Goga Navami 2026 Today: गोगा नवमी भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि को मनाई जाती है. यह पर्व हर साल कृष्ण जन्माष्टमी के अगले दिन आता है. राजस्थान, उत्तर प्रदेश, हरियाणा समेत उत्तर भारत के लोगों के लिए यह पर्व बेहद खास है. यहां पर गोगा जी महाराज की पूजा-अर्चना की जाती है. गोग नवमी पर राजस्थान के लोकदेवता जाहरवीर गोगा जी की पूजा की जाती है. आज गोगा नवमी के पर्व पर गोगा जी महाराज की पूजा विधि और महत्व के बारे में जानते हैं.
गोगा जी महाराज की पूजा विधि (Goga Ji Puja Vidhi)
गोगा नवमी के पर्व पर आप सुबह स्नान कर साफ वस्त्र पहन लें. इसके बाद गोगा महाराज का ध्यान करते हुए, व्रत और पूजा का संकल्प लें. घर के पूजा स्थान पर हल्दी और चंदन से गोगा जी का तस्वीर बनाएं. परंपरा के अनुसार, इसमें काले रंग भरें. कई जगहों पर मिट्टी से गोग जी की तस्वीर बनाने और गोगा जी महाराज की प्रतिमा की पूजा का चलन भी है.
आप घोड़े पर सवार गोगा जी की मूर्ति का पूजन कर सकते हैं. आप जाहरवीर गोगा जी महाराज को अक्षत और रोली से तिल करें. इसके साथ ही उन्हें खीर, चूरमा और गुलगुले का भोग लगाएं. गोगी जी महाराज से घर-परिवार की रक्षा और सुख-समृद्धि की कामना करें. कई लोक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन भाई रक्षाबंधन के दिन बांधी गई राखियों को खोलकर गोगा जी के चरणों में अर्पित करते हैं.
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गोगा नवमी का महत्व (Goga Navami Significance)
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, गोगा नवमी का पर्व राजस्थान के लोकदेवता गोगा जी महाराज के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है. गोगा जी महाराज को नागों के देवता के रूप में पूजते हैं. गोगा नवमी पर परिवार के सदस्यों के अच्छे स्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए गोगा जी की पूजा करते हैं. आप आज गोगा नवमी पर पूजा करने के साथ ही आरती अवश्य करें.
गोगा जी महाराज की आरती (Goga Ji Maharaj Ki Aarti)
जय गोगा देव हरे, स्वामी जय जाहरवीर हरे।
भक्त जनों के संकट, क्षण में दूर करे।।
जय गोगा देव हरे…
बाछल के गृह जन्मे, जाहरवीर पीरा।
गोरख देव कृपा से, मेटे सब पीरा।।
जय गोगा देव हरे…
शीश पर मुकुट विराजे, कांधे धनुष धारी।
नीले घोड़े असवारी, मूरत अति प्यारी।।
जय गोगा देव हरे…
विषधर नाग नचावे, सर्पों के स्वामी।
दूर करें दुख-दंश, अंतरयामी।।
जय गोगा देव हरे…
जो कोई आरती गावे, शुद्ध मन लावे।
भय और रोग मिटे सब, सुख-संपत्ति पावे।।
जय गोगा देव हरे…
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.