Arif Khan
आरिफ खान मंसूरी को डिजिटल मीडिया में करीब 15 वर्षों का अनुभव है . वर्तमान में न्यूज24 की डिजिटल विंग में कार्यरत हैं. इससे पहले देश के कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम कर चुके हैं.
Read More---विज्ञापन---
समाजवादी पार्टी नेता शिवपाल यादव बुधवार को करीब दस महीने से जेल में बंद आजम खान से मिलने पहुंचे. उन्होंने करीब एक घंटे तक जेल में आजम खान और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम से मुलाकात की. फिर इसके बाद वह आजम खान के घर पहुंचे और उनके परिवार से मिले. इसके बाद सीधे जौहर यूनिवर्सिटी पहुंचे.
शिवपाल का ये रामपुर दौरा 2027 की सियासत के कई संकेत दे गया. लंबे समय बाद सपा के किसी बड़े नेता की आजम खान से ये मुलाकात इसलिए अहम है क्योंकि आजम खान लंबे समय से जेल में हैं और उनकी राजनीतिक सक्रियता भी सीमित है. लेकिन शिवपाल ने मुलाकात के बाद जो संदेश दिया, उसने साफ कर दिया कि आजम खान को लेकर सपा की सियासत में फिर से गर्माहट बढ़ सकती है. उन्होंने आजम खान को लेकर खुलकर साथ खड़े होने का ऐलान किया और जौहर यूनिवर्सिटी को बचाने के लिए सड़क पर उतरने की हुंकार भरी.
यह भी पढ़ें : आजम खान की जौहर यूनिवर्सिटी को राहत! 38 भवन गिराए जाने की कार्रवाई पर लगी रोक
इस मुलाकात के बाद शिवपाल यादव ने कहा कि आजम खान के साथ जुल्म और शोषण हुआ है. उन्होंने कहा कि इतने बड़े नेता को जमीन पर लिटाया जा रहा है और ना ही तो कपड़े और ना ही दवाई दी जा रही है.
शिवपाल यादव ने साथ ही कहा कि यूपी में सपा सरकार बनते ही आजम खान पर हुए एक-एक अत्याचार का बदला लिया जाएगा. आजम खान यूपी का गृह मंत्री बनाए जाएगा और उन पर अत्याचार करने वाले और उनके खिलाफ साजिश रचने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी.
यह भी पढ़ें : ‘चंदा दिया हो तो रसीद दिखाओ…’, UP विधानसभा में ‘चंदा चोर, गद्दी छोड़’ के नारों पर भड़के स्पीकर सतीश महाना
आजम खान से जेल में और उनके परिवार से मिलने के बाद शिवपाल यादव ने जौहर यूनिवर्सिटी पहुंचकर वाइस चांसलर, शिक्षकों और छात्रों से मुलाकात की. करीब आधे घंटे तक विश्वविद्यालय से जुड़े लोगों से बातचीत की. शिवपाल की मुलाकात को सपा की युवा राजनीति से जोड़कर देखा जा रहा है. यानी एक तरफ आजम खान का पुराना मुस्लिम जनाधार, दूसरी तरफ अखिलेश यादव की PDA राजनीति. और अब शिवपाल की तरफ से छात्रों और GEN-Z को जोड़ने का संदेश. 2027 में सपा सिर्फ MY की पुरानी जमीन पर नहीं, युवा वोट की नई जमीन पर भी दांव लगाना चाहती है. जौहर यूनिवर्सिटी को लेकर हाल के दिनों में विवाद और छात्र आंदोलन भी सामने आए हैं, इसलिए यहां शिवपाल की मौजूदगी का राजनीतिक महत्व और बढ़ जाता है.
उत्तर प्रदेश विधानसभा – 403 सीटें
143 सीटों पर मुस्लिम वोटर्स का दबदबा
73 सीटों पर मुस्लिम आबादी 30% से ज्यादा
70 सीटों पर मुस्लिम आबादी 20%-30% के बीच
यूपी में मुस्लिम आबादी – करीब 19.6%
यह भी पढ़ें : ‘शुक्रगुजार हूं कि उन्होंने मेरे बारे में…’ अखिलेश यादव को लेकर बोले आजम खान
पश्चिमी यूपी में आजम खान का दबदबा रहा है. रामपुर – मुरादाबाद – संभल – अमरोहा – बिजनौर -सहारनपुर – शामली – मुजफ्फरनगर इन इलाकों में कई सीटों पर मुस्लिम वोट निर्णायक स्थिति में रहा है.
न्यूज 24 पर पढ़ें उत्तर प्रदेश / उत्तराखंड, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।