Who is Javed Timer Bomb Mastermind: देश में आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के मंसूबों को सुरक्षा बलों की ओर से लगातार नाकाम किया जा रहा है। इसी कड़ी में यूपी एसटीएफ ने
टाइमर बम बनाने वाले मास्टरमाइंड जावेद को गिरफ्तार कर लिया। खास बात यह है कि उसे 4 टाइमर बोटल बम (IED) के साथ STF ने पकड़ा। उसे मुजफ्फरनगर से गिरफ्तार किया गया। आइए जानते हैं कि आरोपी जावेद कौन है?
जानकारी के अनुसार, आरोपी जावेद मिमलाना रोड रामलीला टीला, थाना कोतवाली नगर मुजफ्फरनगर का निवासी है। उसे काली नदी पुल, चरथावल रोड थानाक्षेत्र कोतवाली नगर से एसटीएफ ने गिरफ्तार किया। पूछताछ में जावेद ने बताया कि उसकी मां का नाम नीतू है। वह जो नेपाल में लाजीम पार्ट, खरसानी ताल, काठमांडू की रहने वाली है।
7वीं तक की है पढ़ाई
जब उसके पिता नेपाल घूमने गए थे, तो वहीं उनकी नीतू से जान-पहचान हुई और उन्होंने शादी कर ली। उसके दो भाई और एक बहन है। आरोपी जावेद का जन्म नेपाल में ही हुआ था। जावेद के अनुसार, उसका भाई न्यूयार्क के शॉपिंग स्टोर पर काम करता है। जबकि बहन की शादी नेपाल में हुई है। जावेद 7वीं तक नेपाल में ही पढ़ा है। इसके बाद वह अपने दादा के यहां मुजफ्फरनगर आ गया।
https://twitter.com/MeghUpdates/status/1758418180471673185
बमों को किया गया निष्क्रिय
जानकारी के अनुसार, आरोपी के पास मौजूद नीले बैग में रखे शूज के डिब्बे में बम मिला। बम डिस्पोजल स्क्वाड, आईबी, इंटेलीजेंस, एटीएस के साथ-साथ स्थानीय अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर ये कार्रवाई की। बम डिस्पोजल स्क्वाड ने बमों को निष्क्रिय कर किसी भी अप्रत्याशित घटना को होने से रोक लिया।
मराना के कहने पर किए थे बम तैयार
आरोपी ने पूछताछ में बताया कि 4 बोतल बम आईईडी है। बोतल में गन पाउडर-999 के साथ ही रुई, पीओपी और लोहे की छोटी गोलियां मिलीं। जावेद ने ये भी बताया कि उसने बाबरी, जनपद शामली की रहने वाली इमराना के कहने पर ये बम तैयार किए थे। आरोपी ने डॉक्टरों से ग्लूकोज की बोतलें और लोहे की गोलियां साइकिल की दुकान और घड़ी की मशीन से उपकरणों का इंतजाम किया।
https://twitter.com/vpsingh_in/status/1758491544850743446
बम के ऑर्डर के साथ इमराना ने 10 हजार रुपये एडवांस में दिए। पूरी डील 50 हजार रुपये में हुई। जब जावेद इमराना को बम पहुंचाने जा रहा था तब रास्ते में ही उसकी गिरफ्तारी कर ली गई।
चाचा के पास सीखा बारूद का काम
आरोपी ने पूछताछ में बताया कि उसके चाचा मोहम्मद इमरान अरर्शी मिमलाना रोड, रामलीला टीला में पटाखे बनाने का काम करते हैं। उसने उनके यहां रहकर बारूद और बोतल बम (आईईडी) बनाने का काम सीखा। इसके साथ ही उसने अन्य जानकारी यूटयूब और इंटरनेट से जुटाई। हालांकि इन टाइमर बोतल बम (आईईडी) का कहां प्रयोग करना था, इसके बारे में उसे नहीं पता। इसके बारे में इमराना ही जानती है। आरोपी के खिलाफ थाना कोतवाली नगर, मुजफ्फरनगर में विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।
ये भी पढ़ें: स्मृति ईरानी ने अमेठी की जनता से कौन-सा वादा किया था, जो अब होगा पूरा
Who is Javed Timer Bomb Mastermind: देश में आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के मंसूबों को सुरक्षा बलों की ओर से लगातार नाकाम किया जा रहा है। इसी कड़ी में यूपी एसटीएफ ने टाइमर बम बनाने वाले मास्टरमाइंड जावेद को गिरफ्तार कर लिया। खास बात यह है कि उसे 4 टाइमर बोटल बम (IED) के साथ STF ने पकड़ा। उसे मुजफ्फरनगर से गिरफ्तार किया गया। आइए जानते हैं कि आरोपी जावेद कौन है?
