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Hindu Mythology Facts: रात में नहीं लिया जाता है इन देवताओं के नाम, जानें रहस्यमयी मान्यताएं और मिथक

Hindu Mythology Facts: हिन्दू धर्म में रात से जुड़ी कई रहस्यमयी मान्यताएं प्रचलित हैं. लोक मान्यताओं में रात में कुछ देवी-देवताओं के नाम लेना वर्जित माना गया है. जानिए इन मान्यताओं और उनसे जुड़े रहस्यमयी मिथक के बारे में.

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Hindu Mythology Facts: हिन्दू धर्म में कई ऐसी मान्यताएं हैं, जो पीढ़ी-दर-पीढ़ी सदियों से बदस्तूर चली या रही हैं. इन्हीं में से एक है रात के समय कुछ खास देवी-देवताओं और दिव्य शक्तियों के नाम न लेने मान्यता. हालांकि, हिन्दू धर्म के ग्रंथों में ऐसा कोइ सख्त नियम है, लेकिन लोक मान्यताओं और तांत्रिक परंपराओं में ऐसा करना वर्जित है. आइए जानते हैं, ये देवी-देवता कौन हैं?

काल भैरव का नाम

भगवान काल भैरव महादेव शिव के उग्र रूप हैं. तांत्रिक परंपराओं में इनकी खूब पूजा होती है. इनके अनेक रूपों में सबसे खतरनाक श्मशान भैरव माने गए हैं. इनकी साधना के नियम बड़े कठोर हैं, इसलिए आम लोगों को रात में इनका नाम लेने से बचने की सलाह दी जाती है.

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नागदेवता का नाम

रात में नागदेवता का नाम भी लेना अशुभ माना गया है. यहां तक की रात में केवल ‘सांप’ कहने पर बड़े-बुजुर्ग डांट लगा देते हैं. लोगों का विश्वास है कि ऐसा करने से आस-पास रहने वाले सर्प अरु विषैले जीवन आकर्षित हो जाते हैं, जो परिवार का नुकसान कर सकते हैं. आपको बता दें कि यह सुरक्षात्मक परंपरा आज भी मानी जाती है.

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यक्ष और अदृश्य शक्तियां

हिन्दू धर्म ग्रंथों में यक्षों को देवतुल्य माना गया है. मान्यता है कि ये छिपे हुए धन की रक्षा करते हैं, लेकिन इनका रूप-आकार काफी विकराल होता है. इनकी पूजा तामसिक तरीके की जाती हैं और ये रात में अधिक सक्रिय होते हैं. इनका भी नाम रात में लेने से मना किया जाता है.

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वेताल शक्ति

हिन्दू मान्यताओं में वेताल वह रहस्यमयी शक्ति है, जो श्मशान, अंधेरी रात और अज्ञात घटनाओं से जुड़ी मानी जाती है. पुराने समाजों में लोग रात में वेताल या ऐसी शक्तियों का नाम लेने से बचते थे. बुजुर्ग आज भी इस परंपरा को निभाते हैं.

