---рд╡рд┐рдЬреНрдЮрд╛рдкрди---

Religion angle-right

Apsara Aali: рдЗрд╕ рдЛрд╖рд┐ рдХреА рдЬрдВрдШрд╛ рд╕реЗ рдЬрдиреНрдореА ‘рдЙрд░реНрд╡рд╢реА’, рдЬрд╛рдиреЗрдВ рдЕрдкреНрд╕рд░рд╛рдУрдВ рдореЗрдВ рд╕рдмрд╕реЗ рд╕реБрдВрджрд░ рдЕрдкреНрд╕рд░рд╛ рдХреА рд░реЛрдЪрдХ рдХрд╣рд╛рдиреА

Apsara Aali: рдЗрдВрджреНрд░ рдХреЗ рдШрдордВрдб рдФрд░ рднреНрд░рдо рдХреЛ рдЪрдХрдирд╛рдЪреВрд░ рдХрд░рдиреЗ рд▓рд┐рдП рдПрдХ рдЛрд╖рд┐ рдиреЗ рдЕрдкрдиреА рдЬрд╛рдВрдШ рдкрд░ рддрд╛рд▓ рдареЛрдХрдХрд░ рд╕реНрд╡рд░реНрдЧ рдХреА рд╕рдмрд╕реЗ рд╕реБрдВрджрд░ рдЕрдкреНрд╕рд░рд╛ рдЙрд░реНрд╡рд╢реА рдХреА рдЙрддреНрдкрддреНрддрд┐ рдХреА рдереАред рдЖрдЗрдП рдЬрд╛рдирддреЗ рд╣реИ рдХрд┐ рдЕрдкреНрд╕рд░рд╛рдУрдВ рдореЗрдВ рд╕рдмрд╕реЗ рд╕реБрдВрджрд░ рдЕрдкреНрд╕рд░рд╛ рдЙрд░реНрд╡рд╢реА рдХреЗ рдЬрдиреНрдо рд╕реЗ рдЬреБреЬреА рдХреА рд░реЛрдЪрдХ рдХрд╣рд╛рдиреА рдХреНрдпрд╛ рд╣реИ?

---рд╡рд┐рдЬреНрдЮрд╛рдкрди---

Apsara Aali: उर्वशी स्वर्ग की सबसे सुंदर अप्सरा है, जिसका उल्लेख रामायण, महाभारत और पुराणों में कई बार हुआ है। उर्वशी को देवताओं के राजा इंद्र के दरबार में एक विशेष स्थान दिया गया था। वह इंद्र की प्रिय अप्सरा थीं और स्वर्ग में सभी अप्सराओं में सबसे प्रसिद्ध थीं। इसकी उत्पत्ति के बारे में कई कथाएं प्रचलित हैं। आइए जानते हैं, उर्वशी के जुड़ी कुछ कथाएं।

ऋषि नारद और उर्वशी की उत्पत्ति

एक कथा के अनुसार, ऋषि नारद तपस्या कर रहे थे। उनकी तपस्या से प्रसन्न होकर देवराज इंद्र ने उन्हें वरदान मांगने को कहा। ऋषि नारद ने इंद्र से एक ऐसी अप्सरा मांगी जो सारी दुनिया की सुंदरियों को मात दे। इंद्र ने उनकी इस इच्छा को पूरा किया और ऋषि नारद की जांघ से एक अत्यंत सुंदर अप्सरा का जन्म हुआ, जिसका नाम उर्वशी रखा गया।

---विज्ञापन---

ये भी पढ़ें: Vastu Shastra: इन 5 पक्षियों की फोटो लगाने से होता है घर में ज्ञान और समृद्धि वास, पैसों से भरी रहती है तिजोरी!

