Teesri Begum: कुछ फिल्में ऐसी होती हैं, तो समाजिक मुद्दों को ढंग से पेश करती हैं. फिल्ममेकर के.सी. बोकाडिया ने एक बार फिर सामाजिक मुद्दे पर एक फिल्म बनाई है, जिसका नाम है ‘तीसरी बेगम’. इस फिल्म में समाल के संवेदनशील मुद्दे दिखाए गए हैं. आइए जानते हैं कि आखिर क्या है इस फिल्म की कहानी? और इसे कहां देख सकते हैं?
क्या है फिल्म की कहानी?
फिल्म ‘तीसरी बेगम’ की बात करें तो ये एक सोशल ड्रामा फिल्म है, जो पूजा दीक्षित नाम की एक साधारण लड़की के इर्द-गिर्द घूमती है. इस फिल्म में दिखाया गया है कि कैसे शादी के बाद पूजा की लाइफ अचानक से बदल जाती है और उसके पति बब्बन खान की पहले से दो पत्नियां मौजूद हैं.
फिल्म का दिलचस्प मोड़
इतना ही नहीं बल्कि फिल्म में आपको देखने मिलेगा कि पूजा का नाम बदलकर नगमा रख दिया गया है. पूजा के बदले नाम से उसकी पहचान और अस्तित्व दोनों पर ही सवाल खड़े हो जाते हैं. अब आपको लग रहा होगा कि ये कहानी केवल दर्द और धोखे से भरी है, लेकिन ऐसा नहीं है क्योंकि फिल्म में दिलचस्प मोड़ तब आता है, जब पूजा की मुलाकात अपने पति की दूसरी पत्नियों शबाना और तबस्सुम से होती है.
लखनऊ और बनारस में हुई शूटिंग
शबाना और तबस्सुम से मिलने के बाद फिल्म में क्या होता है, इसके लिए आप इस फिल्म को देख सकते हैं. ये फिल्म कई सामाजिक सवाल उठाती है. साथ ही रिश्तों के भीतर छिपे शोषण को भी सामने लाने की कोशिश करती है. बता दें कि इस फिल्म की शूटिंग लखनऊ और बनारस की लोकेशनों पर की गई है.
कहां देखें?
इसी के साथ अगर फिल्म की कास्ट की बात करें तो इस फिल्म में मुग्धा गोडसे, कायनात अरोड़ा, जरीना वहाब, रचना श्याम और केविन गांधी ने कमाल का काम किया है. अगर आप भी सामजिक मुद्दों पर बनी फिल्मों के शौकीन हैं, तो थिएटर में जाकर इसे देख डालिए. फिल्म देखकर आपको समाज की असलियत का पता लगेगा.
यह भी पढ़ें- आखिर कौन हैं युधवीर अहलावत, जिन्होंने बड़े-बड़े सुपरस्टार्स को पछाड़ा, क्यों रही इनकी इतनी चर्चा?
Teesri Begum: कुछ फिल्में ऐसी होती हैं, तो समाजिक मुद्दों को ढंग से पेश करती हैं. फिल्ममेकर के.सी. बोकाडिया ने एक बार फिर सामाजिक मुद्दे पर एक फिल्म बनाई है, जिसका नाम है ‘तीसरी बेगम’. इस फिल्म में समाल के संवेदनशील मुद्दे दिखाए गए हैं. आइए जानते हैं कि आखिर क्या है इस फिल्म की कहानी? और इसे कहां देख सकते हैं?
क्या है फिल्म की कहानी?
फिल्म ‘तीसरी बेगम’ की बात करें तो ये एक सोशल ड्रामा फिल्म है, जो पूजा दीक्षित नाम की एक साधारण लड़की के इर्द-गिर्द घूमती है. इस फिल्म में दिखाया गया है कि कैसे शादी के बाद पूजा की लाइफ अचानक से बदल जाती है और उसके पति बब्बन खान की पहले से दो पत्नियां मौजूद हैं.
फिल्म का दिलचस्प मोड़
इतना ही नहीं बल्कि फिल्म में आपको देखने मिलेगा कि पूजा का नाम बदलकर नगमा रख दिया गया है. पूजा के बदले नाम से उसकी पहचान और अस्तित्व दोनों पर ही सवाल खड़े हो जाते हैं. अब आपको लग रहा होगा कि ये कहानी केवल दर्द और धोखे से भरी है, लेकिन ऐसा नहीं है क्योंकि फिल्म में दिलचस्प मोड़ तब आता है, जब पूजा की मुलाकात अपने पति की दूसरी पत्नियों शबाना और तबस्सुम से होती है.
लखनऊ और बनारस में हुई शूटिंग
शबाना और तबस्सुम से मिलने के बाद फिल्म में क्या होता है, इसके लिए आप इस फिल्म को देख सकते हैं. ये फिल्म कई सामाजिक सवाल उठाती है. साथ ही रिश्तों के भीतर छिपे शोषण को भी सामने लाने की कोशिश करती है. बता दें कि इस फिल्म की शूटिंग लखनऊ और बनारस की लोकेशनों पर की गई है.
कहां देखें?
इसी के साथ अगर फिल्म की कास्ट की बात करें तो इस फिल्म में मुग्धा गोडसे, कायनात अरोड़ा, जरीना वहाब, रचना श्याम और केविन गांधी ने कमाल का काम किया है. अगर आप भी सामजिक मुद्दों पर बनी फिल्मों के शौकीन हैं, तो थिएटर में जाकर इसे देख डालिए. फिल्म देखकर आपको समाज की असलियत का पता लगेगा.
यह भी पढ़ें- आखिर कौन हैं युधवीर अहलावत, जिन्होंने बड़े-बड़े सुपरस्टार्स को पछाड़ा, क्यों रही इनकी इतनी चर्चा?