Chhath Puja 2022: देशभर में आस्था का पर्व छठ पूजा मनाई जा रही है। चार दिवसीय इस पर्व के तीसरे दिन आज भगवान भास्कर को संध्या में पहला अर्घ्य अर्पित किया गया। कल छठ व्रती सूर्योदय के समय भगवान भास्कर को अर्घ्य देंगी। जिसके बाद पारण के साथ छठ महापर्व का समापन होगा।
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जानकारी के मुताबिक ऐसी मान्यता है कि शाम के समय सूर्य देवता अपनी अर्धांगिनी देवी प्रत्युषा के साथ समय बिताते हैं। इसलिए शाम को डूबते हुए सूर्य को अर्ध्य दिया जाता है। देश में सूर्य को अर्घ्य देने के लिए सूर्यास्त का समय शाम 5 बजकर 38 मिनट पर था और छठ पूजा के चौथे दिन सूर्योदय का समय सुबह 6 बजकर 30 मिनट पर है।
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व्रतियों के मुताबिक नहाय-खाए और खरना के बाद तीसरे दिन व्रतधारियों के लिए काफी महत्वपूर्ण होता है।इस दिन भगवान सूर्य को चढ़ाया जाने वाला भोग बनाया जाता है।
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इस भोग को बनाते समय काफी साफ -सफाई का ध्यान रखा जाता है। सूर्यास्त के दौरान व्रत रखने वाले भक्त सूर्य देव की पूजा की तैयारी करते हैं और टोकरी की पूजा करते हैं।
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Chhath Puja 2022: देशभर में आस्था का पर्व छठ पूजा मनाई जा रही है। चार दिवसीय इस पर्व के तीसरे दिन आज भगवान भास्कर को संध्या में पहला अर्घ्य अर्पित किया गया। कल छठ व्रती सूर्योदय के समय भगवान भास्कर को अर्घ्य देंगी। जिसके बाद पारण के साथ छठ महापर्व का समापन होगा।
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व्रतियों के मुताबिक नहाय-खाए और खरना के बाद तीसरे दिन व्रतधारियों के लिए काफी महत्वपूर्ण होता है।इस दिन भगवान सूर्य को चढ़ाया जाने वाला भोग बनाया जाता है।
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