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उत्तर प्रदेश / उत्तराखंड

Greater Noida News: यीडा सिटी के 13 आवंटियों को बड़ी राहत, मिनी एसडीजेड से जुड़ा है मामला

Greater Noida News: यमुना प्राधिकरण (यीडा) द्वारा मिनी एसडीजेड योजना के अंतर्गत 13 आवंटियों से अंतर धनराशि की वसूली के प्रयासों को लोक लेखा समिति ने खारिज कर दिया है. इस फैसले से आवंटियों को बड़ी राहत मिली है और यीडा को फाइनेंशियल झटका लगा है.

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Written By: News24 हिंदी Updated: Oct 16, 2025 19:43

Greater Noida News: यमुना प्राधिकरण (यीडा) द्वारा मिनी एसडीजेड योजना के अंतर्गत 13 आवंटियों से अंतर धनराशि की वसूली के प्रयासों को लोक लेखा समिति ने खारिज कर दिया है. इस फैसले से आवंटियों को बड़ी राहत मिली है और यीडा को फाइनेंशियल झटका लगा है. प्राधिकरण ने 13 संस्थागत आवंटियों से 1,041 प्रति वर्गमीटर की दर से अंतर राशि की मांग की थी, जिसका विरोध आवंटी लंबे समय से कर रहे थे. यीडा ने आरोप लगाया था कि निर्धारित दर से कम दर पर भूखंड आवंटित किए जाने से प्राधिकरण को 6,000 करोड़ का नुकसान हुआ, जबकि सीएजी (कैग) ऑडिट में यह अनुमान 18,000 करोड़ तक पहुंचाया गया था.

क्या है मामला ?

साल 2009 में यीडा ने सेक्टर-17 में मिनी एसडीजेड योजना के अंतर्गत संस्थागत उपयोग के लिए 25 से 250 एकड़ के भूखंड आवंटित किए थे. उस समय आधिकारिक दर 2,670 वर्गमीटर थी, लेकिन प्राधिकरण की इंटरनल समिति द्वारा 1,629 वर्गमीटर की रियायती दर पर आवंटन को स्वीकृति दे दी गई थी. पूर्व चेयरमैन प्रभात कुमार ने इस प्रक्रिया की जांच कराई थी, जिसके आधार पर यीडा ने सभी 13 आवंटियों को अतिरिक्त भुगतान (अंतर धनराशि) के नोटिस जारी किए. मामला तूल पकड़ने के बाद विधानसभा में सीएजी रिपोर्ट पेश हुई और इसे लोक लेखा समिति को सौंपा गया.

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नहीं वसूली जाएगी राशि

लोक लेखा समिति ने यीडा की मांग को गैर-आवश्यक और अनुचित करार देते हुए उसे खारिज कर दिया है. इस फैसले से 13 संस्थागत आवंटियों को बड़ी राहत मिली है, जिन्हें अब करोड़ों की अंतर राशि का भुगतान नहीं करना पड़ेगा.

क्या बोले सीईओ ?

यीडा के सीईओ राकेश कुमार सिंह ने भी निर्णय की पुष्टि करते हुए कहा कि लोक लेखा समिति ने अंतर धनराशि की हमारी मांग को खारिज कर दिया है. भूखंडों का आवंटन संस्थागत श्रेणी में किया गया था और अब इस मामले में आगे कोई वसूली नहीं की जाएगी.

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इन आवंटियों को मिली राहत

त्याग बिल्डस्पेस प्राइवेट लिमिटेड, एमएमए ग्रेन्स मिल्स प्राइवेट लिमिटेड, शकुंतला एजुकेशनल सोसायटी, शांति एजुकेशनल सोसायटी, बाबू बनारसी दास ट्रस्ट, सतलीला एजुकेशनल फाउंडेशन ट्रस्ट, मारुति एजुकेशनल ट्रस्ट, जीएल बजाज एजुकेशनल ट्रस्ट, एक्सआइएमए एंटरप्राइजेज प्राइवेट लिमिटेड, एसके कांट्रेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड, चंद्रलेखा कंस्ट्रक्शन्स प्राइवेट लिमिटेड, इंडियन नॉलेज सिटी एचपीएस आईटी सोल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड

ये भी पढ़ें: Greater Noida News: नोएडा एयरपोर्ट उद्घाटन से पहले यमुना सिटी होगी रोशन, जानें क्या है प्लान ?

First published on: Oct 16, 2025 07:43 PM

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