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।

First published on: May 19, 2026 04:53 PM

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About the Author

Shyamnandan

साल 2006 में 'सिविल सर्विसेज क्रॉनिकल' मैगजीन से बतौर सब-एडीटर जर्नलिज्म की दुनिया में एंट्री करने वाले श्यामनंदन को लगभग 20 वर्षों का कार्यानुभव है। बनारस हिन्दू यूनिवर्सिटी (BHU) के स्टूडेंट रहे ये हमेशा से एक्सपेरिमेंटल रहे हैं। डिजिटल दुनिया में इनकी पैठ साल 2009 में मोबाइल वैस (Mobile VAS) कंटेंट से हुई। हिंदुस्तान टाइम्स (HT Media), इंडिकस एनालिटिक्स की लाइव मोबाइल (LiveMobile), इंस्टामेज जैसी कंपनियों में मोबाइल प्लेटफॉर्म के लिए काम करते-समझते और जल्द ही कई पायदान लांघते हुए प्रोडक्ट मैनेजर बने। मोबाइल प्लेटफॉर्म की समझ ने इनके एनडीटीवी (NDTV) में जाने का रास्ता आसान बनाया। इनके खाते में एनडीटीवी (NDTV) की 'आस्था' और 'जॉब अलर्ट्स' पेज लॉन्च करने का श्रेय दर्ज है। यहीं से इनकी वास्तविक ऑनलाइन जर्नलिज्म शुरू हुई। इंटरनेशनल रिलेशंस, जियो-पॉलिटिक्स, एनवायरनमेंट, साइंस टेक, एजुकेशन, हेल्थ, लाइफस्टाइल, फैशन और व्यंजन-रेसपी पर काफी लिखने के बाद ये 'धर्म और ज्योतिष' कंटेंट में रम गए। इस विषय को और गहराई से समझने और प्रस्तुत करने लिए इन्होंने भारतीय विद्या भवन (BVB), नई दिल्ली से एस्ट्रोलॉजी का कोर्स कंप्लीट किया। वर्तमान में News24 में धर्म और ज्योतिष सेक्शन के लिए अपनी सेवाएं दे रहे श्यामनंदन, बंसल न्यूज (भोपाल) के 'वेबसाईट हेड' भी रह चुके हैं। इनकी एक बड़ी खासियत है, रणनीति और योजना के साथ आगे बढ़ना। इनको YouTube और Facebook के लिए कंटेंट क्रिएशन और कंटेंट प्रमोशन के साथ-साथ SEO, SMO और SMM की अच्छी समझ है। जहां तक हॉबी की बात है, इनको पटकथा (Screenplay) और गजल लिखने, फिल्म देखने, खाना बनाने और पेंटिंग में विशेष रूचि है। संपर्क करें: 📧 Email: shyam.nandan@bagconvergence.in 🔗 LinkedIn: https://www.linkedin.com/in/shyamnandan-kumar/ 🐦 Twitter/X: @Shyamnandan_K

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साल 2006 में 'सिविल सर्विसेज क्रॉनिकल' मैगजीन से बतौर सब-एडीटर जर्नलिज्म की दुनिया में एंट्री करने वाले श्यामनंदन को लगभग 20 वर्षों का कार्यानुभव है। बनारस हिन्दू यूनिवर्सिटी (BHU) के स्टूडेंट रहे ये हमेशा से एक्सपेरिमेंटल रहे हैं। डिजिटल दुनिया में इनकी पैठ साल 2009 में मोबाइल वैस (Mobile VAS) कंटेंट से हुई। हिंदुस्तान टाइम्स (HT Media), इंडिकस एनालिटिक्स की लाइव मोबाइल (LiveMobile), इंस्टामेज जैसी कंपनियों में मोबाइल प्लेटफॉर्म के लिए काम करते-समझते और जल्द ही कई पायदान लांघते हुए प्रोडक्ट मैनेजर बने। मोबाइल प्लेटफॉर्म की समझ ने इनके एनडीटीवी (NDTV) में जाने का रास्ता आसान बनाया। इनके खाते में एनडीटीवी (NDTV) की 'आस्था' और 'जॉब अलर्ट्स' पेज लॉन्च करने का श्रेय दर्ज है। यहीं से इनकी वास्तविक ऑनलाइन जर्नलिज्म शुरू हुई। इंटरनेशनल रिलेशंस, जियो-पॉलिटिक्स, एनवायरनमेंट, साइंस टेक, एजुकेशन, हेल्थ, लाइफस्टाइल, फैशन और व्यंजन-रेसपी पर काफी लिखने के बाद ये 'धर्म और ज्योतिष' कंटेंट में रम गए। इस विषय को और गहराई से समझने और प्रस्तुत करने लिए इन्होंने भारतीय विद्या भवन (BVB), नई दिल्ली से एस्ट्रोलॉजी का कोर्स कंप्लीट किया। वर्तमान में News24 में धर्म और ज्योतिष सेक्शन के लिए अपनी सेवाएं दे रहे श्यामनंदन, बंसल न्यूज (भोपाल) के 'वेबसाईट हेड' भी रह चुके हैं। इनकी एक बड़ी खासियत है, रणनीति और योजना के साथ आगे बढ़ना। इनको YouTube और Facebook के लिए कंटेंट क्रिएशन और कंटेंट प्रमोशन के साथ-साथ SEO, SMO और SMM की अच्छी समझ है। जहां तक हॉबी की बात है, इनको पटकथा (Screenplay) और गजल लिखने, फिल्म देखने, खाना बनाने और पेंटिंग में विशेष रूचि है। संपर्क करें: 📧 Email: shyam.nandan@bagconvergence.in 🔗 LinkedIn: https://www.linkedin.com/in/shyamnandan-kumar/ 🐦 Twitter/X: @Shyamnandan_K

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