशा में बातचीत करना है. वहीं ईरान चाहता है कि परमानेंट सीजफायर और हमलों का अंत होना चाहिए.
अमेरिका और इजरायल की ओर से ईरान के विभिन्न इलाकों में रातभर किए हवाई हमलों में 15 लोगों की मौत हो गई. हमले ब्रिजेस, रेलवे स्टेशन, खार्ग आइलैंड के मिलिट्री टारगेट्स और अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर पर हुए. ईरानी मीडिया के अनुसार कई जगहों पर सिविलियन इलाकों में भी नुकसान हुआ. जंग शुरू होने से अब तक कुल मौतों की संख्या बढ़कर 2,000 के पार हो गई है.
अमेरिका और इजरायल की ओर से ईरान के विभिन्न इलाकों में रातभर किए हवाई हमलों में 15 लोगों की मौत हो गई. हमले ब्रिजेस, रेलवे स्टेशन, खार्ग आइलैंड के मिलिट्री टारगेट्स और अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर पर हुए. ईरानी मीडिया के अनुसार कई जगहों पर सिविलियन इलाकों में भी नुकसान हुआ. जंग शुरू होने से अब तक कुल मौतों की संख्या बढ़कर 2,000 के पार हो गई है.
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने ट्वीट कर कहा कि "यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ईरान द्वारा स्ट्रेट आफ होर्मुज की नाकाबंदी जैसे वैश्विक खतरे पर निर्णायक कार्रवाई करने में फिर विफल रही. स्ट्रेट आफ होर्मुज सभी जहाजों के लिए खुला रहना चाहिए, जो विश्व अर्थव्यवस्था और अंतरराष्ट्रीय व्यापार की महत्वपूर्ण कड़ी हैं. इस क्षेत्र के देशों ने स्पष्ट रुख जताया है. हम मध्य पूर्व और खाड़ी देशों के लोगों की शांति की आकांक्षा का समर्थन करते हैं. इस युद्ध को लंबा नहीं खींचा जाना चाहिए."जेलेंस्की ने UNSC को अधिक प्रभावी और निर्णायक बनने की अपील भी की.
बगदाद के ग्रीन जोन में अमेरिकी दूतावास के पास पांच जोरदार धमाकों की आवाज सुनी गई। ईरान समर्थित सशस्त्र समूहों ने रॉकेट और ड्रोन से हमला किया। ज्यादातर हमले अमेरिकी हवाई सुरक्षा ने रोक लिए, लेकिन धमाकों और धुएं की रिपोर्ट आई।
इजराइली एयर फोर्स ने तेहरान के महराबाद इंटरनेशनल एयरपोर्ट समेत तीन एयरपोर्ट्स पर बड़े हमले किए. IRGC के इस्तेमाल वाले मिलिट्री एयरक्राफ्ट, हेलिकॉप्टर और रनवे टारगेट थे. सोशल मीडिया और न्यूज फुटेज में एयरपोर्ट की दिशा से भारी धुआं, आग की लपटें और ब्लास्ट दिखे. ईरान ने इसे सिविलियन टारगेट पर अटैक बताया, नागरिकों की मौतों की आशंका. जवाबी मिसाइल हमले जारी.
ब्रिटेन के PM केयर स्टार्मर ने अमेरिका को साफ इनकार कर दिया है कि US ब्रिटिश बेस का इस्तेमाल ईरान के ब्रिजेस, पावर प्लांट्स, सिविलियन इंफ्रास्ट्रक्चर या एनर्जी टारगेट्स पर आक्रामक हमलों के लिए नहीं कर सकता. उनके बेस का इस्तेमाल केवल डिफेंसिवऑपरेशन्स के लिए हो सकता है.
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान को दी गई "सभ्यता खत्म करने" की धमकी ने पूरी दुनिया को झकझोर दिया है. इस गंभीर मुद्दे पर अब ईसाई धर्मगुरु पोप लियो XIV का बड़ा बयान सामने आया है. पोप ने ट्रंप की इस बयानबाजी को 'पूरी तरह से अस्वीकार्य' करार दिया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि नागरिक बुनियादी ढांचे पर हमला करना अंतरराष्ट्रीय कानून का खुला उल्लंघन है.