ऋषि नारायण की जंघा से जन्मी उर्वशी

एक दूसरी कथा के अनुसार, नर और नारायण ऋषि रूप में बद्रिकाश्रम में घोर तपस्या में लीन थे। तब देवराज इंद्र को भय हुआ कि कहीं नर और नारायण उनसे स्वर्ग न छीन लें। इंद्र ने उन्हें वरदान मांगने को कहा, जिसे उन्होंने ठुकरा दिया। इसके बाद इंद्रदेव ने कामदेव के साथ रति, वसंत देव, मेनका, रंभा, तिलोत्तमा आदि परम सुंदरी अप्सराओं ऋषियों की तपस्या भंग करने के लिए भेजा।

---विज्ञापन---

Apsara-Urvashi

वसंतदेव ने तपस्या भूमि पर मनमोहक वसंत ऋतु का निर्माण कर दिया। कामदेव-रति के साथ स्वर्ग की अप्सराओं ने कामुक नृत्य-संगीत से नर-नारायण का ध्यान भटकाने का पूरा प्रयास किया, लेकिन वे असफल रहे। यह सब देख नर-नारायण समझ गए कि यह इंद्रदेव का प्रपंच है। तब नारायण ने अपनी जंघा पर ठोक कर एक पूर्ण यौवन से विकसित एक बहद कोमल काया वाली परम सुंदरी को उत्पन्न किया।

---विज्ञापन---

इस अनिंद्य सुंदरी के आगे मेनका, रंभा, तिलोत्तमा आदि अप्सराओं का सौंदर्य फीका पड़ गया। यह देख कर इंद्र बहुत लज्जित हुए और उन्होंने नर-नारायण से क्षमा मांगी। नर-नारायण ने प्रसन्न होकर उस सुंदरी को इंद्र को उपहार में दे दिया और उसका नाम उर्वशी रखा गया। बाद में वह इंद्र की सबसे प्रिय अप्सरा बनी।

उर्वशी और पुरुरवा की प्रेम कहानी

मत्स्य पुराण के अनुसार, उर्वशी को एक अहीर की कन्या बताया गया है। हालांकि, यह कथा उतनी प्रचलित नहीं है जितनी ऋषि नारायण की जांघ से जन्म लेने की कथा। उर्वशी की सबसे प्रसिद्ध कहानी उनका मृत्युलोक के राजा पुरुरवा के साथ प्रेम संबंध है।

---विज्ञापन---

राजा पुरुरवा महाभारत से संबंधित हैं और पांडवों के पूर्वज थे। वे उर्वशी के रूप पर मोहित हो गए थे और दोनों ने एक दूसरे से विवाह कर लिया था। उनसे 10 प्रतापी पुत्र उत्पन्न हुए थे। लेकिन देवताओं के नियमों के अनुसार, अप्सराओं का विवाह मनुष्यों से नहीं हो सकता था। इसलिए उर्वशी को स्वर्ग लौटना पड़ा।

ये भी पढ़ें: Numerology: 25 से 45 की उम्र में धन का अंबार लगा देते हैं इन 3 तारीखों में जन्मे लोग, इनमें कहीं आप भी तो नहीं!

