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‘किसी व्यक्ति के हाथ का खिलौना न बनें Gen Z’, राहुल गांधी के कार्यक्रम से पहले भाजपा की अपील

Rahul Gandhi: राहुल गांधी का मशहूर इवेंट छात्रों की गूंज इस बार 19 सितंबर 2026 को इंदौर में होने जा रहा है, लेकिन इससे पहले बीजेपी ने भी अपनी तरफ से सियासी तैयारी शुरू कर दी हैं. भाजपा प्रदेश प्रवक्ता ने कहा है कि जेन जी को किसी भी शख्स की बातों में नहीं आना चाहिए.

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Chhatron Ki Goonj In Indore: मध्यप्रदेश में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी ने सोमवार को कहा कि ‘जेन-जी’ की समस्याओं के हल के लिए वो तत्पर है और नयी पीढ़ी को कथित साजिशों के जाल में फंसकर किसी शख्स के हाथ का खिलौना नहीं बनना चाहिए. भाजपा ने लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के इंदौर में 19 सितंबर को होने वाले ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम की उल्टी गिनती शुरू होने के बीच यह अपील की है.

पेपर लीक बड़ा मुद्दा

इस विद्यार्थी संवाद अभियान के तहत गांधी भाजपा को पेपर लीक, महंगी शिक्षा, सरकारी भर्तियों में अनियमितताओं और बेरोजगारी जैसे मुद्दों पर घेरने कोशिश कर रहे हैं. ‘जेन-जी’ से मतलब उन युवाओं से जिनका जन्म वर्ष 1997 से 2012 के बीच हुआ है.

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‘छात्रों के साथ भाजपा’

प्रदेश भाजपा प्रवक्ता उषा ठाकुर ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर पिछले दिनों हुए छात्र आंदोलन का जिक्र करते हुए संवाददाताओं से कहा, ‘हमारे नेतृत्व ने बच्चों की बात सुनी. उनकी समस्याओं का जो समाधान ढूंढना है, हम वह अवश्य ढूंढेंगे. विद्यार्थियों की मांगें सुनकर उनके समाधान के लिए पूरी भाजपा तत्पर है.’

मर्यादा में रहने की अपील

उन्होंने कहा,’…पर जेन-जी से बस इतनी अपेक्षा है कि आप मर्यादा में रहकर और संस्कृति-संस्कारों के साथ बात करें. आप किसी व्यक्ति के हाथ का खिलौना न बनें और साजिश का शिकार न हों क्योंकि जिस प्रकार से उस छात्र आंदोलन में अराजक तत्व घुसे थे, यह पूरे देश ने देखा था.’

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‘राहुल पर निशाना’

ठाकुर ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि वो इन दिनों युवाओं से संवाद के नाम पर अभियान चला रहे हैं, लेकिन जिन राज्यों में कांग्रेस या उसके सहयोगी दलों की सरकारें हैं, वहां विद्यार्थियों के मुद्दों पर उनका रवैया एकदम अलग रहा है. उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के लिए गांधी की संवेदनशीलता हर जगह एक जैसी होनी चाहिए.

प्रदेश भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष संविधान की बातें जरूर करते हैं, लेकिन संविधान के प्रति उनमें रत्ती भर भी आस्था नहीं है. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस की पिछली सरकारों में तमाम संविधान संशोधन निजी स्वार्थों और व्यक्तिगत हितों की वजह से किए गए थे और राष्ट्रहित का एक अदद कानून तक नहीं बनाया गया था.

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First published on: Sep 14, 2026 10:31 PM

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