इजरायल रक्षा बलों (IDF) ने ईरान के शिराज में एक प्रमुख सैन्य केंद्र पर हमला किया. यह केंद्र विशेष रूप से सोनार और पानी के नीचे पता लगाने वाली प्रणालियों के उत्पादन के लिए जाना जाता था. इस केंद्र का उपयोग पनडुब्बियों, युद्धपोतों, गोताखोरों और पानी के नीचे मार करने वाली मिसाइलों का पता लगाने वाली तकनीक बनाने के लिए किया जाता था. शिराज के अलावा, इजराइल ने कराज में भी हमले किए. यहां नौसेना की क्रूज मिसाइल और वायु रक्षा प्रणालियों के मुख्य केंद्रों को निशाना बनाया गया है.
मिडिल ईस्ट में जारी भीषण तनाव के बीच पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने सोशल मीडिया (X) के जरिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से सीधे तौर पर गुजारिश की है कि कूटनीति को अपना काम करने देने के लिए तय समय सीमा (डेडलाइन) को दो सप्ताह के लिए और बढ़ा दिया जाए. शरीफ का मानना है कि इस अतिरिक्त समय से बातचीत के जरिए युद्ध समाप्त करने का रास्ता साफ हो सकता है. पाकिस्तान ने न केवल अमेरिका, बल्कि ईरान से भी इस शांति प्रक्रिया में सहयोग मांगा है. पीएम शरीफ ने 'ईरानी भाइयों' से पूरी निष्ठा के साथ अनुरोध किया है कि वे सद्भावना के तौर पर हॉर्मुज जलडमरूमध्य को अगले दो सप्ताह के लिए खोल दें.
ईरानी अधिकारी ने बताया कि UN सेक्रेटरी के दूत बातचीत के लिए तेहरान जा रहे हैं.
डोनाल्ड ट्रंप की डेडलाइन खत्म होने में कुछ घंटे बाकी है. ऐसे में ईरान ने उससे पहले इजरायल पर मिसाइलों की बारिश कर दी है.
रियाद में US एम्बेसी ने अमेरिकी नागरिकों को चल रहे जंग के बीच सऊदी अरब की यात्रा पर दोबारा विचार करने की सलाह दी है. एडवाइजरी में US नागरिकों से कहा गया है कि इस साल मक्का की सालाना हज यात्रा में भाग लेने पर दोबारा विचार करें.
फ्रांस के विदेश मंत्री जीन-नोएल बैरोट ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के खिलाफ अपनी नई धमकियों पर अमल नहीं करेंगे. एक टीवी चैनल को इंटरव्यू देते हुए उन्होंने कहा, 'कोई भी सभ्यता को मिटा नहीं सकता... यह अल्टीमेटम पहला नहीं है जो राष्ट्रपति ट्रंप ने युद्ध शुरू होने के बाद दिया है.'
ईरान के पहले उप-राष्ट्रपति मोहम्मद रेजा आरेफ ने कहा कि देश के इंफ्रास्ट्रक्चर को टारगेट करने वाले खतरों के जवाब में सरकार हर तरह के हालात के लिए तैयार है.
अमेरिका और ईरान के बीच चल रही वार्ता में कुछ प्रगति दिख रही है. लेकिन कोई फौरी नतीजा राष्ट्रपति ट्रंप की डेडलाइन से पहले मुमकिन हो पायेगा या नहीं, सबकी नजरें इसी पर ही हैं. अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि बातचीत का केंद्र अब क्या समझौता हो पाएगा से बदलकर अब क्या ट्रंप द्वारा तय समयसीमा से पहले समझौता हो पाएगा - हो गया है. इसी बीच एक अमेरिकी अधिकारी ने एक मीडिया हाउस को बताया कि ईरान की तरफ से मिला आखिरी प्रस्ताव उनके लिए उम्मीद से काफी बेहतर था.
डोनाल्ड ट्रंप की ओर से ईरान को दी गई डेडलाइन के खत्म होने का इजरायल में बेसब्री से इंतजार हो रहा है. TV पर चल रही बहस में टाइमिंग दिखाई जा रही है. इजरायल ने कहा है वो डेडलाइन खत्म होने पर ईरान के रेल नेटवर्क पर हमला करेगा.
जंग के बीच बहरीन संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में रात को प्रस्ताव लेकर आया. इस पर मंगलवार को वोटिंग हुई, लेकिन चीन और रूस ने वीटो लगाकर प्रस्ताव को गिरा दिया.
