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सुप्रीम कोर्ट के बाहर ‘जस्टिस क्लॉक’ लगी; जानें क्या है यह घड़ी, क्यों लगाई गई और कैसे करेगी काम?

Justice Clock Latest News: दिल्ली में सुप्रीम कोर्ट के बाहर जस्टिस क्लॉक लग गई है। इस क्लॉक को इंसाफ की घड़ी भी कहा जाता है। इस घड़ी ने आज से ही काम करना भी शुरू कर दिया है। आइए जानते हैं कि इस घड़ी को क्यों लगाया गया है?

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Justice Clock Installed Outside Supreme Court: दिल्ली में सुप्रीम कोर्ट के बाहर ‘जस्टिस क्लॉक’ लग गई है। इसने काम करना भी शुरू कर दिया गया है। यह क्लॉक लोगों को बताएगी कि सुप्रीम कोर्ट में कितने केस पेंडिंग हैं? कितने दिन, महीने और साल पुराने हैं? कब और कितने केस दायर हुए हैं और कितने केसों का निपटारा हो चुका है। ताजा अपडेट के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट में आज 35 नई याचिकाएं दाखिल हुईं, जबकि अब तक 10 मामलों का निपटारा हुआ है। पिछले हफ्ते 667 मामले दायर हुए थे, लेकिन एक भी मामले का निपटारा नहीं हुआ था, क्योंकि दुर्गा पूजा की छुट्टियां थीं।

 

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सभी हाईकोर्ट में जस्टिस क्लॉक लगाने की योजना

बता दें कि जस्टिस कलॉक को इंसाफ की घड़ी भी कहा जाता है। देश में सबसे पहली जस्टिस क्लॉक गुजरात हाईकोर्ट में 17 जनवरी 2022 को लगी थी। सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस DY चंद्रचूड़ ने इस क्लॉक का उद्घाटन किया था। इसके बाद 2 साल में कई कोर्ट में जस्टिस क्लॉक लगाई जा चुकी है। भारत सरकार की योजना देश की सभी हाईकोर्ट में जस्टिस क्लॉक लगाने की है, ताकि न्याय प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे। लोगों को अपनी न्याय व्यवस्था और इंसाफ प्रक्रिया की जानकारी मिलती रहे। इस क्लॉक के आधार पर उच्च न्यायालयों की रैकिंग भी तय होगी। इस रैकिंग के आधार पर न्यायालयों को सम्मानित किए जाने का योजना है। रैंकिंग तय होने से न्यायालयों को तेजी से मामले निपटाने की प्रोत्साहन मिलेगा और पेंडिंग केस निपटेंगे।

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क्या है जस्टिस क्लॉक?

जस्टिस क्लॉक कोई दीवार घड़ी नहीं है, बल्कि यह एक डिजिटल बोर्ड है, जिसमें सॉफ्टवेयर लगा है। इस तरह का बोर्ड लोगों ने बसों, ऑफिसों और शोरूम के बाहर देखा होगा। इस क्लॉक में इंस्टॉल हुए सॉफ्टवेयर को केंद्रीय विधि और न्याय मंत्रालय ने डिजाइन करवाया है। इस सॉफ्टवेयर से सभी उच्च न्यायालय इंटर-कनेक्ट होंगे। इस जस्टिस क्लॉक को हर रोज अपडेटट किया जाएगा। वहीं मंत्रालय की वेबसाइट पर यह सॉफ्टवेयर उपलब्ध रहेगा, जिसमें देशभर की कोर्ट से जुड़ी जानकारियां मिलेंगी। देश के किसी भी राज्य का नाम, किसी भी कोर्ट का नाम, किसी भी जज का नाम और किसी भी केस नंबर डालते ही, सारा रिकॉर्ड डिस्पले हो जाएगा।

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First published on: Oct 15, 2024 01:19 PM

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About the Author

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के IMC&MT इंस्टीट्यूट से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन एवं Mphil कोर्स किया है। पिछले 12 साल से डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में अपनी पहचान बना रही हैं। वर्तमान में BAG Convergence Limited के News 24 Hindi डिजिटल विंग से बतौर चीफ सब एडिटर जुड़ी हैं। यहां खुशबू नेशनल, इंटरनेशनल, लाइव ब्रेकिंग, पॉलिटिक्स, क्राइम, एक्सप्लेनर आदि कवर करती हैं। इससे पहले खुशबू Amar Ujala और Dainik Bhaskar मीडिया हाउस के डिजिटल विंग में काम कर चुकी हैं।

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