---विज्ञापन---

दुनिया

मिडिल ईस्ट में ‘महाविनाश’ की दस्तक, ईरान पर ‘अंतिम प्रहार’ की तैयारी, क्या है ट्रंप का प्लान-Z और 4 बड़े टारगेट?

Middle East War: अमेरिका ने ईरान युद्ध खत्म करने की तैयारी कर ली है। इसके लिए ईरान पर आखिरी हमला किया जाना है। ट्रंप का प्लान और टारगेट क्लीयर हैं। ईरान को आखिरी चेतावनी भी दी जा चुकी है। बस ईरान की प्रतिक्रिया का इंतजार है और उसके बाद जो होगा, पूरी दुनिया चौंक जाएगी।

US-Israel Iran War New Update: मिडिल ईस्ट में अब महाविनाश हो सकता है। क्योंकि अमेरिका ने ईरान पर अंतिम प्रहार करने की तैयारी कर ली है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान को आखिरी चेतावनी भी दे चुके हैं कि अगर होर्मुज स्ट्रेट को खोला नहीं गया तो वे ईरान के तेल और गैस प्लांट को उड़ा देंगे। खर्ग आइलैंड पर भी कब्जा कर लेंगे। ईरान पर जमीनी हमले करने का ट्रंप का प्लान और उनके टारगेट भी क्लीयर हो चुके हैं, सेना बस ट्रंप के इशारे का इंतजार कर रही है।

यूरेनियम के लिए अमेरिकी सेना जमीनी हमले करेगी

बता दें कि राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान से बातचीत कर रहे अपने दूतों को साफ कह दिया है कि ईरान कोई और शर्त माने या न माने, यूरेनियम अमेरिका का सौंपने की शर्त माननी होगी। ईरान के पास 60 प्रतिशत संवर्धित यूरेनियम है, जो अभी तो उसने मलबे के नीचे कहीं दबाया हुआ है, लेकिन अगर उसे निकालकर इस्तेमाल किया गया तो परमाणु बम बनाए जा सकते हैं और अमेरिका ऐसा कभी नहीं होने देगा, इसके लिए चाहे कोई भी कीमत चुकानी पड़े। दुनिया के भले के लिए ईरान को झुकाना ही होगा।

---विज्ञापन---

21 युद्धपोत, 3500 कमांडो, 50000 सैनिक… फिर भी ईरान का 440 किलो यूरेनियम जब्त नहीं कर पाएंगे ट्रंप, जानें क्यों?

मिडिल ईस्ट में 10000 कमांडो और बुलाने की तैयारी

बता दें कि अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने मध्य पूर्व में 21 छोटे-बड़े युद्धपोत तैनात कर रखे हैं। इन युद्धपोतों पर 50000 सैनिक हथियारों के भारी-भरकम स्टॉक के साथ ईरान पर हमले के लिए तैयार हैं। इनके अलावा अमेरिका के करीब 3500 मरीन कमांडो भी तैनात हैं, जो बेहद खूंखार प्रवृत्ति के होते हैं। चर्चा है कि ट्रंप मध्य पूर्व में 10000 मरीज कमांडो और बुलाने की तैयारी में हैं, यानी ईरान पर हमले की तैयारी पूरी है, लेकिन हमला कब-कैसे होगा, अभी इसकी कोई जानकारी नहीं आई है।

---विज्ञापन---

अमेरिकी युद्धपोत और सेना कहां और कैसे तैनात हैं?

बता दें कि अगर ईरान पर जमीनी हमला होता है तो होर्मुज स्ट्रेट से लेकर खर्ग द्वीप तक महाविनाश होगा। अमेरिका के 21 युद्धपोत, डेस्ट्रॉयर और एयरक्राफ्ट कैरियर ईरान को घेरे हुए हैं। 10 युद्धपोत अरब सागर में होर्मुज स्ट्रेट के पास तैनात हैं, जबकि 3 युद्धपोत पर्शियन गल्फ में खर्ग द्वीप के पास तैनात हैं। एक असॉल्ट शिप USS ट्रिपोली भी है, जो जमीनी हमले करने में सक्षम है। इसी पर 3500 मरीन कमांडो तैनात हैं, जो खर्ग द्वीप पर और ईरान के न्यूक्लियर प्लांट पर हमला कर सकते हैं।

क्या है ईरान के लिए ट्रंप का ‘प्लान-Z’ और 4 टारगेट?

जमीनी हमले के लिए ट्रंप का पहला टारगेट होर्मुज स्ट्रेट है, जिससे दुनिया का करीब 20 प्रतिशत कच्चा तेल सप्लाई होता है, लेकिन ईरान ने ब्लॉक किया हुआ है। दूसरा टारगेट ईरान के 12 परमाणु ठिकाने हैं, जहां यूरेनियम को संवर्धित किया जाता है। तीसरा टारगेट, ईरान के 440 किलोग्राम संवर्धित यूरेनियम को जब्त करना है। चौथा टारगेट खर्ग द्वीप है, जहां से ईरान का 90 प्रतिशत कच्चा तेल सप्लाई होता है। यहां करीब 3 करोड़ बैरल तेल स्टोर है और यह ईरान की अर्थव्यवस्था के लिए अहम है।

---विज्ञापन---

‘होर्मुज स्ट्रेट खोलो, वरना…’, ट्रंप ने फिर दी ईरान को धमकी – उड़ा देंगे तेल के कुएं और खार्ग द्वीप

अमेरिका इस तरह प्लान करके सेना जमीन पर उतारेगा

योजना के अनुसार, अमेरिका के 2000 पैराट्रूपर्स हवाई रास्ते से खर्ग द्वीप पर उतारेंगे। 24 से 36 घंटे तक लगातार हवाई हमले किए जाएंगे। पर्शियन गल्फ में तैनात युद्धपोत खर्ग द्वीप पर हमला करेंगे। वहीं ईरान ने खर्ग द्वीप के पास एक लाख सैनिक तैनात किए हुए हैं। इतने ही सैनिक परमाणु ठिकानों के आस-पास तैनात हैं। होर्मुज स्ट्रेट के अंदर जहां UAV ड्रोन बोट्स हें, वहीं माइंस बिछाई हुई हैं। ऐसे में अगर अमेरिका और ईरान की सेना का जमीन पर आमना-सामना होता है तो विनाश तय है।

---विज्ञापन---
First published on: Mar 31, 2026 06:13 AM

End of Article

About the Author

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के IMC&MT इंस्टीट्यूट से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन एवं Mphil कोर्स किया है। पिछले 12 साल से डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में अपनी पहचान बना रही हैं। वर्तमान में BAG Convergence Limited के News 24 Hindi डिजिटल विंग से बतौर चीफ सब एडिटर जुड़ी हैं। यहां खुशबू नेशनल, इंटरनेशनल, लाइव ब्रेकिंग, पॉलिटिक्स, क्राइम, एक्सप्लेनर आदि कवर करती हैं। इससे पहले खुशबू Amar Ujala और Dainik Bhaskar मीडिया हाउस के डिजिटल विंग में काम कर चुकी हैं।

Read More
संबंधित खबरें

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.
Sponsored Links by Taboola