Eknath Shinde on Shiv Sena Judgement: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने 16 विधायकों की अयोग्यता से जुड़े मामले पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने आज के फैसले के बाद उद्धव ठाकरे पर बड़ा हमला। उन्होंने कहा कि पार्टी किसी की जागीर नहीं है। आज लोकशाही की जीत हुई है। ये उस शिवसैनिक की जीत है, जो हिंदू हृदय सम्राट बाला साहब ठाकरे के विचारों का झंडा लेकर निकले थे।
एकनाथ शिंदे ने कहा कि सबसे पहले मैं प्रदेश के सभी शिवसैनिकों को हृदय से बधाई देता हूं। आज एक बार फिर लोकतंत्र की जीत हुई है। राज्य के लाखों मतदाताओं ने 2019 में शिवसेना-भाजपा गठबंधन के उम्मीदवारों को वोट दिया था और आज उनकी जीत हुई है। यह एक बार फिर साबित हो गया है कि हम बालासाहेब और धर्मवीर आनंद दिघे के हिंदुत्व विचारों के सच्चे उत्तराधिकारी हैं। आज की जीत सत्य की जीत है। सत्यमेव जयते।
‘भारतीय संविधान और लोकतंत्र की हुई जीत’
शिंदे ने कहा कि आज का नतीजा किसी पार्टी की जीत नहीं, बल्कि भारतीय संविधान और लोकतंत्र की जीत है। लोकतंत्र में बहुमत हमेशा महत्वपूर्ण होता है। मूल पार्टी शिवसेना को चुनाव आयोग ने आधिकारिक तौर पर हमें सौंप दिया है और धनुष-बाण भी हमें सौंप दिया गया है।
‘आज के नतीजों से तानाशाही और वंशवाद टूट गया है’
महाराष्ट्र के सीएम ने कहा कि चुनावी गठबंधनों के अलावा, दूसरों के साथ मिलकर सरकार बनाने की प्रवृत्ति लोकतंत्र के लिए घातक थी। आज के नतीजे के बाद इस तरह की चीजें बंद हो जाएंगी। आज के नतीजों से तानाशाही और वंशवाद टूट गया है. कोई भी पार्टी को अपनी जागीर समझकर अपने मन मुताबिक फैसला नहीं ले सकता।
‘कोई पार्टी प्राइवेट लिमिटेड संपत्ति नहीं है’
शिंदे ने कहा कि आज का निर्णय यह भी मानता है कि कोई पार्टी प्राइवेट लिमिटेड संपत्ति नहीं है। इस फैसले ने इस बात पर प्रकाश डाला है कि लोकतंत्र में राजनीतिक दलों को भी लोकतांत्रिक तरीके से चलाया जाना चाहिए, यहां तक कि पार्टी अध्यक्ष भी मनमानी नहीं कर सकते। उन्होंने कहा कि इस फैसले ने उन नेताओं को सबक सिखाया है, जो सत्ता के लिए विचारों को नष्ट करने, अप्राकृतिक गठबंधन बनाने और विश्वास को कुचलने का जघन्य अपराध करते हैं।
‘कुछ लोग राज्य में अस्थिर माहौल करना चाहते हैं’
महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि हम शुरू से ही कहते रहे हैं कि मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में राज्य में सरकार बनाते समय संवैधानिक और कानूनी प्रक्रियाओं का पूरी तरह से पालन किया गया है और यही कारण है कि यह सरकार मजबूत है। इसीलिए सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में यह भी साफ किया कि इस सरकार को बर्खास्त करने के लिए कोई आदेश जारी करने की जरूरत नहीं है, लेकिन कुछ लोग जानबूझकर और बार-बार सरकार के बारे में गलतफहमियां फैलाकर राज्य में माहौल को अस्थिर करने की कोशिश कर रहे थे।
‘सरकार की स्थिरता पर संदेह करने का कोई कारण नहीं’
देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि स्पीकर ने आज विभिन्न नियमों का हवाला देते हुए जो आदेश दिया है, उसके बाद अब भी सरकार की स्थिरता पर संदेह करने का कोई कारण नहीं है। मैं दोहराता हूं, यह सरकार अपना कार्यकाल पूरा करेगी! मैं मुख्यमंत्री एकनाथराव शिंदे और उनके सहयोगियों को हृदय से बधाई देता हूं।