कांग्रेस ने किया 'मनरेगा बचाओ' आंदोलन का ऐलान, विधानसभा और राज्यभवन को घेरने का प्लान

जयराम रमेश ने कहा कि जी राम जी अधिनियम की एकमात्र गारंटी योजना का केंद्रीकरण है. रमेश ने कहा, ‘हमारी सिर्फ यही मांग है कि मनरेगा को वापस लाया जाए और नए कानून को वापस लिया जाए.’ पढ़िये दिल्ली से रमन कुमार की रिपोर्ट

Save MNREGA Movement
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कांग्रेस ने शनिवार को मनरेगा कानून हटाने के विरोध में बड़े आंदोलन का ऐलान कर दिया. दिल्ली में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल और पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने इसकी जानकारी दी. वेणुगोपाल ने कहा कि पार्टी आठ जनवरी से ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ की शुरुआत करेगी, जिसके तहत ग्राम स्तर से लेकर प्रदेश स्तर तक कई कार्यक्रम करने के साथ ही देश के अलग-अलग हिस्सों में चार बड़ी सभाएं आयोजित की जाएंगी.

पार्टी का कहना है कि उसके इस ‘संग्राम’ का मकसद यह है कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) फिर से बहाल हो और नए कानून को वापस लिया जाए. कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल ने बताया कि पार्टी का यह अभियान 25 फरवरी तक जारी रहेगा. पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने आरोप लगाया कि मनरेगा के स्थान पर बनाए गए विकसित ‘भारत-जी राम जी अधिनियम’ के तहत सिर्फ ‘विनाश भारत’ और योजना के केंद्रीकरण की गारंटी दी गई है.

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उन्होंने कहा कि ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ दिल्ली केंद्रित नहीं, बल्कि पंचायत, प्रखंड और जिला केंद्रित है. उन्होंने यह भी कहा कि नए कानून को न्यायालय में चुनौती दी जाएगी. बीते 27 दिसंबर को पार्टी की सर्वोच्च नीति निर्धारक इकाई कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) की बैठक में मनरेगा के पक्ष में अभियान शुरू करने का फैसला लिया गया था. वेणुगोपाल ने कहा, ‘कार्य समिति की बैठक में फैसला किया गया था कि मनरेगा बचाओ संग्राम शुरू किया जाएगा.’ उन्होंने दावा किया कि नया कानून इस तरह से बनाया गया है ताकि मनरेगा को खत्म किया जा सके.

वेणुगोपाल ने कहा कि कोविड और कई दूसरे संकटों के समय मनरेगा एक बड़ा सुरक्षा कवच बनकर सामने आया था. उनके मुताबिक, ‘विकसित भारत-जी राम जी अधिनियम’ के तहत सबकुछ केंद्र सरकार तय करेगी और गांव में रहने वालों को इसकी मार झेलनी पड़ेगी. वेणुगोपाल ने कहा कि नए कानून के तहत कार्य दिवस को 100 से बढ़ाकर 125 दिन करने की बात की गई है, लेकिन यह दावा बकवास है क्योंकि केंद्र के हिस्से में धन आवंटन का अनुपात 90 प्रतिशत से घटाकर 60 प्रतिशत कर दिया गया है. रमेश ने कहा कि यह ‘संग्राम’ आठ जनवरी से शुरू होगा और 25 फरवरी तक चलेगा.

कार्यक्रम का पूरा शेड्यूल


कांग्रेस पार्टी 8 जनवरी से सभी प्रदेशों में एक बड़ी बैठक का आयोजन करेगी, जिसमें प्रदेश के सारे बड़े नेता और प्रभारी मौजूद होंगे. इस बैठक में सभी जिलों के काम का दायित्व दिया जाएगा.

