हिंदी न्यूज़/खेल/अन्य खेल/फुटबॉल मैच के बीच में नहीं मिला इफ्तार के लिए ब्रेक, गोलकीपर ने मुस्लिम टीममेट्स के लिए अपनाई ऐसी ट्रिक, हर तरफ हो रही तारीफ
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फुटबॉल मैच के बीच में नहीं मिला इफ्तार के लिए ब्रेक, गोलकीपर ने मुस्लिम टीममेट्स के लिए अपनाई ऐसी ट्रिक, हर तरफ हो रही तारीफ
Football: फुटबॉल एक अग्रेसिव गेम है, लेकिन खिलाड़ी के दिल में भी इंसानियत बसती है, यही वजह है कि फुटबॉल मैच के दौरान जब रमज़ान के रोज़े खोलने का वक्त हुआ तब गोलकीपर ने इंजरी का बहाना बनाया, ताकि उसके मुसलमान टीममेट्स को इफ्तार करने के लिए ब्रेक मिल जाए.
Goalkeeper Fakes Injury To Let Team-mates Break Ramadan Fast: फ्रांस के एक फुटबॉल मैच एक दिलचस्प वाक्या पेश आया जो भाईचारे की मिसाल बन गया. एक गोलकीपर ने कुछ ऐसा कदम उठाया जिसकी वजह से उनके मुस्लिम टीममेट्स को बीच मैच में रमजान का रोजा खोलने का मौका मिल गया. प्लेयर को इस कदम को लेकर जमकर तारीफ हो रही है.
गोलकीपर ने किया दिल जीतने वाला काम
दरअसल फ्रांस के लीग-1 फुटबॉल टूर्नामेंट में मुस्लिम खिलाड़ियों को रोज़ा खोलने के लिए मैच रोकने की इजाजत नहीं है. इसलिए नैनटेस टीम के के गोलकीपर एंथनी लोपेज ने 'ले हावरे' टीम के खिलाफ मैच के दौरान जानबूझकर चोट का बहाना बनाया ताकि उनके टीम के साथी अपना इफ्तार कर सकें. स्टार गोलकीपर ने ये दिखा दिया कि अपने साथियों के लिए वो किस हद तक जा सकते हैं.
हालांकि फ्रांस के लीग 1 में मुस्लिम खिलाड़ियों को रोज़ा खोलने के लिए मैच रोकने की इजाजत न देने पर चर्चा चल रही है, लेकिन इस बीच Le Havre AC और FC Nantes के बीच मैच के दौरान ये खास पल सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया
इंजरी न होने का दावा
इस बात को लेकर दावा किया कि नैनटेस के गोलकीपर एंथनी लोपेज को चोट नहीं लगी थी, लेकिन उन्होंने अपने साथियों की मदद करने के लिए अपनी फेक इंजरी की कहानी गढ़ी. जब फिजियो उनको एग्जामिन कर रहे थे तब कुछ खिलाड़ी पानी पीते और कुछ खाते हुए देखे गए, उस वक्त खेल रुका हुआ था.
(गोलकीपर एंथनी लोपेज)
फैंस के रिएक्शंस
सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो के अलग-अलग मतलब निकाले गए. जबकि कुछ यूजर्स ने लोपेज के इस काम को 'अपने टीम के साथियों के लिए सपोर्ट' के तौर पर देखा, जब्कि दूसरों ने कहा कि ये तरीका विवादित है. फ्रेंच फुटबॉल फेडरेशन का लीग मैचों के दौरान इफ्तार ब्रेक देने से मना करना पहले भी चर्चा का विषय रहा है.
Goalkeeper Fakes Injury To Let Team-mates Break Ramadan Fast: फ्रांस के एक फुटबॉल मैच एक दिलचस्प वाक्या पेश आया जो भाईचारे की मिसाल बन गया. एक गोलकीपर ने कुछ ऐसा कदम उठाया जिसकी वजह से उनके मुस्लिम टीममेट्स को बीच मैच में रमजान का रोजा खोलने का मौका मिल गया. प्लेयर को इस कदम को लेकर जमकर तारीफ हो रही है.
गोलकीपर ने किया दिल जीतने वाला काम
दरअसल फ्रांस के लीग-1 फुटबॉल टूर्नामेंट में मुस्लिम खिलाड़ियों को रोज़ा खोलने के लिए मैच रोकने की इजाजत नहीं है. इसलिए नैनटेस टीम के के गोलकीपर एंथनी लोपेज ने ‘ले हावरे’ टीम के खिलाफ मैच के दौरान जानबूझकर चोट का बहाना बनाया ताकि उनके टीम के साथी अपना इफ्तार कर सकें. स्टार गोलकीपर ने ये दिखा दिया कि अपने साथियों के लिए वो किस हद तक जा सकते हैं.
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Portuguese goalkeeper Anthony Lopes pretended to be injured during a Ligue 1 match so his Muslim teammates could break their fast during Ramadan.
Under the current rules of the Ligue de Football Professionnel and the French Football Federation (FFF), Ligue 1 matches are not… pic.twitter.com/F24kmHdCKu
हालांकि फ्रांस के लीग 1 में मुस्लिम खिलाड़ियों को रोज़ा खोलने के लिए मैच रोकने की इजाजत न देने पर चर्चा चल रही है, लेकिन इस बीच Le Havre AC और FC Nantes के बीच मैच के दौरान ये खास पल सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया
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इंजरी न होने का दावा
इस बात को लेकर दावा किया कि नैनटेस के गोलकीपर एंथनी लोपेज को चोट नहीं लगी थी, लेकिन उन्होंने अपने साथियों की मदद करने के लिए अपनी फेक इंजरी की कहानी गढ़ी. जब फिजियो उनको एग्जामिन कर रहे थे तब कुछ खिलाड़ी पानी पीते और कुछ खाते हुए देखे गए, उस वक्त खेल रुका हुआ था.
(गोलकीपर एंथनी लोपेज)
फैंस के रिएक्शंस
सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो के अलग-अलग मतलब निकाले गए. जबकि कुछ यूजर्स ने लोपेज के इस काम को ‘अपने टीम के साथियों के लिए सपोर्ट’ के तौर पर देखा, जब्कि दूसरों ने कहा कि ये तरीका विवादित है. फ्रेंच फुटबॉल फेडरेशन का लीग मैचों के दौरान इफ्तार ब्रेक देने से मना करना पहले भी चर्चा का विषय रहा है.