दिल्ली में जंतर-मंतर पर धरनारत अभिजीत दिपके को टाइफाइड हो गया है. उन्होंने खुद वीडियो जारी करके बीमारी से ग्रस्त होने की जानकारी दी है. अभिजीत दिपके ने वीडियो में बताया कि उन्होंने तबीयत खराब होने पर बीते दिन डॉक्टर से चेकअप कराया तो उन्हों ब्लड सैंपल लिया, जिसकी रिपोर्ट में टाइफाइड का जिक्र है. लेकिन धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक उनका विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा. टाइफाइल हुआ तो क्या, वे अपने लक्ष्य से डगमगाएंगे नहीं.

---विज्ञापन---

28 जून से जंतर-मंतर पर धरनारत अभिजीत

बता दें कि अभिजीत दिपके अपनी पार्टी कॉकरोच जनता पार्टी के बैनर तले 28 जून से दिल्ली में जंतर-मंतर पर धरना दिए हुए है. कॉकरोच जनता पार्टी नीट पेपर लीक और भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ियों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रही है. केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रही है. सरकार के खिलाफ अभिजीत दिपके के विरोध प्रदर्शन को देश के विपक्षी दलों, बॉलीवुड अभिनेता-अभिनेत्रियों, कई जानी-मानी हस्तियों का समर्थन मिल चुका है.

---विज्ञापन---

सोनम वांगचुक खत्म कर चुके भूख हड़ताल

बता दें कि कॉकरोच जनता पार्टी के विरोध प्रदर्शन के अंतर्गत मशहूर सोशल एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक 28 जून से ही भूख हड़ताल पर बैठै थे, लेकिन 26वें दिन उन्होंने अपना अनशन खत्म कर दिया. 19 जुलाई को दिल्ली पुलिस उन्हें उठा ले गई और सफदरजंग अस्पताल में भर्ती करा दिया. दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश पर सोनम को सफदरजंग से गुरुग्राम के मेदांता में भर्ती कराया गया, जहां केंद्र सरकार से लिखित आश्वासन मिलने के बाद उन्होंने अपना अनशन खत्म किया.

---विज्ञापन---

CJP के संसद मार्च पर पुलिस का लाठीचार्ज

बता दें कि 19 जुलाई को सोनम वांगचुक को जबरन उठा ले जाने के बाद अभिजीत दिपके ने संसद मार्च का ऐलान किया. अगले दिन 20 जुलाई को कॉकरोच जनता पार्टी के बैनर तले हजारों प्रदर्शनकारियों ने जंतर-मंतर से संसद के लिए कूच किया, लेकिन कनॉट प्लेस और विजय चौक पर दिल्ली पुलिस ने विरोध प्रदर्शन का दमन किया. पुलिसकर्मियों ने प्रदर्शनकारियों को लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले दागकर खदेड़ दिया, जिससे कई प्रदर्शनकारी घायल भी हुए.

---विज्ञापन---