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Budget Expectation: सस्‍ता एजुकेशन, लोन और स्‍क‍िल डेवलपमेंट… श‍िक्षा क्षेत्र को क्‍या है बजट से उम्‍मीदें

पढ़ेगा इंड‍िया, तभी तो बढ़ेगा इंड‍िया... ये टैग लाइन सुनी होगी आपने. वास्‍तव‍िकता में इंड‍िया का युवा तब पढ़ पाएगा, जब पढ़ाई सस्‍ती होगी. ऐसे में श‍िक्षा जगत को इस बार बजट से क्‍या-क्‍या उम्‍मीदें हैं, आइये जानते हैं...

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Budget 2026 Expectation: क‍िसी भी देश के व‍िकास के ल‍िए श‍िक्षा एक फाउंडेशन की तरह काम करता है. लेक‍िन आज एजुकेशन स‍िस्‍टम और सेक्‍टर दोनों ही बहुत बदल गए हैं. इस बदलाव के साथ श‍िक्षा के क्षेत्र की जरूरतें भी बदल गई हैं. आज के श‍िक्षा क्षेत्र को स‍िर्फ क‍िताबों की नहीं, बल्‍क‍ि एडवांस AI की भी जरूरत है. स्‍क‍िल डेवलपमेंट से लेकर एम्‍प्‍लॉयब‍िलि‍टी आद‍ि जैसी चीजों पर भी ध्‍यान देना जरूरी है. लि‍हाजा, इस बार बजट से एजुकेशन सेक्‍टर को बहुत सी ऐसी उम्‍मीदें हैं, जो उन्‍हें कई आयामों पर आगे लेकर जाएंगी. आइये जानते हैं क‍ि इस बार श‍िक्षा क्षेत्र की बजट से क्‍या-क्‍या उम्‍मीदें हैं:

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क्‍या है एजुकेशन सेक्‍टर की बजट से उम्‍मीदें

उच्च शिक्षा और स्किल डेवलपमेंट
सस्ता एजुकेशन लोन:
मध्यम वर्ग के परिवारों के लिए शिक्षा ऋण (Education Loan) की ब्याज दरों को कम करने और छात्रवृत्ति (Scholarship) का दायरा बढ़ाने की मांग की गई है.

इंटर्नशिप और जॉब रेडी स्किल्स: बजट 2025 की ‘इंटर्नशिप स्कीम’ को और विस्तार देते हुए कॉर्पोरेट और शिक्षण संस्थानों के बीच तालमेल बिठाने के लिए इंसेंटिव की उम्मीद है.

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GST में कटौती की मांग
18% से 5% का सफर: अभ्‍ीा शैक्षिक सेवाओं और किताबों से जुड़े कई इनपुट्स पर 18% GST लगता है. एजुकेशन सेक्‍टर ने डिजिटल लर्निंग टूल्स और रिसर्च उपकरणों पर इसे घटाकर 5% करने की मांग की है ताकि पढ़ाई सस्ती हो सके.

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AI और डिजिटल लर्निंग पर फोकस
सरकार ने 2026-27 सेशन से कक्षा 3 से ऊपर के छात्रों के लिए AI पाठ्यक्रम अनिवार्य करने की योजना बनाई है. बजट से इसके लिए इंफ्रास्ट्रक्चर और डिजिटल लैब बनाने के ल‍िए खास फंड की उम्मीद है.

क्षेत्रीय भाषाओं में कंटेंट उपलब्‍ध कराने की भी कोश‍िश की जा सकती है. डिजिटल लर्निंग को स्थानीय भाषाओं में उपलब्ध कराने के लिए एडटेक स्टार्टअप्स को टैक्स में छूट मिल सकती है.

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First published on: Jan 24, 2026 08:35 PM

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About the Author

Vandana Bharti

वन्‍दना भारती News 24 में बतौर ड‍िप्‍टी न्‍यूज एडिटर कार्यरत हैं और मौजूदा समय में बिजनेस डेस्‍क संभाल रही हैं. वन्दना News 24 के लिए स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस, कमोडिटी मार्केट, सरकारी योजनाओं पर खबरें लिखती हैं. वन्‍दना ने अपने करियर की शुरुआत दैन‍िक जागरण अखबार से की. इसके बाद देशबंधु अखबार में उन्होंने ब‍िजनेस रिपोर्टिंग में अपनी विशेषज्ञता विकसित की. साल 2010 में उन्होंने ह‍िन्‍दुस्‍तान अखबार में अपनी सेवाएं दीं, जहां उन्होंने ब‍िजनेस पेज के लिए 6 साल तक काम किया. वन्‍दना, आजतक डिजिटल, India.com और News18.com जैसे न्यूज प्लेटफॉर्म्स में बिजनेस डेस्क से जुड़ी रही हैं. वन्दना ने दिल्ली विश्वविद्यालय से बीकॉम किया है. कॉमर्स बैकग्राउंड होने के कारण उनकी बिजनेस की खबरों में अच्छी पकड़ है और इन खबरों को वह आसान भाषा में यूजर्स तक पहुंचाती हैं. कितने साल का अनुभव: 18 साल योग्यता: शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बी.कॉम और नई द‍िल्‍ली के YMCA संस्‍थान से पत्रकार‍िता में पीजीडीएमए की डिग्री प्राप्त की है.

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