Covid 19 JN.1: देशभर में कोरोना के नए वैरिएंट जेएन.1 के केस लगातार बढ़ रहे हैं। 21 दिसंबर तक देश में कोविड के जेएन.1 वेरिएंट के 22 मामले सामने आए। वहीं शुक्रवार को भारत में 640 नए कोविड-19 मामले दर्ज किए गए, जिससे संक्रमित लोगों की कुल संख्या 4.50 करोड़ (4,50,07,212) हो गई है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक, एक्टिव केसेज की कुल संख्या 2,669 से बढ़कर 2,997 हो गई है। केरल में मौत का मामला भी सामने आया है। इसे देखते हुए कई राज्यों ने एडवाइजरी जारी कर दी है।
कोविड के संक्रमण की आशंका बढ़ी
जानकारी के अनुसार, यूपी सरकार ने कोविड को देखते हुए नई गाइडलाइन जारी कर दी है। इसके अनुसार, अब खांसी, बुखार और श्वांस रोगियों को कोविड जांच करानी होगी। प्रशासन का मानना है कि क्रिसमस और नव वर्ष की पूर्व संध्या पर होटल, रेस्टोरेंट और मॉल्स में लोगों की भीड़ जुटेगी। ऐसे में कोविड के संक्रमण के प्रसार की आशंका बढ़ गई है।
https://twitter.com/ani_digital/status/1738130050086535274
इसको देखते हुए कोविड प्रोटोकॉल का पालन कराया जाएगा। कोविड के नए वैरिएंट को लेकर शासन ने सभी सरकारी, निजी अस्पतालों के साथ ही सीएमओ को नई गाइडलाइन जारी कर दी है। इसके तहत इंफ्लूएंजा जैसे लक्षणों- खांसी, बुखार और सांस संबंधी बीमारियों की शिकायत लेकर आने वाले मरीजों को कोविड जांच करानी होगी।
https://twitter.com/ANI/status/1737680626244022738
आइसोलेशन में इलाज
पॉजिटिव पाए जाने पर जीनोम सिक्वेंसिंग के लिए नमूना केजीएमयू भेजा जाएगा। नई गाइडलाइन में ये भी कहा गया है कि खांसी, जुकाम, बुखार और श्वांस संबंधी रोगियों पर विशेष तौर पर नजर रखी जाएगी। इन मरीजों की जब तक कोविड रिपोर्ट नहीं आती है तब तक आइसोलेशन में रखकर इलाज किया जाएगा।
https://twitter.com/ANI/status/1738031281282420863
पंजाब सरकार ने भी जारी की एडवाइजरी
बढ़ते मामलों को देखते हुए पंजाब सरकार ने भी हेल्थ एडवाइजरी जारी कर दी है। इसके तहत भीड़भाड़ वाले इलाकों में न जाने की हिदायत दी गई है। साथ ही लोगों से मास्क पहनने की अपील की गई है। एडवाइजरी के मुताबिक लोगों को कोविड-19 की तमाम एसओपी का ध्यान रखना होगा। इसमें ये भी कहा गया है कि लोग खुद से इलाज करने से बचें। अस्पतालों में डॉक्टर्स, मेडिकल स्टाफ और पैरारमेडिकल स्टाफ को मास्क पहनना अनिवार्य कर दिया गया है।
ये भी पढ़ें: Explainer: क्या JN.1 वैरिएंट आपके Holiday Travel पर डालेगा असर? पढ़ें देश और दुनिया में कहां-कहां बढ़ रहे मामले
Covid 19 JN.1: देशभर में कोरोना के नए वैरिएंट जेएन.1 के केस लगातार बढ़ रहे हैं। 21 दिसंबर तक देश में कोविड के जेएन.1 वेरिएंट के 22 मामले सामने आए। वहीं शुक्रवार को भारत में 640 नए कोविड-19 मामले दर्ज किए गए, जिससे संक्रमित लोगों की कुल संख्या 4.50 करोड़ (4,50,07,212) हो गई है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक, एक्टिव केसेज की कुल संख्या 2,669 से बढ़कर 2,997 हो गई है। केरल में मौत का मामला भी सामने आया है। इसे देखते हुए कई राज्यों ने एडवाइजरी जारी कर दी है।
कोविड के संक्रमण की आशंका बढ़ी
जानकारी के अनुसार, यूपी सरकार ने कोविड को देखते हुए नई गाइडलाइन जारी कर दी है। इसके अनुसार, अब खांसी, बुखार और श्वांस रोगियों को कोविड जांच करानी होगी। प्रशासन का मानना है कि क्रिसमस और नव वर्ष की पूर्व संध्या पर होटल, रेस्टोरेंट और मॉल्स में लोगों की भीड़ जुटेगी। ऐसे में कोविड के संक्रमण के प्रसार की आशंका बढ़ गई है।
इसको देखते हुए कोविड प्रोटोकॉल का पालन कराया जाएगा। कोविड के नए वैरिएंट को लेकर शासन ने सभी सरकारी, निजी अस्पतालों के साथ ही सीएमओ को नई गाइडलाइन जारी कर दी है। इसके तहत इंफ्लूएंजा जैसे लक्षणों- खांसी, बुखार और सांस संबंधी बीमारियों की शिकायत लेकर आने वाले मरीजों को कोविड जांच करानी होगी।
आइसोलेशन में इलाज
पॉजिटिव पाए जाने पर जीनोम सिक्वेंसिंग के लिए नमूना केजीएमयू भेजा जाएगा। नई गाइडलाइन में ये भी कहा गया है कि खांसी, जुकाम, बुखार और श्वांस संबंधी रोगियों पर विशेष तौर पर नजर रखी जाएगी। इन मरीजों की जब तक कोविड रिपोर्ट नहीं आती है तब तक आइसोलेशन में रखकर इलाज किया जाएगा।
पंजाब सरकार ने भी जारी की एडवाइजरी
बढ़ते मामलों को देखते हुए पंजाब सरकार ने भी हेल्थ एडवाइजरी जारी कर दी है। इसके तहत भीड़भाड़ वाले इलाकों में न जाने की हिदायत दी गई है। साथ ही लोगों से मास्क पहनने की अपील की गई है। एडवाइजरी के मुताबिक लोगों को कोविड-19 की तमाम एसओपी का ध्यान रखना होगा। इसमें ये भी कहा गया है कि लोग खुद से इलाज करने से बचें। अस्पतालों में डॉक्टर्स, मेडिकल स्टाफ और पैरारमेडिकल स्टाफ को मास्क पहनना अनिवार्य कर दिया गया है।
ये भी पढ़ें: Explainer: क्या JN.1 वैरिएंट आपके Holiday Travel पर डालेगा असर? पढ़ें देश और दुनिया में कहां-कहां बढ़ रहे मामले