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भारत के 15वें उपराष्ट्रपति बने सीपी राधाकृष्णन, जानें वोटों का क्या रहा गणित?

भारत के 15वें उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन बन गए हैं। वह मूल रूप से तमिलनाडू के रहने वाले हैं। अभी तक वह महाराष्ट्र राज्य के राज्यपाल के पद संभाल रहे हैं। 9 सितंबर को सीपी राधाकृष्णन ने 452 वोट हासिल कर यूपीए के बी सुदर्शन रेड्डी को हराया। पढ़िए पूरी रिपोर्ट।

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जगदीप धनखड़ के उपराष्ट्रपति पद से अचानक इस्तीफा देने के बाद से राजनीति में हलचल मच गई थी। इसके बाद से उपराष्ट्रपति चुनाव में आम लोगों की भी दिलचस्पी जाग गई थी। तभी से लोग नए उपराष्ट्रपति का इंतजार कर रहे थे। कई दिनों से जारी इंतजार खत्म हो गया है। भारत को अपना 15वां उपराष्ट्रपति मिल गया है। NDA के सीपी राधाकृष्णन ने जीत हासिल की है। वहीं यूपीए के सुदर्शन रेड्डी को हार का सामना करना पड़ा। उपराष्ट्रपति चुनाव में कुल 767 वोट पड़े। इसमें से सीपी राधाकृष्णन के पक्ष में 452 वोट पड़े।

152 के अंतर से जीता चुनाव

उपराष्ट्रपति पद के लिए कुल 767 वोट पड़े। इसमें से 752 वैलिट वोट रहे और 15 वोट अमान्य साबित हुए। चुनाव में एनडीए के पक्ष से सीपी राधाकृष्णन को 452 वोट मिले। वहीं यूपीए के सुदर्शन रेड्डी को 300 वोट मिले। इस हिसाब से सीपी राधाकृष्णन रेड्डी से 152 वोटों के अंतर से जीत गए।

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यह भी पढ़ें: उपराष्ट्रपति चुनाव में विपक्ष को बड़ा झटका, क्रॉस वोटिंग और 15 इनवैलिड वोटों ने चौंकाया

13 सांसदों ने किया मतदान से परहेज

संसद के दोनों सदनों में कुल 788 सीटें हैं, लेकिन 7 सीटें अभी खाली हैं। 19 सितंबर को उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए 781 सांसदों को मतदान करना था। लेकिन 13 सांसदों ने इससे परहेज किया। इसमें बीजेडी के 7, बीआरएस के 4, अकाली दल के 1, निर्दलीय (सरबजीत सिंह खालसा) 1 शामिल हैं। मतलब चुनाव में कुल 98.20 प्रतिशत मतदान हुआ।

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केंद्रीय मंत्री के आवास पर पहुंचे सीपी राधाकृष्णन

चुनाव आयोग ने सीपी राधाकृष्णन को विजेता घोषित कर दिया है। इसके बाद सीपी राधाकृष्णन केंद्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी के घर पहुंचे हैं। यहां पर बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा, पीएम मोदी भी जोशी के घर पहुंचेंगे। इसके अलावा केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह, किरन रिजिजू, अर्जुनराम मेघवाल, राम मोहन नायडू, संजय झा भी सीपी राधाकृष्णन को बधाई देने पहुंच गए हैं।

यह भी पढ़ें: ‘परिणाम विनम्रतापूर्वक स्वीकार’, उपराष्ट्रपति चुनाव के बाद बी सुदर्शन रेड्डी की पहली प्रतिक्रिया

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कई पदों का अनुभव रखते हैं राधाकृष्णन

सीपी राधाकृष्णन का जन्म 4 मई 1957 को तमिलनाडु के तिरुपुर जिले में हुआ था। उनका राजनीतिक सफर आरएसएस से शुरू हुआ था। साल 1974 में भारतीय जनसंघ की राज्य कार्यकारिणी के सदस्य बने। इसके बाद साल 1996 में भाजपा तमिलनाडु के सचिव बने। इसके बाद 1998 में कोयंबटूर से पहली बार सांसद बने। कई पदों पर आसीन रहने के बाद राधाकृष्णन 18 फरवरी 2023 को झारखंड के राज्यपाल बने। फिर महाराष्ट्र के राज्यपाल का भी पद संभाला।

First published on: Sep 09, 2025 07:27 PM

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About the Author

Raghav Tiwari

राघव तिवारी न्यूज24 में शिफ्ट हेड की भूमिका निभा रहे हैं। यहां टीम प्रबंधन के साथ नेशनल, इंटरनेशनल, राजनीति, क्राइम आदि की खबरें भी कवर करते हैं। इससे पहले ये अमर उजाला, नईदुनिया, नवभारत टाइम्स (NBT) और हिंदुस्तान जैसे प्रतिष्ठित अखबारों में रिपोर्टिंग कर चुके हैं। देवभूमि उत्तराखंड, इंदौर, नोएडा, कानपुर समेत देश के विभिन्न हिस्सों में काम करने की वजह से राघव भिन्न-भिन्न कल्चर, खानपान, व्यवहार, जरूरत की समझ रखते हैं। राघव तिवारी ने कानपुर विश्वविद्यालय से पत्रकारिता एवं जनसंचार में पोस्ट ग्रेजुएशन की शिक्षा पूरी की है। शिकायत और सुझाव के लिए स्वागत है- Mail ID: raghav.tiwari@bagconvergence.in Contact No. 8840671098

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