भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड दुनिया की सबसे अमीर क्रिकेट बोर्ड है. भारत में घरेलू सीजन का आगाज अगस्त महीने के अंत या सितंबर से शुरू होता है. रणजी ट्रॉफी, विजय हजारे ट्रॉफी, सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी और दलीप ट्रॉफी भारत के सबसे लोकप्रिय घरेलू टूर्नामेंट हैं. घरेलू टूर्नामेंट को लेकर ही बीसीसीआई ने बॉम्बे हाई कोर्ट में चुनौती दी है, जिसमें बोर्ड ने कहा है कि घरेलू टूर्नामेंट खेलने के लिए भारतीय पासपोर्ट होना जरूरी है. आइए समझते हैं पूरा मामला.
बॉम्बे हाई कोर्ट पहुंचा मामला
दरअसल, 12 युवा खिलाड़ियों ने बॉम्बे हाई कोर्ट में एक याचिका दायर की थी. इन खिलाड़ियों के पास OCI (ओवरसीज सिटीजन ऑफ इंडिया) कार्ड है. लेकिन भारतीय पासपोर्ट नहीं है. ऐसे में बीसीसीआई के नियम के मुताबिक ये 12 खिलाड़ी भारत में घरेलू टूर्नामेंट नहीं खेल सकते. इन खिलाड़ियों ने बीसीसीआई के इस नियम को कोर्ट में चुनौती दी. सुनवाई के दौरान बीसीसीआई ने कहा कि OCI कार्ड भारतीय नागरिकता नहीं है. ये कार्ड कुछ सुविधाएं जरूर देता है. लेकिन इससे कोई व्यक्ति भारत का नागरिक नहीं बन जाता. इसलिए ऐसे खिलाड़ी भारत के घरेलू टूर्नामेंट में हिस्सा नहीं ले सकते.
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बीसीसीआई ने आगे ये भी कहा कि अगर कोई खिलाड़ी भारतीय पासपोर्ट बनवा लेता है तो वह बोर्ड के नियम के मुताबिक घरेलू टूर्नामेंट खेल सकता है. बोर्ड ने ये भी कहा कि टीम इंडिया के लिए और घरेलू क्रिकेट खेलने के लिए भारतीय पासपोर्ट होना बेहद जरूरी है. ये नियम सभी खिलाड़ियों के लिए लागू होता है.
13 अगस्त को होगी अगली सुनवाई
बहरहाल बीसीसीआई और युवा खिलाड़ियों ने अपनी-अपनी दलीलें कोर्ट में पेश कर दी हैं. अब इस मामले की अगली सुनवाई 13 अगस्त को होगी. अब कोर्ट के फैसले से तय होगा कि भविष्य में OCI कार्ड रखने वाले खिलाड़ी घरेलू टूर्नामेंट में हिस्सा लेंगे या नहीं. फिलहाल दोनों पक्ष को इंतजार करना होगा.
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भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड दुनिया की सबसे अमीर क्रिकेट बोर्ड है. भारत में घरेलू सीजन का आगाज अगस्त महीने के अंत या सितंबर से शुरू होता है. रणजी ट्रॉफी, विजय हजारे ट्रॉफी, सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी और दलीप ट्रॉफी भारत के सबसे लोकप्रिय घरेलू टूर्नामेंट हैं. घरेलू टूर्नामेंट को लेकर ही बीसीसीआई ने बॉम्बे हाई कोर्ट में चुनौती दी है, जिसमें बोर्ड ने कहा है कि घरेलू टूर्नामेंट खेलने के लिए भारतीय पासपोर्ट होना जरूरी है. आइए समझते हैं पूरा मामला.
बॉम्बे हाई कोर्ट पहुंचा मामला
दरअसल, 12 युवा खिलाड़ियों ने बॉम्बे हाई कोर्ट में एक याचिका दायर की थी. इन खिलाड़ियों के पास OCI (ओवरसीज सिटीजन ऑफ इंडिया) कार्ड है. लेकिन भारतीय पासपोर्ट नहीं है. ऐसे में बीसीसीआई के नियम के मुताबिक ये 12 खिलाड़ी भारत में घरेलू टूर्नामेंट नहीं खेल सकते. इन खिलाड़ियों ने बीसीसीआई के इस नियम को कोर्ट में चुनौती दी. सुनवाई के दौरान बीसीसीआई ने कहा कि OCI कार्ड भारतीय नागरिकता नहीं है. ये कार्ड कुछ सुविधाएं जरूर देता है. लेकिन इससे कोई व्यक्ति भारत का नागरिक नहीं बन जाता. इसलिए ऐसे खिलाड़ी भारत के घरेलू टूर्नामेंट में हिस्सा नहीं ले सकते.
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बीसीसीआई ने आगे ये भी कहा कि अगर कोई खिलाड़ी भारतीय पासपोर्ट बनवा लेता है तो वह बोर्ड के नियम के मुताबिक घरेलू टूर्नामेंट खेल सकता है. बोर्ड ने ये भी कहा कि टीम इंडिया के लिए और घरेलू क्रिकेट खेलने के लिए भारतीय पासपोर्ट होना बेहद जरूरी है. ये नियम सभी खिलाड़ियों के लिए लागू होता है.
13 अगस्त को होगी अगली सुनवाई
बहरहाल बीसीसीआई और युवा खिलाड़ियों ने अपनी-अपनी दलीलें कोर्ट में पेश कर दी हैं. अब इस मामले की अगली सुनवाई 13 अगस्त को होगी. अब कोर्ट के फैसले से तय होगा कि भविष्य में OCI कार्ड रखने वाले खिलाड़ी घरेलू टूर्नामेंट में हिस्सा लेंगे या नहीं. फिलहाल दोनों पक्ष को इंतजार करना होगा.
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