जानकारी के अनुसार, आरोपी जावेद मिमलाना रोड रामलीला टीला, थाना कोतवाली नगर मुजफ्फरनगर का निवासी है। उसे काली नदी पुल, चरथावल रोड थानाक्षेत्र कोतवाली नगर से एसटीएफ ने गिरफ्तार किया। पूछताछ में जावेद ने बताया कि उसकी मां का नाम नीतू है। वह जो नेपाल में लाजीम पार्ट, खरसानी ताल, काठमांडू की रहने वाली है।
7वीं तक की है पढ़ाई
जब उसके पिता नेपाल घूमने गए थे, तो वहीं उनकी नीतू से जान-पहचान हुई और उन्होंने शादी कर ली। उसके दो भाई और एक बहन है। आरोपी जावेद का जन्म नेपाल में ही हुआ था। जावेद के अनुसार, उसका भाई न्यूयार्क के शॉपिंग स्टोर पर काम करता है। जबकि बहन की शादी नेपाल में हुई है। जावेद 7वीं तक नेपाल में ही पढ़ा है। इसके बाद वह अपने दादा के यहां मुजफ्फरनगर आ गया।
बमों को किया गया निष्क्रिय
जानकारी के अनुसार, आरोपी के पास मौजूद नीले बैग में रखे शूज के डिब्बे में बम मिला। बम डिस्पोजल स्क्वाड, आईबी, इंटेलीजेंस, एटीएस के साथ-साथ स्थानीय अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर ये कार्रवाई की। बम डिस्पोजल स्क्वाड ने बमों को निष्क्रिय कर किसी भी अप्रत्याशित घटना को होने से रोक लिया।
मराना के कहने पर किए थे बम तैयार
आरोपी ने पूछताछ में बताया कि 4 बोतल बम आईईडी है। बोतल में गन पाउडर-999 के साथ ही रुई, पीओपी और लोहे की छोटी गोलियां मिलीं। जावेद ने ये भी बताया कि उसने बाबरी, जनपद शामली की रहने वाली इमराना के कहने पर ये बम तैयार किए थे। आरोपी ने डॉक्टरों से ग्लूकोज की बोतलें और लोहे की गोलियां साइकिल की दुकान और घड़ी की मशीन से उपकरणों का इंतजाम किया।
बम के ऑर्डर के साथ इमराना ने 10 हजार रुपये एडवांस में दिए। पूरी डील 50 हजार रुपये में हुई। जब जावेद इमराना को बम पहुंचाने जा रहा था तब रास्ते में ही उसकी गिरफ्तारी कर ली गई।
चाचा के पास सीखा बारूद का काम
आरोपी ने पूछताछ में बताया कि उसके चाचा मोहम्मद इमरान अरर्शी मिमलाना रोड, रामलीला टीला में पटाखे बनाने का काम करते हैं। उसने उनके यहां रहकर बारूद और बोतल बम (आईईडी) बनाने का काम सीखा। इसके साथ ही उसने अन्य जानकारी यूटयूब और इंटरनेट से जुटाई। हालांकि इन टाइमर बोतल बम (आईईडी) का कहां प्रयोग करना था, इसके बारे में उसे नहीं पता। इसके बारे में इमराना ही जानती है। आरोपी के खिलाफ थाना कोतवाली नगर, मुजफ्फरनगर में विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।
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