छतरी का इतिहास है 4000 साल पुराना, कभी महिलाओं की खूबसूरती में लगाती थी चार चांद
छतरी बारिश में पानी से बचाने का काम करती है, लेकिन क्या आपको पता है कि पहले इसका इस्तेमाल सिर्फ शाही घरों में किया जाता था. यह धूप से बचाने और शाही अंदाज का एक हिस्सा थी.
Edited By : Shadma Muskan|Updated: Aug 10, 2026 16:46
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धूप से बचने के लिए हुआ था इस्तेमाल. Image Credit- News24 and AI
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बारिश में सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाली चीज छतरी है. यह हमें भीगने से बचाती है, जिसका इस्तेमाल धूप से बचने के लिए भी किया जा है. मगर क्या आप जानते हैं कि जिस छतरी को आज हम बारिश से बचने के लिए इस्तेमाल करते हैं, उसका इतिहास हजारों साल पुराना है. कहा जाता है कि 4000 साल पहले छतरी का शुरुआती रूप सामने आया था और उस समय इसका इस्तेमाल बारिश से ज्यादा तेज धूप से बचने के लिए किया जाता था. आइए इस लेख में इससे जुड़े कुछ फैक्ट्स जानते हैं, जिनके बारे में आपको पता होना चाहिए.
इतिहासकारों के मुताबिक प्राचीन मिस्र, चीन, ग्रीस और अस्सीरिया जैसी सभ्यताओं में छतरी या पैरासोल के शुरुआती रूप इस्तेमाल किए जाते थे. प्राचीन मिस्र में इसे खासतौर पर शाही परिवार के लोगों को धूप से बचाने के लिए इस्तेमाल किया करते थे.
कहां से आई छतरी? Image Credit- Freepik
पेड़ की शाखाओं से होता था तैयार
आपको जानकर हैरानी होती है छाता को पैरासोल कहा जाता था. इसलिए क्योंकि इसे पैरासोल पत्तियों या पेड़ की शाखाओं से बनाया जाता था. इसके बाद में कपड़े या दूसरी सामग्रियों से बनाए जाने लगे. उस वक्त यह सिर्फ जरूरत की चीज नहीं थी, बल्कि रुतबे का प्रतीक भी थी.
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महिलाओं की खूबसूरती से भी जुड़ है इतिहास
समय के साथ पैरासोल सिर्फ धूप से बचने का साधन नहीं रहा. प्राचीन ग्रीस और बाद के यूरोपीय समाजों में यह महिलाओं के फैशन और सामाजिक पहचान का हिस्सा बन गया. खासतौर पर ग्रीस में पैरासोल को फैशनेबल महिलाओं के इस्तेमाल के लिए था.
महिलाओं की पोशाक का हिस्सा
बता दें कि दौर पैरासोल यानी छतरी महिलाओं की पोशाक का हिस्सा थी. इन्हें सुंदर कपड़ों और शाही डिजाइन के साथ तैयार किया जाता था. यह महिलाओं की खूबसूरती और फैशन को निखारने वाली एक्सेसरी भी बन चुकी थी.
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चीन ने बदला छतरी का डिजाइन
छतरी के इतिहास में चीन का बड़ा योगदान है. चीन में शुरुआती पैरासोल को बारिश से बचने के लिए वाटरप्रूफ बनाया गया. कागज या कपड़े पर मोम और लाह जैसी सामग्री का इस्तेमाल करके उसे पानी से बचाया जाने लगा. यहीं से छतरी का इस्तेमाल बारिश में होने लगा.
फिर छतरी आम लोगों तक पहुंच गई
समय के साथ छतरी शाही परिवारों और अमीरों की चीज से निकलकर आम लोगों तक पहुंच गई. इसको अलग अलग तरीकों से डिजाइन किया जाने लगा. अब तो आपको फोल्डिंग छाता भी आसानी से मिल जाएगा.