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नीतीश-नायडू के साथ आसान नहीं होगी BJP-NDA सरकार की राह? 5 पॉइंट में जानें कैसे होगी मुश्किल

Nitish Kumar Chandrababu Naidu NDA BJP INDIA Alliance: नीतीश कुमार और चंद्रबाबू नायडू के साथ BJP NDA सरकार की राह आसान नहीं होगी? दोनों शख्स NDA और INDIA अलायंस के लिए किंगमेकर साबित हो सकते हैं, लेकिन दोनों का दोनों पार्टियों को खास ध्यान रखना होगा।

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Lok Sabha Election Result 2024 Analysis: लोकसभा चुनाव 2024 की मतगणना के नतीजों ने काफी चौंकाया है। इस बार लोकसभा चुनाव में भाजपा के नेतृत्व वाले NDA को पूर्ण बहुमत मिला है, लेकिन सरकार बनाने के बाद भाजपा को सहयोगी दलों का खास ध्यान रखना पड़ेगा। NDA को 295 सीटें मिली हैं। कांग्रेस के INDIA अलायंस को 242 सीटें मिली हैं।

दोनों अलायंस के लिए इस समय बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू सबसे अहम कड़ी हैं। दोनों शख्स दोनों अलायंस के लिए सरकार बनाने में ‘किंगमेकर’ साबित हो सकते हैं। दोनों चाहें तो देश में कांग्रेस-INDIA अलायंस की सरकार बन जाए। यह दोनों चाहें तो BJP NDA की पूर्ण बहुमत वाली सरकार बन जाए, लेकिन BJP NDA सरकार की राह नीतीश-नायडू के साथ आसान नहीं होगी।

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दोनों के साथ खराब रहे भाजपा के संबंध

राजनीतिक इतिहास की बात करें तो TDP प्रमुख एन चंद्रबाबू नायडू और JD(U) प्रमुख नीतीश कुमार के साथ भाजपा के संबंध खराब रहे हैं। गठबंधन सरकार में सामाजिक क्षेत्र या आर्थिक क्षेत्र में किसी भी तरह के बड़े सुधार की कोई गुंजाइश नहीं है। 10 साल बाद भाजपा लोकसभा चुनाव में बहुमत से चूक गई, लेकिन सहयोगी दलों के साथ NDA गठबंधन सरकार बनाने की राह पर है, लेकिन यह गठबंधन सहयोगियों TDP और JD(U) पर निर्भर करेगा, जो भविष्य में अहम फैसलों और प्रोजेक्टों को लेकर भाजपा से असहमत हो सकते हैं।

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खासकर एक देश एक चुनाव, परिसीमन (Delimitation) और समान नागरिक संहिता (CAA) जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर। नई सरकार से यह अपेक्षा की जा रही थी कि वह एक राष्ट्र एक चुनाव की टैगलाइन के तहत एक साथ चुनाव कराने की तैयारी करेगी, जो स्वयं नरेंद्र मोदी का ड्रीम प्रोजेक्ट है, लेकिन नई सरकार में नए सहयोगियों के साथ इस प्रोजेक्ट को पूरा करना शायद संभव न हो, क्योंकि एक राष्ट्र एक चुनाव लागू करने को लेकर मतभेद हो सकते हैं।

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जानें क्यों और कैसे बिगड़े संभले रिश्ते?

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, 2018 में, आंध्र प्रदेश को विशेष राज्य का दर्जा न मिलने पर TDP ने मोदी सरकार का हिस्सा होने के बावजूद भाजपा के साथ गठबंधन तोड़ दिया था। इससे उनके रिश्ते इतने खराब हो गए थे कि नायडू ने मोदी को ‘कट्टर आतंकवादी’ तक कह दिया था। 2019 के लोकसभा चुनाव के बाद नायडू ने भाजपा के साथ अपने संबंधों को फिर से बहाल करने के प्रयास किए, लेकिन इसके बावजूद, भाजपा ने उन्हें NDA में शामिल नहीं किया।

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, जो अटल बिहारी वाजपेयी सरकार का हिस्सा थे, ने सबसे पहले 2014 में मोदी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित करने के कदम पर आपत्ति जताई तो भाजपान ने JD(U) के साथ अपने संबंध तोड़ लिए थे। बाद में वे NDA में वापस आ गए, लेकिन 2022 में उन्होंने फिर से संबंध तोड़ लिए और RJD-कांग्रेस के साथ मिलकर राज्य सरकार बना ली, लेकिन इस साल की शुरुआत में ही वे फिर से NDA में वापस आ गए।

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First published on: Jun 05, 2024 08:24 AM

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About the Author

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.

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