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  1. 10 जनवरी को सभी जिलों में प्रेस कॉन्फ्रेंस किया जाएगा. इसमें पंचायती राज को खत्म करने की साजिश को उजगार किया जाएगा.
  2. 11 जनवरी को सभी जिलों में , गांधी या आंबेडकर के मूर्ति के सामने एक दिनों का उपवास किया जाएगा.
  3. 12 जनवरी से 29 जनवरी तक हर पंचायत में चौपाल लगाया जाएगा.
  4. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की तरफ से सभी ग्राम प्रधान को पत्र लिखा जाएगा.
  5. 30 जनवरी को वार्ड और ब्लॉक लेवल पर कार्यक्रम किया जाएगा.
  6. 31 जनवरी से 6 फरवरी के बीच डिस्ट्रिक्ट कलेक्टर के ऑफिस के बाहर धरना दिया जाएगा.
  7. 7 फरवरी से 15 के बीच विधानसभा और राज्यभवन के घेराव कार्यक्रम किया जाएगा. इसमें सभी जनप्रतिनिधि शामिल होंगे.
  8. 16 फरवरी से 25 फरवरी के बीच कांग्रेस पार्टी बड़ी रैली करेगी.

जयराम रमेश ने कहा कि जी राम जी अधिनियम की एकमात्र गारंटी योजना का केंद्रीकरण है. रमेश ने कहा, ‘हमारी सिर्फ यही मांग है कि मनरेगा को वापस लाया जाए और नए कानून को वापस लिया जाए.’ उन्होंने कहा कि इस ‘संग्राम’ के साथ दूसरे विपक्षी दलों और समाजिक संगठनों को जोड़ा जाएगा. रमेश ने दावा किया कि इस संग्राम का निष्कर्ष वही होगा जो तीन ‘‘काले’’ कृषि कानूनों का हुआ , उस समय आंदोलन की सफलता इस रूप में थी जब सरकार को वो कानून वापस लेना पड़ा था.

संसद ने विपक्ष के हंगामे के बीच बीते 18 दिसंबर को ‘विकसित भारत-जी राम जी विधेयक, 2025’ को मंजूरी थी. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के हस्ताक्षर के बाद अब यह अधिनियम बन चुका है. यह 20 साल पुराने मनरेगा की जगह लेगा.

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लेखक के बारे में

Akarsh Shukla

Akarsh Shukla

आकर्ष शुक्ला न्यूज 24 के साथ बतौर चीफ सब एडिटर जुड़े हुए हैं. मूल रूप से नोएडा, उत्तर प्रदेश के रहने वाले आकर्ष ने पत्रकारिता का सफर 2016 में प्रिंट मीडिया से शुरू हुआ, बाद में उन्होंने डिजिटल मीडिया का रुख किया. आकर्ष शुक्ला ने गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (GJUS&T) हिसार, हरियाणा से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन (MJMC) की डिग्री हासिल की. आकर्ष ने दिल्ली के अखबार वूमेन एक्सप्रेस में काम किया. इसके बाद नवोदय टाइम्स, ओपेरा न्यूज, वनइंडिया, इंडिया डॉट कॉम (जी मीडिया ग्रुप) में विभिन्न पदों पर कार्य किया. आकर्ष शुक्ला अक्टूबर, 2025 से न्यूज24 से जुड़े हुए हैं, जहां वो मुख्य रूप से राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय और राजनीति से जुड़ी खबरों को कवर करते हैं. इसके साथ ही आकर्ष शिफ्ट हेड के तौर पर टीम का नेतृत्व भी करते हैं. आकर्ष ने लोकसभा और विधानसभा चुनाव के अलावा संसद से जुड़ी खबरों को कवर किया है. उनकी राजनीति में गहरी रुचि है, इस कारण वह राजनीति से जुड़ी खबरों को आसान शब्दों में लिखने में माहिर हैं. डिग्री और डिप्लोमा: आकर्ष शुक्ला ने दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक (BA) की डिग्री के बाद गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (GJUS&T) हिसार, हरियाणा से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन (MJMC) पोस्ट ग्रेजुएशन किया है. आकर्ष शुक्ला ने DICS इंस्टीट्यूट से कंप्यूटर सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर में 2 साल का डिप्लोमा भी किया है. पत्रकारिता में अनुभव: 10 वर्ष से अधिक
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