---विज्ञापन---

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।

First published on: Nov 29, 2024 12:59 PM

End of Article

About the Author

Shyamnandan

рд╢реНрдпрд╛рдордирдВрджрди рдкрд┐рдЫрд▓реЗ 20 рд╕реЗ рдЕрдзрд┐рдХ рд╡рд░реНрд╖реЛрдВ рд╕реЗ рдкрддреНрд░рдХрд╛рд░рд┐рддрд╛ рдФрд░ рдХрдВрдЯреЗрдВрдЯ рдХреНрд░рд┐рдПрд╢рди рдХреА рджреБрдирд┐рдпрд╛ рдореЗрдВ рд╕рдХреНрд░рд┐рдп рд╣реИрдВред рд╡рд░реНрддрдорд╛рди рдореЗрдВ рд╡реЗ News24 рдореЗрдВ рдзрд░реНрдо рдФрд░ рдЬреНрдпреЛрддрд┐рд╖ рд╕реЗрдХреНрд╢рди рдХреЗ рд▓рд┐рдП рдЕрдкрдиреА рд╕реЗрд╡рд╛рдПрдВ рджреЗ рд░рд╣реЗ рд╣реИрдВ, рдЬрд╣рд╛рдВ рдЙрдирдХреА рдХреЛрд╢рд┐рд╢ рд░рд╣рддреА рд╣реИ рдХрд┐ рдкрд╛рдардХреЛрдВ рдХреЛ рд╕рдЯреАрдХ, рд╕рд░рд▓ рдФрд░ рдЙрдкрдпреЛрдЧреА рдЬрд╛рдирдХрд╛рд░реА рдорд┐рд▓ рд╕рдХреЗред рдЙрдиреНрд╣реЛрдВрдиреЗ рдмрдирд╛рд░рд╕ рд╣рд┐рдиреНрджреВ рд╡рд┐рд╢реНрд╡рд╡рд┐рджреНрдпрд╛рд▓рдп (BHU) рд╕реЗ рдкрддреНрд░рдХрд╛рд░рд┐рддрд╛ рдореЗрдВ рдПрдо.рдП. рдХреА рдкрдврд╝рд╛рдИ рдХреА рд╣реИ рдФрд░ рднрд╛рд░рддреАрдп рд╡рд┐рджреНрдпрд╛ рднрд╡рди, рдирдИ рджрд┐рд▓реНрд▓реА рд╕реЗ рдЬреНрдпреЛрддрд┐рд╖ рдХрд╛ рд╕рд╛рдВрдЧреЛрдкрд╛рдВрдЧ рдЕрдзреНрдпрдпрди рдХрд┐рдпрд╛ рд╣реИред рд╡реЗ рдЗрд╕ рдХреНрд╖реЗрддреНрд░ рдореЗрдВ рдЧрд╣рд░реА рд╡рд┐рд╢реЗрд╖рдЬреНрдЮрддрд╛ рд░рдЦрддреЗ рд╣реИрдВ рдФрд░ рд╕реНрд╡рдпрдВ рдПрдХ рдкреНрд░рдЧрддрд┐рд╢реАрд▓ рдЬреНрдпреЛрддрд┐рд╖рд╡рд┐рдж рд╣реИрдВ, рдЬреЛ рд╕рд╛рд▓ 2015 рд╕реЗ рдзрд░реНрдо рдФрд░ рдЬреНрдпреЛрддрд┐рд╖ рд╡рд┐рд╖рдп рдкрд░ рд▓рдЧрд╛рддрд╛рд░ рд▓рд┐рдЦ рд░рд╣реЗ рд╣реИрдВред рдзрд╛рд░реНрдорд┐рдХ рдкрд░рдВрдкрд░рд╛рдУрдВ, рд╡реИрджрд┐рдХ рдЬреНрдпреЛрддрд┐рд╖, рдЧреНрд░рд╣-рдЧреЛрдЪрд░, рд░рд╛рд╢рд┐рдлрд▓, рдЕрдВрдХ рдЬреНрдпреЛрддрд┐рд╖, рд╡рд╛рд╕реНрддреБ, рд╕рд╛рдореБрджреНрд░рд┐рдХ рд╢рд╛рд╕реНрддреНрд░, рд╡реНрд░рдд-рддреНрдпреЛрд╣рд╛рд░, рдкреВрдЬрд╛-рдкрджреНрдзрддрд┐ рдФрд░ рдЖрдзреНрдпрд╛рддреНрдорд┐рдХ рд╡рд┐рд╖рдпреЛрдВ рдХреЛ рдЖрд╕рд╛рди рдФрд░ рднрд░реЛрд╕реЗрдордВрдж рднрд╛рд╖рд╛ рдореЗрдВ рдкрд╛рдардХреЛрдВ рддрдХ рдкрд╣реБрдВрдЪрд╛рдирд╛ рдЙрдирдХреА рдкрд╣рдЪрд╛рди рд╣реИред рдбрд┐рдЬрд┐рдЯрд▓ рдореАрдбрд┐рдпрд╛, SEO рдФрд░ рдХрдВрдЯреЗрдВрдЯ рд░рдгрдиреАрддрд┐ рдХреА рдЙрдиреНрд╣реЗрдВ рдЧрд╣рд░реА рдФрд░ рдЕрдЪреНрдЫреА рд╕рдордЭ рд╣реИред

рд╕рдВрдкрд░реНрдХ рдХрд░реЗрдВ: ЁЯУз Email: shyam.nandan@bagconvergence.in ЁЭХАЁЭХЯ ~ LinkedIn:
https://www.linkedin.com/in/shyamnandan-kumar/ ЁЭХП ~ Twitter/X: @Shyamnandan_K ЁЭФ╜ ~ facebook: https://www.facebook.com/shyamnandank73

Read More
---рд╡рд┐рдЬреНрдЮрд╛рдкрди---
рд╕рдВрдмрдВрдзрд┐рдд рдЦрдмрд░реЗрдВ
Sponsored Links by Taboola