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दुनिया

50 साल, 9 देश, 89 नाबालिग… एपस्टीन के बाद अब फ्रांस से सामने आई ‘टीचर फाइल’, भारत तक फैले तार

यौन अपराधी जेफरी एपस्टीन की हलचल के बीच फ्रांस से ही ऐसा एक और अपराधी का नाम सामने आया है। वह पूर्व टीचर है। 9 देशों में 50 साल तक 89 नाबालिगों को निशाना बनाया। पढ़िए पूरी रिपोर्ट।

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Written By: Raghav Tiwari Updated: Feb 11, 2026 11:06

दुनियाभर में इस समय अमेरिका के यौन अपराधी जेफरी एपस्टीन की चर्चा जोरों पर है। एपस्टीन फाइल में कई देशों के दिग्गज नेता और कारोबारियों के नाम शामिल हैं। इसके चलते कई देशों के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री को इस्तीफा तक देना पड़ा गया। अब ऐसा ही मामला फ्रांस में देखने को मिल रहा है।

फ्रांस में एक वकील एटियेन मांटो ने 79 साल के पूर्व टीचर जैक्स लेवेउगल की पहचान सार्वजनिक की है। खुलासा करते हुए वकील मांटो ने बताया कि लेवेउगल पर 5 दशकों से अधिक समय तक 89 नाबालिगों के साथ बलात्कार और यौन उत्पीड़न का आरोप है। भारत सहित 9 देशों में फैले इस सामूहिक दुर्व्यवहार मामले में वकील ने गवाहों और पीड़ितों से गवाही देने की अपील की है।

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पूर्व टीचर लेवेउगल पर आरोप है कि साल 1967 से 2022 के बीच 13 से 17 साल की आयु के नाबालिगों के खिलाफ यौन अपराध किया था। वकील ने बताया कि नाबालिगों के खिलाफ कथित अपराध जर्मनी, स्विट्जरलैंड, मोरक्को, नाइजर, अल्जीरिया, फिलीपींस, भारत, कोलंबिया और फ्रांस के विदेशी क्षेत्र न्यू कैलेडोनिया में किए गए थे। लेवेउगल एक स्वतंत्र शिक्षक और प्रशिक्षक के रूप में काम करता था।

यह भी पढ़ें: जेफ्री एपस्टीन फाइल्स से सामने आई एलॉन मस्क और जकरबर्ग की तस्वीर, ‘वाइल्ड’ डिनर पार्टी में थे शामिल

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वकील मांटो ने बताया कि लेवेउगल ने 9 देशों की यात्राएं कीं। जिन स्थानों पर वह ट्यूशन देने और पढ़ाने के लिए बस गया, वहां वह युवाओं से मिलता था और उनके साथ यौन संबंध बनाता था। वकील ने जिन पीड़ितों से उन्होंने बात की है। उन्होंने बताया है कि आरोपी ने उन्हें विदेशी भाषाएं सीखने और उनकी संस्कृति की समझ को जगाने में काफी समय बिताया। उन्होंने आगे कहा कि आरोपी का व्यक्तित्व जटिल है।

बता दें कि पूर्व टीचर जैक्स लेवेउगल का जन्म साल 1946 में एनेसी में हुआ था। साल 2024 में केस दर्ज होने के बाद आरोपी को हिरासत में है। वकील ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि यह नाम जानना जरूरी है क्योंकि इसका उद्देश्य संभावित पीड़ितों को आगे आने के लिए प्रोत्साहित करना है। कहा कि वकीलों ने पहले उनकी पहचान उजागर नहीं की थी, क्योंकि वे पहले तथ्यों की सत्यता सुनिश्चित करना चाहते थे।

यह भी पढ़ें: 20 महिलाओं को प्रेग्नेंट करके DNA से सुपर रेस शुरू करना चाहता था जेफरी एपस्टीन’, जानें क्या था ‘बेबी रैंच’ प्लान?

वकील मांटो ने बताया कि लेवेउगल ने 9 देशों की यात्राएं कीं। जिन स्थानों पर वह ट्यूशन देने और पढ़ाने के लिए बस गया, वहां वह युवाओं से मिलता था और उनके साथ यौन संबंध बनाता था।

जानकारी के अनुसार, लेवेउगल के पास एक यूएसबी ड्राइव थी जिसमें उसने नाबालिगों के साथ यौन संबंधों के बारे में अपने लेख इकठ्ठा किए थे। बताया कि यह मामला तब सामने आया जब उस यूएसबी स्टिक को, जिसमें उस व्यक्ति द्वारा दस्तावेज इकठ्ठे किए गए थे, उसके भतीजे ने खोज निकाला, जो अपने चाचा के भावनात्मक और यौन जीवन पर सवाल उठा रहा था। अक्टूबर 2023 में भतीजे ने चाचा की अनुपस्थिति का फायदा उठाते हुए एक दिन उन दस्तावेजों के बारे में पता लगाया।

फ्रांस 24 के अनुसार, यूएसबी में अत्यंत गहन सामग्री से भरी 15 पुस्तकें हैं और जांचकर्ता इन सभी लेखों की समीक्षा और अध्ययन करेंगे और 89 नाबालिगों की पहचान करेंगे। वकील मैंटो ने कहा कि जांचकर्ताओं को उम्मीद थी कि दस्तावेजों के माध्यम से पीड़ितों की पहचान हो जाएगी लेकिन उनमें अक्सर अधूरी पहचान होती थी, जिससे दशकों बाद पीड़ितों का पता लगाना मुश्किल हो जाता था।

First published on: Feb 11, 2026 10:59 AM

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