US Iran War Live Updates: ऑल इंडिया शिया पर्सनल लॉ बोर्ड के जनरल सेक्रेटरी मौलाना यासूब अब्बास ने डोनाल्ड ट्रंप की ईरान को दी गई धमकी पर अपनी प्रतिक्रिया दी. डोनाल्ड ट्रंप की धमकी से ईरान दबने और झुकने वाला नहीं है, मौलाना यासूब अब्बास ने आवाम से अपील करते हुए कहा कि ईरान की सलामती के लिए दुआ करें अमेरिका और इजरायल की बर्बादी के लिए बद्दुआ करें.
US Iran War Live Updates: उत्तर-पश्चिमी ईरान के अमीन आबाद के पास जंजान प्रांत में रेलवे पुल को इजरायली हवाई हमले में नष्ट कर दिया गया. IDF ने दावा किया है कि उसने ईरान भर में विभिन्न प्रांतों को जोड़ने वाले करीब 8 पुलों को आज निशाना बनाया. इजरायल के अनुसार Tehran Karaj Tabriz Kerman Qom में स्थित ये पुल IRGC द्वारा लांचर और बैलिस्टिक मिसाइलों लाने ले जाने के लिए इस्तेमाल होते थे.
🎯STRUCK: 8 bridge segments utilized by the Iranian terror regime for transporting weapons & military equipment.The IDF struck 8 bridge segments in several areas, including Tehran, Karaj, Tabriz, Kashan, & Qom. Prior to the strike, several steps were taken to mitigate harm to… pic.twitter.com/kDzkRhMFTD
— Israel Defense Forces (@IDF) April 7, 2026
US Iran War Live Updates: ईरान में तेजी से बदलती स्थिति को देखते हुए, जो भारतीय नागरिक इस समय ईरान में हैं, उन्हें सलाह दी जाती है कि वे जहाँ हैं वहीं रहें, सुरक्षित जगह पर पनाह लें और कहीं भी आने-जाने से बचें। ईरान के भीतर या ईरान की सीमा चौकियों की ओर किसी भी तरह की आवाजाही केवल तेहरान स्थित भारतीय दूतावास के साथ घनिष्ठ समन्वय से और दूतावास से स्पष्ट निर्देश प्राप्त करने के बाद ही की जानी चाहिए: MEA
In view of the rapidly evolving situation in Iran, Indian nationals who are currently in Iran are advised to stay put where they are, shelter in place and avoid further movements. Any movement within Iran and to the border crossings of Iran may be considered only in close… pic.twitter.com/3xQ2y4FeBp
— ANI (@ANI) April 7, 2026
US Iran War Live Updates: डोनाल्ड ट्रम्प ने सोमवार को NATO, ऑस्ट्रेलिया, जापान और साउथ कोरिया की आलोचना की. उन्होंने कहा कि इन देशों ने ईरान जंग में अमेरिका की मदद नहीं की. उन्होंने यह बात व्हाइट हाउस में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कही.
उन्होंने कहा- आप जानते हैं किसने हमारी मदद नहीं की? साउथ कोरिया ने मदद नहीं की. ऑस्ट्रेलिया ने मदद नहीं की. जापान ने मदद नहीं की. ट्रम्प ने यह भी कहा कि जापान में करीब 50,000 अमेरिकी सैनिक तैनात हैं, ताकि उसे उत्तर कोरिया से बचाया जा सके.
उन्होंने यह भी बताया कि साउथ कोरिया में करीब 45,000 अमेरिकी सैनिक मौजूद हैं, ताकि उसे किम जोंग उन से बचाया जा सके, जिनसे मेरे (ट्रम्प) अच्छे रिश्ते हैं.
US Iran War Live Updates: वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी सेना ने खर्ग द्वीप पर 50 से अधिक सैन्य ठिकानों पर हमला किया.
US Iran War Live Updates: अल अरबिया ने UAE के शारजाह मीडिया कार्यालय के हवाले से बताया कि थुराया टेलीकम्युनिकेशंस की एक प्रशासनिक इमारत पर ईरान की बैलिस्टिक मिसाइल से हमला किया गया है; रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि इस हमले में दो पाकिस्तानी नागरिक घायल हुए हैं.
US Iran War Live Updates: ईरान के शहरियार शहर में एक रिहायशी इमारत पर विस्फोटक प्रोजेक्टाइल गिरने से कम से कम 9 लोगों की मौत हो गई और 15 अन्य घायल हो गए. रॉयटर्स ने ईरानी मीडिया के हवाले से यह रिपोर्ट दी है.
US Iran War Live Updates: US के उपराष्ट्रपति JD वेंस ने कहा, 'बहुत जल्द यह युद्ध खत्म हो जाएगा... इसका अंत कैसा होगा, यह ईरानियों पर निर्भर करता है.'
US Iran War Live Updates: IRGC एयरोस्पेस फोर्स के कमांडर ने कहा, 'हम फतह और खैबर शिकन मिसाइलों के लिए नए लॉन्च प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करके अपने हमले दोगुने कर देंगे.'
US Iran War Live Updates: डोनाल्ड ट्रंप ने एक पोस्ट कर कहा, 'आज एक पूरी सभ्यता ख़त्म हो जाएगी. मैं नहीं चाहता कि ऐसा हो लेकिन ये होकर रहेगा. इस वक्त ज्यादा समझदार लोग सत्ता में हैं. शायद वे कुछ क्रान्तिकारी तरीके से नया कर दें.
US Iran War Live Updates: इस मामले से जुड़े पांच लोगों ने बताया कि रियाद में कुछ पश्चिमी और सऊदी कंपनियों ने इस हफ्ते 'वर्क फ्रॉम होम' की सलाह को आगे बढ़ा दिया है. ऐसा इसलिए किया गया है क्योंकि अमेरिका ने ईरान को होर्मुज स्ट्रेट खोलने या फिर "नरक" का सामना करने के लिए एक समय सीमा तय की है, और इस समय सीमा के नजदीक आने से चिंता बढ़ गई है.
खाड़ी देशों में, जिन्हें 28 फरवरी को युद्ध शुरू होने के बाद से ईरान के हमलों का सबसे ज़्यादा नुकसान उठाना पड़ा है, कई लोगों को डर है कि अगर अमेरिका ने तनाव बढ़ाया, तो इसके जवाब में ईरान खाड़ी क्षेत्र में महत्वपूर्ण और नागरिक बुनियादी ढांचे को और ज़्यादा निशाना बना सकता है.
इन लोगों ने बताया कि सोमवार और मंगलवार को कंपनियों द्वारा ईमेल या टेक्स्ट के जरिए अलग-अलग भेजी गई इन सलाहों का असर रियाद के किंग अब्दुल्ला फाइनेंशियल डिस्ट्रिक्ट, फैसलियाह टावर, बिज़नेस गेट और लेसेन वैली में काम-काज पर पड़ा है.
इन जगहों पर अमेरिका के बड़े बैंकों और माइक्रोसॉफ्ट और एप्पल जैसी टेक कंपनियों के दफ़्तर हैं, लेकिन साथ ही सऊदी की संस्थाओं के दफ़्तर भी हैं, जिनमें देश का सॉवरेन वेल्थ फंड भी शामिल है.
US Iran War Live Updates: प्रांत के उप-गवर्नर के अनुसार, अमेरिका और इजरायल ने तेहरान के दक्षिण में स्थित ईरानी शहर कोम के पास एक पुल पर हमला किया. अल अरबिया ने सरकारी टीवी के हवाले से यह जानकारी दी है.
US Iran War Live Updates: कतर के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा है कि होर्मुज एक प्राकृतिक जलडमरूमध्य है, न कि कोई नहर; और इस क्षेत्र के सभी देशों को इसका स्वतंत्र रूप से उपयोग करने का अधिकार है.
US Iran War Live Updates: ईरान के राजदूत मोहम्मद फथअली ने कहा, 'हमने कहा था कि अगर आपने जंग शुरू की, तो आप उसे खत्म नहीं कर पाएंगे और हमने फिर कहा है: अगर आपने हमारे इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाया… तो पिछली गलतियों से सीखिए!'
US Iran War Live Updates: ईरानी अधिकारी ने कहा कि हमले के बाद उत्तरी ईरान का मुख्य हाईवे बंद कर दिया गया. इजरायली हमले में काशान में रेलवे ब्रिज गिर गया है और इसमें 2 लोगों की मौत हुई है.










